इज़रायल जिस तरह से लगातार आने दुश्मनों को टार्गेट कर एक-एक कर उनपर हमले कर रहा है। उसे देखकर यही कह सकते है कि अब इज़रायल पीछे मुड़कर देखना वाला नहीं है। ईरान, हिज़्बुल्लाह और हमास के बाद अब इज़रायल ने अपना निशाने यमन के हूती विद्रोहियों को लिया है। इसे देखकर यह कह सकते है की इज़राल इस वक़्त अकेले चार मोर्चे की लड़ाई लड़ रहा है। लेबनान में हिज़्बुल्लाह के ठिकानो को तबाह करने के बाद अब इज़रायल की वायु सेना ने यमन में हूती विद्रोही आतंकवादी समूह के सैन्य ठिकानों पर बड़ा हमला किया है। यमन के रस इस्सा और होदेइदाह इज़रायल की सेना ने इस एयरस्ट्राइक को किया है।
इज़रायली सेना ने हूतियों के ठिकानों को बनाया निशाना
इज़रायल की सेना ने रविवार को इस कारवाई की जानकारी साझा करते हुए अपने बयान में कहा है कि हाल ही में हूती विद्रोही आतंकवादी संगठन ने इज़रायल बेन गुरियन हवाई अड्डे पर बैलिस्टिक मिसाइल से हमला किया था, और ये हमला तब हुआ था जब इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू वहां पहुंच रहे थे।इसी हमले के जवाब आईडीएफ ने दर्जनों विमानों हूतियों के ठिकानों पर हमले किए हैं। सेना ने कहा कि उसने होदेदा शहर में बिजली संयंत्रों और समुद्री बंदरगाह सुविधाओं को टार्गेट बनाकर इस कारवाई को अंजाम दिया गया है।
इज़रायल के रक्षामंत्री ने क्या कहा ?
यमन में हूती विद्रोही आतंकवादी समूह पर इज़रायल द्वारा की गई इस जवाबी कारवाई के बाद रक्षा ने सोशल मीडिया एक्स एकाउंट पर एक तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा कि ""मैंने इजरायली वायुसेना के कमांड और नियंत्रण केंद्र का दौरा किया जहां मैंने आज हूती आतंकवादी संगठन के खिलाफ किए गए हमले का परख की। हमारा पैगाम साफ है कि हमारे लिए कोई भी जगह बहुत दूर नहीं है।"
किन जगहों को सेना ने बनाया था निशाना
यमन में हूती विद्रोही के जिन ठकीनों को इज़रायल ने एयरस्ट्राइक करते हुए निशाना बनाया हैं उन बंदरगाह और बिजली संयंत्र का इस्तेमाल हूती विद्रोही द्वारा ईरानी हथियारों के ट्रांसफ़र के लिए किया जाता था, इन जगहों पर सैन्य आपूर्ति और तेल का भंडारण भी किया जाता है। इस जवाबी कारवाई के बाद इज़रायल सेना ने भी बकायदे एक्स पर पोस्ट करते हुए जानकारी साझा करते हुए लिखा कि "हाल ही में इजरायल के खिलाफ किए गए हमलों के जवाब में भारतीय वायुसेना ने यमन में हौथी आतंकवादी शासन से संबंधित सैन्य ठिकानों पर हमला किया।लक्ष्यों में बिजली संयंत्र और एक बंदरगाह शामिल थे, जिनका उपयोग हौथी द्वारा सैन्य आपूर्ति और तेल के अलावा ईरानी हथियारों को क्षेत्र में स्थानांतरित करने के लिए किया जाता था। पिछले एक साल से, हौथी ईरान के निर्देशन और वित्त पोषण के तहत और इराकी मिलिशिया के सहयोग से इजरायल राज्य पर हमला करने, क्षेत्रीय स्थिरता को कमजोर करने और वैश्विक नौवहन की स्वतंत्रता को बाधित करने के लिए काम कर रहे हैं। आईडीएफ इजरायल राज्य के नागरिकों के लिए सभी खतरों के खिलाफ किसी भी दूरी पर-निकट या दूर -संचालन जारी रखने के लिए दृढ़ है।"
इज़रायल का जवाब देगा हूती ग्रूप
वही इज़रायल के इस हमले के बाद हूती विद्रोही इसका जवाब देने की तैयारी में में सारेया ने कहा है की हूती ग्रुप इस हमले की जवाबी कारवाई करेगा। साथ ही यह भी दावा किया है की गाजा पट्टी और लेबनान के समर्थन में अपनी कार्रवाई को बढ़ाने में उसे संकोच है। ग़ौरतलब है कि इससे पहले हिज़्बुल्लाह के ख़िलाफ़ जारी हमलों के बीच इज़रायल के PM नेतन्याहू ने आफ कर दिया था कि वो हिज़्बुल्लाह को तबाह करके ही मानेंगे और अब जिस तरह से यह कारवाई हुई है। जो साफ़ बता रहा है कि इज़रायल के ख़िलाफ़ आँख उठानों वाली पर उसकी सेना तुरंत और करारा जवाब देने के मूड में है।