Raksha Bandhan 2026: धागे से डिजिटल तक पहुंची राखी, टैप करते ही दिखेंगी भाई-बहन की खास यादें
Rakhi 2026: इस बार सबसे ज्यादा चर्चा स्मार्ट राखियों की हो रही है. कुछ राखियों में ऐसे डिजिटल फीचर दिए गए है, जिनसे भाई-बहन अपनी तस्वीरें और खास यादें जोड़ सकते हैं.
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Rakhi Special 2026: रक्षाबंधन का त्योहार नजदीक आते ही खंडवा के बाजारो में रौनक बढ़ गई है. बॉम्बे बाजार के थोक और खैरची बाजार में तरह-तरह की राखियां दुकानों की शोभा बढ़ा रही हैं. भाई की कलाई पर बांधी जाने वाली राखी अब सिर्फ एक धागा नहीं रह गई है. इसमें फैशन, स्टाइल और अब टेक्नोलॉजी भी शामिल हो गई है. बाजार में 10 रुपये से लेकर 300-400 रुपये तक की राखियां मौजूद हैं. शहर के अलावा आसपास के गांवों और दूसरे जिलों से भी लोग राखियां खरीदने खंडवा पहुंच रहे हैं.
धागे से ब्रेसलेट तक बदला ट्रेंड
पहले राखी का मतलब सुंदर धागा, मोती और भाई-बहन का प्यार हुआ करता था, लेकिन अब इसकी डिजाइन मे काफी बदलाव आया है. बाजार में कलावा और मौली की पारंपरिक राखियों के साथ रुद्राक्ष, मोती, जेम्स स्टोन, मेटल, ईविल आई और ब्रेसलेट स्टाइल की राखियां खूब पसंद की जा रही हैं. खास बात यह है कि कई राखियों को त्योहार के बाद भी ब्रेसलेट की तरह पहना जा सकता है. इससे राखी कुछ दिनों बाद उतारकर रख देने वाली चीज नहीं, बल्कि लंबे समय तक भाई की कलाई का हिस्सा बनी रहती है.
मोबाइल में खुलेंगी भाई-बहन की यादें
इस बार सबसे ज्यादा चर्चा स्मार्ट राखियों की हो रही है. कुछ राखियों में ऐसे डिजिटल फीचर दिए गए है, जिनसे भाई-बहन अपनी तस्वीरें और खास यादें जोड़ सकते हैं. राखी को मोबाइल से टैप या स्कैन करने पर फोन में तस्वीरों और यादों की डिजिटल गैलरी खुल जाती है. सोचिए, भाई की कलाई पर बंधी राखी को मोबाइल से छूते ही बचपन की तस्वीरें या साथ बिताए खास पल सामने आ जाएं. यही भावनात्मक अंदाज इन स्मार्ट राखियों को युवाओं के बीच खास बना रहा है.
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बच्चों के लिए म्यूजिक और कार्टून का क्रेज
बच्चों के लिए भी बाजार में खूब वैरायटी है. कुछ राखियों में गाने और म्यूजिक बजने का फीचर है, जबकि कुछ में भगवान और कार्टून कैरेक्टर के आकर्षक डिजाइन दिए गए हैं. डोरेमॉन जैसे कार्टून वाली राखियां बच्चों को खास पसंद आ रही हैं. इस तरह छोटे बच्चों से लेकर युवाओं और बड़ों तक, हर किसी के लिए बाजार में उसकी पसंद की राखी मिल रही है.
चाइनीज राखियों की जगह स्वदेशी डिजाइन
राखी कारोबारियों के मुताबिक ग्राहकों की पसंद पिछले कुछ सालो में काफी बदली है. पहले चाइनीज राखियों की मांग ज्यादा रहती थी, लेकिन अब इनकी बिक्री काफी कम हो गई है. व्यापारी राजस्थान, इंदौर, राजकोट, अलवर, मुंबई, दिल्ली, कोलकाता और अहमदाबाद जैसे शहरों से राखियां मंगा रहे हैं. मोती, राम रक्षा सूत्र, एंटिक डिजाइन और ईविल आई वाली राखियों की मांग बढ़ी है. खासकर युवाओं को ईविल आई डिजाइन काफी पसंद आ रहा है.
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चांदी की राखियों में भी दिखा नया फैशन
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सराफा बाजार में भी रक्षाबंधन की तैयारी दिखाई दे रही है. इस बार सोने की तुलना में चांदी की राखियों की मांग ज्यादा बताई जा रही है. सोने की बढ़ती कीमतों के कारण ग्राहक चांदी में अपनी पसंद के डिजाइन बनवा रहे हैं. इनमें ब्रेसलेट स्टाइल खास आकर्षण बना हुआ है. खंडवा का राखी बाजार इस बार परंपरा और आधुनिकता का खूबसूरत मेल दिखा रहा है. कहीं सादगी भरी मौली है, तो कहीं मोबाइल पर यादें दिखाने वाली स्मार्ट राखी, लेकिन हर राखी के पीछे भाई-बहन के रिश्ते का वही प्यारा एहसास कायम है.