'मुझे कोई शर्म नहीं...' 30 हजार के जूतों का जिक्र कर बुरे फंसे अभिजीत दिपके, CJP की फंडिंग पर खुल गई सारी पोल
Abhijit Dipke: दिपके ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है.. उनका कहना है कि अगर इस्तीफा नहीं दिया गया तो आने वाले दिनों में देश के अलग-अलग राज्यों में भी प्रदर्शन किए जाएंगे.
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Abhijit Dipke: अभिजीत दिपके शुक्रवार से मुंबई में एक नए आंदोलन की शुरुआत करने जा रहे हैं कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के बैनर तले मुंबई के शिवाजी पार्क में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन कियाजाना है. दिपके ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की है.. उनका कहना है कि अगर इस्तीफा नहीं दिया गया तो आने वाले दिनों में देश के अलग-अलग राज्यों में भी प्रदर्शन किए जाएंगे.
फंडिंग के सवाल पर क्या बोले दिपके?
प्रदर्शन से पहले गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में अभिजीत दिपके से उनकी पार्टी की फंडिंग को लेकर सवाल पूछा गया. उनसे पूछा गया कि जब सीजेपी (CJP) चुनाव आयोग से पारदर्शिता की मांग करती है, तो क्या पार्टी खुद यह बताएगी कि उसे पैसा कहां से मिलता है. इस पर दिपके ने कहा कि उनकी पार्टी की फंडिंग और चुनाव आयोग से जुड़े उनके आरोपों का आपस में कोई संबंध नहीं है.
उन्होंने कहा कि अगर वह अपनी सार्वजनिक फंडिंग के बारे में जानकारी दे भी दें, तो इससे चुनाव व्यवस्था कैसे ठीक हो जाएगी. दिपके ने सवाल को ही नॉन-लॉजिकल बताते हुए कहा कि चुनाव आयोग में जिस तरह की गड़बड़ी का वह आरोप लगा रहे हैं, उसका उनकी पार्टी की फंडिंग से कोई लेना-देना नहीं है.
Mumbai, Maharashtra: CJP founder Abhijeet Dipke says, "This is dictatorship, nothing else. It is fear, nothing but fear. They have realised that the nation is angry and that the country will no longer remain silent. That is why they are issuing threats, saying that if you… pic.twitter.com/dJl1BijGEn
— IANS (@ians_india) October 1, 2026
अपने खर्च और जूतों को लेकर भी बोले
दिपके से जब इतने बड़े प्रदर्शन के इंतजाम और खर्च को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि लोग शुक्रवार को मौके पर आकर खुद देख सकते हैं कि मंच कितना बड़ा है. उन्होंने अपने महंगे जूतों का जिक्र करते हुए कहा कि उनके जूतों की कीमत करीब 30 हजार रुपये है और उन्हें इसे बताने में कोई शर्म नहीं है. उनका कहना था कि वह खुद यह खर्च उठाने में सक्षम हैं. उन्होंने अमेरिका की यात्रा का भी जिक्र किया और कहा कि अगर वह भारत से अमेरिका जाने की फ्लाइट ले सकते हैं, तो मुंबई से दिल्ली जाना उनके लिए कोई बड़ी बात नहीं है.
प्रदर्शन से पहले हिरासत में लिए गए थे द९पके
प्रदर्शन से एक दिन पहले गुरुवार को अभिजीत दिपके को कुछ समय के लिए पुलिस ने हिरासत में लिया था. बताया गया कि वह मरीन ड्राइव पर समर्थकों के साथ तख्तियां लेकर पहुंचे थे. इसके बाद पुलिस की एक टीम उन्हें वैन में मरीन ड्राइव थाने ले गई. एक अधिकारी के मुताबिक, टीम में एक महिला निरीक्षक भी शामिल थीं, जिन्होंने दीपके से उनकी पहचान और गृह नगर के बारे में जानकारी पूछी. हालांकि, CJP की ओर से पहले इसे फर्जी खबर बताया गया था, लेकिन बाद में सामने आए एक वीडियो में दिपके को पुलिस के साथ जाते हुए देखा गया.
कई राज्यों में प्रदर्शन का ऐलान
दिपके ने कहा है कि अगर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार इस्तीफा नहीं देते हैं तो आंदोलन को दूसरे राज्यों तक ले जाया जाएगा. उन्होंने गोवा, कर्नाटक, पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड में प्रदर्शन करने की बात कही है. इसके बाद अक्टूबर के अंत से दिल्ली के जंतर-मंतर पर भी प्रदर्शन शुरू करने का ऐलान किया गया है. इससे पहले सीजेपी पेपर लीक के मुद्दे पर भी जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर चुकी है.
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प्रदर्शन के दौरान दिपके ने ज्ञानेश कुमार के खिलाफ बेहद कड़े आरोप लगाए और उनके इस्तीफे के साथ आपराधिक मामला दर्ज करने की मांग की...उन्होंने यह भी कहा कि वह जेल जाने से नहीं डरते और जरूरत पड़ने पर बार-बार प्रदर्शन करने के लिए वापस आएंगे..