Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...

5 राज्य, 4 लेन रूट, 7 नए प्रोजक्‍ट्स...अब ट्रेने नहीं होंगी लेट! मोदी कैबिनेट से ₹10,783 करोड़ की रेल परियोजनाओं को हरी झंडी

मोदी कैबिनेट ने 10,021 करोड़ रुपए की 5 मल्टीट्रैकिंग प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी है. इससे तमिलनाडु से लेकर तेलंगाना तक रेलवे कनेक्टिविटी बढ़ेगी और ट्रेनों की टाइमिंग बेहतर होगी. इतना ही नहीं ट्रैक्स पर भीड़-भाड़ कम होगी.

Image Source-IANS/CANVA
Loading Ad...

मोदी कैबिनेट ने देश में रेल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूती देने, ट्रेनों की संख्‍या और आवागमन को बेहतर बनाने के लिए बड़ा फैसला लिया है. इसके तहत कैबिनेट ने 4 लेन रूट बिछाने सहित 7 नए प्रोजक्‍ट को मंजूरी दी है. प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीईए) ने बुधवार को भारतीय रेलवे की पांच महत्वपूर्ण मल्टीट्रैकिंग प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दे दी है.

मोदी कैबिनेट ₹10,783 करोड़ की रेल परियोजनाओं को हरी झंडी 

लगभग 10,021 करोड़ रुपए की लागत वाली इन परियोजनाओं का उद्देश्य रेलवे नेटवर्क की क्षमता बढ़ाना, माल ढुलाई को तेज करना और दक्षिण भारत के प्रमुख राज्यों में रेल संपर्क को मजबूत बनाना है. इन परियोजनाओं को वर्ष 2029-30 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है. 

Loading Ad...

एक आधिकारिक बयान के अनुसार, मंजूर की गई परियोजनाओं में अरक्कोनम-रेनिगुंटा तीसरी और चौथी लाइन (77 किमी), व्हाइटफील्ड-बंगारपेट तीसरी और चौथी लाइन (47 किमी), होसुर-ओमालुर दोहरीकरण (147 किमी), सेलम-करूर-दिंडीगुल दोहरीकरण (159 किमी) और सिकंदराबाद (घाटकेसर)-काजीपेट मल्टीट्रैकिंग (110 किमी) शामिल हैं. इन सभी परियोजनाओं के पूरा होने के बाद भारतीय रेलवे नेटवर्क में लगभग 540 किलोमीटर की अतिरिक्त क्षमता जुड़ जाएगी.

Loading Ad...

ये परियोजनाएं तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और तेलंगाना के कुल 17 जिलों को कवर करेंगी. सरकार के अनुसार, इन रेल परियोजनाओं से लगभग 2,121 गांवों को बेहतर रेल संपर्क मिलेगा, जहां करीब 52 लाख लोगों की आबादी निवास करती है.

ट्रेनों की आवाजाही अधिक सुगम होगी

Loading Ad...

रेल मंत्रालय का कहना है कि बढ़ी हुई लाइन क्षमता से ट्रेनों की आवाजाही अधिक सुगम होगी, परिचालन दक्षता में सुधार आएगा और रेल सेवाओं की विश्वसनीयता बढ़ेगी. साथ ही, इन मार्गों पर वर्तमान में मौजूद जाम और परिचालन बाधाओं को भी कम करने में मदद मिलेगी.

इन परियोजनाओं की योजना पीएम गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के तहत तैयार की गई है, जिसका उद्देश्य विभिन्न परिवहन माध्यमों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना और लॉजिस्टिक्स नेटवर्क को अधिक कुशल बनाना है.

सरकार का कहना है कि इन परियोजनाओं से लोगों, वस्तुओं और सेवाओं की आवाजाही अधिक तेज और सुगम होगी. इससे क्षेत्रीय विकास को गति मिलेगी और रोजगार तथा स्वरोजगार के नए अवसर पैदा होंगे, जो प्रधानमंत्री मोदी के आत्मनिर्भर भारत के विजन को मजबूती देंगे.

किन ट्रैक्स और किन इलाकों का होगा विस्तार?

रेल नेटवर्क विस्तार का लाभ कई प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों को भी मिलेगा, जिनमें तिरुपति, तिरुत्तानी स्थित सुब्रमण्य स्वामी मंदिर, तिरुचानूर का श्री पद्मावती अम्मावारी मंदिर, कोटिलिंगेश्वर मंदिर, बंगारू तिरुपति, कोलार गोल्ड फील्ड्स, होगेनक्कल जलप्रपात, होसुर किला, मेट्टूर बांध, कोडाइकनाल हिल्स, सत्यमंगलम वन्यजीव अभयारण्य, नमक्कल अंजनेयर मंदिर, यदागिरिगुट्टा मंदिर, भोंगिर किला, सुरेंद्रपुरी और स्वर्णगिरि मंदिर जैसे प्रमुख स्थल शामिल हैं. सरकार का मानना है कि बेहतर रेल संपर्क से पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी.

Loading Ad...

ये रेल मार्ग कोयला, सीमेंट, लोहा-इस्पात, कंटेनर, ऑटोमोबाइल, खाद्यान्न, पेट्रोलियम उत्पाद और उर्वरक जैसी महत्वपूर्ण वस्तुओं के परिवहन के लिए बेहद अहम माने जाते हैं. परियोजनाओं के पूरा होने के बाद रेलवे की माल ढुलाई क्षमता में सालाना लगभग 47 मिलियन टन (एमटीपीए) की अतिरिक्त वृद्धि होने का अनुमान है.

सरकार के अनुसार, रेलवे एक पर्यावरण-अनुकूल और ऊर्जा-कुशल परिवहन माध्यम है. इन परियोजनाओं के पूरा होने पर देश के तेल आयात में लगभग 8 करोड़ लीटर की कमी आ सकती है. साथ ही 42 करोड़ किलोग्राम कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन कम होने का अनुमान है, जो लगभग 2 करोड़ पेड़ लगाने के बराबर पर्यावरणीय लाभ प्रदान करेगा.

कैबिनेट ने 10,783 करोड़ रुपए के तीन रेलवे प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी, 14 जिलों में बढ़ेगी कनेक्टिविटी

Loading Ad...

इसके अलावा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की कैबिनेट कमेटी (सीसीईए) ने बुधवार को 10,783 करोड़ रुपए के बजट की तीन मल्टी-ट्रैकिंग परियोजनाओं को मंजूरी दी. इन्हें 2029-30 तक पूरा किया जाना है.   

कैबिनेट के आधिकारिक बयान के अनुसार, तीन मल्टी-ट्रैकिंग प्रोजेक्ट्स पश्चिम बंगाल, झारखंड, ओडिशा, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के 14 जिलों में कनेक्टिविटी को बढ़ाएंगे . इनसे भारतीय रेलवे के मौजूदा नेटवर्क में लगभग 656 किलोमीटर की बढ़ोतरी होगी.

Loading Ad...
  • इन प्रोजेक्ट्स में खड़गपुर–झारसुगुड़ा (बागडेही) चौथी लाइन, कटनी–पेंड्रा रोड चौथी लाइन और बिलासपुर (उसलापुर)–पेंड्रा रोड तीसरी लाइन शामिल हैं.
  • ये प्रोजेक्ट कोयला, सीमेंट, लोहा और स्टील जैसे सामानों के ट्रांसपोर्टेशन के लिए जरूरी मार्ग हैं.
  • क्षमता बढ़ाने के कामों से 27 एमटीपीए (मिलियन टन प्रति वर्ष) का अतिरिक्त माल ढुलाई ट्रैफिक होगा

आधिकारिक बयान के अनुसार, रेलवे ट्रांसपोर्टेशन का एक पर्यावरण-अनुकूल और ऊर्जा-कुशल साधन है. यह देश के जलवायु लक्ष्यों को हासिल करने और लॉजिस्टिक्स लागत को कम करने में मदद करेगा. साथ ही, इससे तेल का आयात (12 करोड़ लीटर) और सीओ2 उत्सर्जन (62 करोड़ किलोग्राम) कम होगा, जो 2.48 करोड़ पेड़ लगाने के बराबर है.

ये भी पढ़ें: 12 और 13 सितंबर को दिल्ली में राष्ट्राध्यक्षों का 'महाकुंभ', भारत मंडपम में होगी ब्रिक्स समिट, शेड्यूल जारी

बयान में यह भी कहा गया है कि प्रस्तावित क्षमता वृद्धि से देश भर के कई प्रमुख पर्यटन स्थलों के लिए रेल कनेक्टिविटी बेहतर होगी. इनमें तारातारिणी मंदिर, श्री क्षेत्र जगन्नाथ मंदिर (झारसुगुड़ा के पास प्राचीन मंदिर), बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व, विरातेश्वर मंदिर, अमरकंटक मंदिर, ज्वालेश्वर धाम, अचानकमार टाइगर रिजर्व, खुटाघाट बांध, मल्हार पुरातात्विक स्थल और रतनपुर महामाया मंदिर आदि शामिल हैं.

Loading Ad...

ये भी पढ़ें: आकाश आनंद के राजनीतिक भविष्य पर मायावती का बड़ा बयान, वापसी के लिए रखी ये शर्त

यह भी पढ़ें

  • लाइन की क्षमता बढ़ने से आवाजाही बेहतर होगी, जिससे भारतीय रेलवे की कामकाज की क्षमता और सर्विस की विश्वसनीयता में सुधार होगा.
  • मल्टी-ट्रैकिंग के ये प्रस्ताव कामकाज को आसान बनाने और भीड़-भाड़ कम करने में मदद करेंगे.

बयान में कहा गया है कि ये प्रोजेक्ट्स पीएम मोदी के 'नए भारत' के विजन के अनुरूप हैं. इससे इलाके का सर्वांगीण विकास होगा और वहां के लोग 'आत्मनिर्भर' बनेंगे, जिससे उनके लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ेंगे.

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...