10 सितंबर 2026 गुरुवार को दक्षिण दिशा में दिशाशूल माना जाता है, इसलिए परंपरा के अनुसार इस दिशा में यात्रा करने से बचने की सलाह दी जाती है.
-
धर्म ज्ञान10 Sep, 202606:00 AM10 सितंबर 2026 पंचांग: चतुर्दशी के बाद लगेगी अमावस्या, जानें शुभ मुहूर्त और राहुकाल
-
धर्म ज्ञान09 Sep, 202606:00 AM9 सितंबर का पंचांग: मासिक शिवरात्रि पर बन रहे कई शुभ योग, जानें राहुकाल और मुहूर्त
बुधवार को इस दिन सूर्य सिंह राशि में स्थित रहेगा जबकि चंद्रमा कर्क राशि में स्थित रहेगा, और शाम को सिंह राशि में प्रवेश करेगा. उत्तर दिशा में दिशाशूल रहेगा. ज्योतिष और वास्तु के मुताबिक, इस दिशा में यात्रा करने से बचना चाहिए. यदि यात्रा करना अनिवार्य हो, तो कुछ विशेष ज्योतिषीय उपायों को अपनाकर प्रस्थान किया जा सकता है.
-
धर्म ज्ञान08 Sep, 202607:00 AM8 सितंबर का पंचांग: भौम प्रदोष का व्रत रखने से भगवान शिव होते हैं प्रसन्न, जानें दिन का सबसे शुभ समय
इस दिन भौम प्रदोष व्रत है; भगवान शिव की पूजा करना शुभ माना जाता है. शाम 6:35 मिनट से रात 8:52 मिनट तक पूजा करना फलदाई रहेगा. जब प्रदोष मंगलवार को पड़ता है तो उसे भौम प्रदोष कहते हैं.
-
धर्म ज्ञान07 Sep, 202607:00 AM7 सितंबर का पंचांग: पापों से छुटकारा पाने के लिए करें अजा एकादशी का व्रत, जानें दिन का सबसे शुभ समय
सोमवार को भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अजा एकादशी का व्रत रखा जाएगा. इस दिन भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की पूजा करना फलदाई रहेगा. मान्यता है कि अजा एकादशी का व्रत करने से पापों से छुटकारा मिलता है और सुख-शांति बनी रहती है.
-
धर्म ज्ञान06 Sep, 202605:45 AM6 सितंबर का पंचांग: आज भूलकर भी न करें ये काम, जानें राहुकाल, शुभ मुहूर्त और दिशाशूल का समय
6 सितंबर 2026 को भाद्रपद कृष्ण पक्ष की दशमी तिथि रात 7:29 बजे तक रहेगी, इसके बाद एकादशी शुरू होगी. सूर्योदय 6:14 और सूर्यास्त 6:36 बजे होगा. अभिजित मुहूर्त दोपहर 12:00 से 12:49 बजे तक रहेगा, जबकि अमृत काल 10:32 से 12:02 बजे तक रहेगा.
-
Advertisement
-
धर्म ज्ञान05 Sep, 202606:15 AM5 सितंबर का पंचांग: राहुकाल से दिशाशूल तक, जानें आज क्या करें और किस समय से रहें सावधान
5 सितंबर 2026 को भाद्रपद कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि रात 9:53 बजे तक रहेगी, फिर दशमी शुरू होगी. शनिवार को शनि देव और हनुमान जी की पूजा कर सिंदूर व चोला अर्पित करना शुभ माना जाता है.
-
धर्म ज्ञान04 Sep, 202606:00 AMजन्माष्टमी के दिन कब है शुभ मुहूर्त, कब रहेगा राहुकाल? जानें 4 सितंबर का पंचांग
आज शुक्रवार 4 सितंबर जन्माष्टमी के दिन अष्टमी तिथि रात 12:13 बजे तक रहेगी. निशीथ काल में रात 11:57 से 12:43 बजे तक श्रीकृष्ण की पूजा होगी। अभिजित मुहूर्त दोपहर 12:01 से 12:50 बजे तक रहेगा, जबकि राहुकाल सुबह 10:52 से दोपहर 12:25 बजे तक रहेगा.
-
धर्म ज्ञान03 Sep, 202607:00 AM3 सितंबर 2026 पंचांग: कृष्ण पक्ष सप्तमी तिथि पर बन रहे शुभ संयोग, जानें शुभ-अशुभ समय
गुरुवार का दिन भगवान विष्णु और देवगुरु बृहस्पति को समर्पित माना जाता है. इस दिन श्रद्धालु भगवान विष्णु की पूजा, मंत्र जाप, ध्यान और दान-पुण्य करते हैं. पीले वस्त्र धारण करना, पीली वस्तुओं का दान करना और भगवान विष्णु को पीले फूल या भोग अर्पित करना धार्मिक परंपराओं में शुभ माना जाता है.
-
धर्म ज्ञान02 Sep, 202607:00 AM2 सितंबर का पंचांग: हलषष्ठी पर भगवान बलराम की पूजा करना फलदाई, जानें शुभ मुहूर्त से लेकर राहुकाल और दिशाशूल तक समय
इस दिन हलषष्ठी (हलषष्ठी/हरछठ) का व्रत है, इस दिन भगवान बलराम और हल (साथ ही सात प्रकार के अनाजों व पसई के चावल) की पूजा करना बहुत फलदायी होता है. यह व्रत मुख्य रूप से संतान की लंबी आयु और उनकी रक्षा के लिए माताएं रखती हैं.
-
धर्म ज्ञान01 Sep, 202606:00 AM1 सितंबर का पंचांग: गणेश-हनुमान जी की पूजा करना विशेष फलदाई, एस्ट्रोलॉजर करण शर्मा से जानें शुभ मुहूर्त से लेकर राहुकाल और दिशाशूल तक समय
1 सितंबर 2026 को भाद्रपद कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि सुबह 7:42 बजे तक रहेगी, इसके बाद पंचमी शुरू होगी. मंगलवार होने से गणेश जी के साथ हनुमान जी की पूजा का विशेष महत्व रहेगा. इस दिन सूर्योदय 6:12 बजे और सूर्यास्त 6:40 बजे होगा.
-
धर्म ज्ञान31 Aug, 202606:00 AM31 अगस्त का पंचांग: कजरी तीज पर बन रहा खास योग, जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और दिशाशूल
31 अगस्त 2026 को भाद्रपद कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि सुबह 8:51 बजे तक रहेगी, इसके बाद चतुर्थी शुरू होगी. उदया तिथि के अनुसार इसी दिन कजरी तीज मनाई जाएगी. वैवाहिक सुख और अखंड सौभाग्य के लिए महिलाएं माता पार्वती और भगवान शिव की पूजा करेंगी.
-
धर्म ज्ञान29 Aug, 202606:00 AM29 अगस्त 2026 पंचांग: भाद्रपद कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा आज, जानें शुभ-अशुभ मुहूर्त और शनिवार के उपाय
29 अगस्त को अभिजीत मुहूर्त सुबह 11:35 बजे से दोपहर 12:25 बजे तक रहेगा. वहीं राहुकाल सुबह 8:49 बजे से 10:24 बजे तक रहेगा. गुलिक काल सुबह 5:38 बजे से 7:13 बजे तक और यमघण्ट काल दोपहर 1:35 बजे से 3:10 बजे तक रहेगा. शुभ कार्यों की योजना बनाते समय इन समयों को ध्यान में रखना चाहिए.