बेंगलुरु पुलिस का बड़ा एक्शन, 58 जगहों पर की छापेमारी, 105 बांग्लादेशी नागरिकों की हुई पहचान
बेंगलुरु पुलिस की बड़ी कार्रवाई करते हुए 106 अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान की है. इस विशेष अभियान की शुरुआत ऐसे वक्त में की गई थी, जब यह आरोप लगाया गया था कि बेंगलुरु के कई इलाकों में अवैध रूप से बांग्लादेशी नागरिक रह रहे हैं.
Follow Us:
पुलिस ने 105 बांग्लादेशी नागरिकों को चिन्हित किया है, जो विभिन्न इलाकों में अवैध रूप से रह रहे हैं. ऐसे सभी नागरिकों की पहचान के लिए राज्य भर में 'ऑपरेशन मुक्त' की शुरुआत की गई है. इस अभियान का मुख्य उद्देश्य राज्यभर में अवैध रूप से रहे बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान करना है.
बेंगलुरु पुलिस की बड़ी कार्रवाई
इस शहरव्यापी अभियान की शुरुआत शनिवार को गई थी. इसे सुचारू रूप से संचालित करने के लिए 58 पुलिस टीमों का गठन किया गया था, जिन्होंने इस अभियान को संपन्न कराया. पुलिस टीम ने बेंगलुरू के 58 जगहों पर इस अभियान को चलाया, ताकि अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों को चिन्हित किया जा सके.
व्हाइटफील्ड में पुलिस ने 1,035 लोगों के दस्तावेजों का सत्यापन किया, जिसमें से 62 बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान हुई, जो बिना किसी वैध दस्तावेज के रह रहे थे. मिली जानकारी के मुताबिक, इलेक्ट्रॉनिक सिटी डिवीजन, इलेक्ट्रॉनिक सिटी, हुलिमावु, परप्पना अग्रहारा, बंदेपल्या, हेब्बागोडी और बेगुर इलाके में पुलिस ने 1,909 लोगों के दस्तावेजों का सत्यापन किया, जिसमें से 43 बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान हुई, जो अवैध रूप से रह रहे हैं.
अवैध रूप से रह रहे 105 बांग्लादेशी नागरिकों की हुई पहचान
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, अभियान के तहत 106 बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान हुई है.
इस विशेष अभियान की शुरुआत ऐसे वक्त में की गई थी, जब यह आरोप लगाया गया था कि बेंगलुरु के कई इलाकों में अवैध रूप से बांग्लादेशी नागरिक रह रहे हैं. पुलिस टीम इस मामले को गंभीरता से लेते हुए विभिन्न इलाकों में अभियान चला रही है. इस अभियान के तहत छापेमारी, सर्च ऑपरेशन और दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है.
बेंगलुरु पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर चलाया जा रहा है अभियान
व्हाइटफील्ड डिवीजन के पुलिस उपायुक्त सिदुल्ला अदावत ने कहा कि बेंगलुरु पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर इस अभियान को पूरे शहर में चलाया जा रहा है. इसमें व्हाइटफील्ड डीसीपी भी शामिल हैं. इस अभियान में 500 पुलिसकर्मी और अधिकारी शामिल हैं और अभियान जारी रहेगा.
पुलिस के मुताबिक, सत्यापन प्रक्रिया 30 अलग-अलग लोकेशन में विभिन्न पुलिस स्टेशन से जुड़े क्षेत्र में की गई. अधिकरियों के मुताबिक, पुलिस को इस बात का शक हुआ कि इन इलाकों में अवैध रूप से बांग्लादेशी नागरिक रह रहे हैं, जिन्हें चिन्हित करने के लिए सत्यापन अभियान शुरू करना जरूरी हो जाता है.
यह भी पढ़ें
उनके मुताबिक, इस अभियान के दौरान अगर कोई संदिग्ध पाया गया, तो सबसे पहले उसके दस्तावेजों की जांच होगी. जांच के दौरान अगर हमें यह मालूम पड़ता है कि किसी व्यक्ति के पास दूसरे देश से जुड़ा कोई दस्तावेज है या उसके पास जो मौजूदा दस्तावेज है, उसमें कोई खामी है या वो यहां पर अवैध रूप से रह रहा है, तो सबसे पहले इस मामले को विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय के संज्ञान में लाया जाएगा. संबंधित प्राधिकरण से आदेश मिलने के बाद ही निर्वासन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी.