Tesla कार, भारत सरकार का टैग... दिल्ली से पटना तक भौकाल, बिहार के फर्जी IAS ने कैसे बनाई 100 करोड़ की संपत्ति
मनीष गुप्ता IAS अधिकारी बनकर लोगों को ठगता रहा. उसने 100 करोड़ की संपत्ति खड़ी कर ली और किसी को भनक तक नहीं लगी. वह अजीत डोभाल का अंडरकवर एजेंट बताकर लोगों को बेवकूफ बनाता रहा.
Follow Us:
एलन मस्क की कंपनी वाली टेस्ला (Tesla) कार, वो भी ड्राइवरलेस, आलीशान मकान जिसकी कीमत करोड़ों में है. घर के आस-पास 100 से ज्यादा कैमरे लगे हैं. यहां बात किसी मंत्री या बड़े उद्योगपति की नहीं बल्कि बिहार के एक फर्जी IAS अधिकारी की हो रही है. जिसने कभी कोई सरकारी परीक्षा नहीं दी लेकिन अफसर बन गया, झूठे भौकाल और फर्जी आईडी कार्ड से 100 करोड़ की संपत्ति बना ली.
बिहार पुलिस ने खगड़िया से एक ऐसे जालसाज को गिरफ्तार किया है. जो IAS अधिकारी बनकर लोगों को ठग रहा था. आरोपी का नाम मनीष गुप्ता है जो खुद को NSA अजीत डोभाल का अंडरकवर एजेंट बताकर लोगों को बेवकूफ बनाता था.
कार पर ‘भारत सरकार’ का टैग
पुलिस के अनुसार, आरोपी मनीष गुप्ता अपने निजी वाहनों पर भारत सरकार का फर्जी टैग लगाकर लोगों को धोखा देता था और उनसे पैसे ठगता था. कुछ लोगों को उसकी गतिविधियों पर संदेह हुआ और उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद उसे पकड़ा गया.
खगड़िया SP ने कसा शिकंजा
बताया जाता है कि फर्जी IAS मनीष गुप्ता के यहां पुलिस छापेमारी चल रही थी. इस दौरान वे दिल्ली से लेकर पटना तक कई आला अधिकारियों से बात कर रहे थे. उन्होंने कई लोगों से पैरवी भी की. इसके जरिए उसने भौकाल बनाए रखने की कोशिश की. मनीष गुप्ता पर शिकंजा कसने के लिए खगड़िया के पुलिस अधीक्षक (SP) भानू प्रताप सिंह के नेतृत्व में एक पुलिस टीम गठित की गई.
पुलिस ने बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने केंद्रीय सतर्कता आयोग से संबंध होने का दावा किया. इसके अलावा, उसने खुदको राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल का गुप्त एजेंट होने का भी दावा किया.पुलिस ने इन दावों को झूठा पाया. उसके पास से एक फर्जी पहचान पत्र भी बरामद हुआ है जिसमें उसे IAS अधिकारी बताया गया है.
मनीष गुप्ता के घर से क्या-क्या मिला?
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपी के घर से लगभग 31 लीटर विदेशी शराब बरामद की. इसके अलावा, दो हिरण के सींग भी बरामद हुए, जो वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत स्पष्ट अपराध है.
फर्जी IAS का आलीशान घर
मनीष गुप्ता के घर से एक टेस्ला कार और 'भारत सरकार' का टैग लगी एक टाटा सफारी भी जब्त की गई. पुलिस के अनुसार, यह अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस एक उच्च श्रेणी की टेस्ला कार है, जिसमें पूरी तरह से स्वचालित ड्राइविंग (बिना ड्राइवर) की सुविधा है.
जांच के दौरान, पुलिस ने आरोपी से 5 Iphone, दो लैपटॉप, विभिन्न बैंकों के 20 क्रेडिट कार्ड, आठ डेबिट कार्ड और चार चेकबुक बरामद कीं हैं. पुलिस ने बताया कि जब्त की गई वस्तुओं और दस्तावेजों की जांच की जा रही है.
यह भी पढ़ें- ‘शुद्ध पेट्रोल क्या तुम्हारे बाप के घर से आएगा…’, इथेनॉल का बचाव करते हुए BJP सांसद के बिगड़े बोल, Video वायरल
यह भी पढ़ें
पुलिस के अनुसार, ऐसी खबरें हैं कि आरोपी की संपत्ति न केवल बिहार में बल्कि अन्य राज्यों और विदेशों में भी है. पुलिस ने कहा कि मामला केवल फर्जी पहचान बनाकर लोगों को गुमराह करने तक सीमित नहीं है. वित्तीय लेनदेन और संपत्तियों से संबंधित पहलुओं की भी जांच की जा रही है. पुलिस ने बताया कि आरोपी की गिरफ्तारी के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.