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भारत और अमेरिका के बीच खत्म हुई 'लड़ाई'! टैरिफ सहित अन्य मसले पर दोनों देशों के विदेश मंत्रियों की मुलाकात, जानें क्या हुई बात?

अमेरिका के विदेश मंत्री से मुलाकात के बाद एस जयशंकर ने सोशल मीडिया पर लिखा कि ‘न्यूयॉर्क में सेक्रेटरी रूबियो से मिलकर खुशी हुई. हमारी बातचीत में कई द्विपक्षीय और अंतर्राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई. प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में प्रगति के लिए निरंतर सहयोग पर सहमति बनी. हम संपर्क में बने रहेंगे.’

भारत और अमेरिका के बीच खत्म हुई 'लड़ाई'! टैरिफ सहित अन्य मसले पर दोनों देशों के विदेश मंत्रियों की मुलाकात, जानें क्या हुई बात?
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न्यूयॉर्क शहर में भारत और अमेरिका के विदेश मंत्रियों की मुलाकात हुई है. भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर और अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो के बीच यह मुलाकात संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) की 80वीं बैठक के दौरान हुई. 2025 में दोनों ही देशों के विदेश मंत्रियों की यह तीसरी मुलाकात है. खबरों के मुताबिक, दोनों नेताओं ने H-1B वीजा और व्यापार से जुड़े मसलों पर बातचीत की है.

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने X के जरिए दी जानकारी

अमेरिका के विदेश मंत्री से मुलाकात के बाद एस जयशंकर ने सोशल मीडिया पर लिखा कि ‘न्यूयॉर्क में सेक्रेटरी रूबियो से मिलकर खुशी हुई. हमारी बातचीत में कई द्विपक्षीय और अंतर्राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई. प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में प्रगति के लिए निरंतर सहयोग पर सहमति बनी. हम संपर्क में बने रहेंगे.’

जयशंकर-रूबियो की मुलाकात के असल मायने

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बता दें कि जयशंकर-रूबियो की मुलाकात का असल मकसद दोनों देशों के बीच रिश्तों को बेहतर बनाने की कोशिश का हिस्सा है. इसमें व्यापार में निवेश और कुशल कामगारों के आवागमन को लेकर सहयोग बढ़ाना भी पहली प्राथमिकता है, ताकि भारत और अमेरिका के बीच रणनीतिक साझेदारी और मजबूत हो सके.

भारत और अमेरिका के रिश्ते काफी खास

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पहले ही कह चुके हैं कि भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौता करने में कोई भी अड़चन नहीं आने वाली है. उनके अलावा विदेश मंत्री मार्को रुबियो भी कह चुके हैं कि भारत और अमेरिका के रिश्ते बहुत खास हैं. भारत इंडो-पैसिफिक इलाके में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है. भारत इस क्षेत्र का केंद्र है. इसलिए अमेरिका ने वहां की कमांड का नाम भी बदल दिया है. जानकारी के लिए बता दें कि ट्रंप ने सर्जियो गोर को भारत का नया अमेरिकी राजदूत चुना है. 

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अमेरिका ने H-1B वीजा पर आवेदन शुल्क बढ़ाया

बता दें कि हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने H-1B वीजा आवेदन शुल्क को बढ़ाकर 1 लाख डॉलर कर दिया है, जिसके चलते भारत के आईटी पेशेवरों और कंपनियों में चिंता बढ़ गई है. वहीं पिछले कुछ महीनों से भारत और अमेरिका के रिश्तों में भी तनाव देखने को मिल रहा है, जहां अमेरिका ने भारतीय सामानों पर 50 प्रतिशत का टैरिफ लगाया है. इनमें 25 प्रतिशत अतिरिक्त टैरिफ दर रूस से तेल खरीदने पर लगाया गया है.

दोनों देशों के बीच व्यापार पर चर्चा जारी

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भारत और अमेरिका के बीच पिछले कुछ महीनों से व्यापारिक रिश्ते प्रभावित हुए हैं. ऐसे में दोनों देश फिर से आर्थिक संबंधों को मजबूत करने की कोशिश कर रहे हैं. इसको लेकर 22 सितंबर को भारत के वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल अपने प्रतिनिधिमंडल के साथ अमेरिका दौरे पर हैं, जहां वह व्यापार समझौते पर बातचीत कर रहे हैं. इसके साथ भारत और अमेरिका एक द्विपक्षीय निवेश संध पर भी चर्चा कर रहे हैं, ताकि दोनों देशों के बीच निवेश को सुरक्षित और स्थिर बनाया जा सके.

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