×
जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से दो भारतीय LPG जहाजों की सुरक्षित रवानगी, जल्द होगी वतन वापसी

पश्चिम एशिया तनाव के बीच दो भारतीय LPG जहाजों को होर्मुज जलडमरुमध्य (Strait of Hormuz) से रवानगी की इजाजत मिल गई है. यह भारतीय कूटनीति के लिए एक बड़ी जीत है.

Author
24 Mar 2026
( Updated: 24 Mar 2026
01:05 PM )
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से दो भारतीय LPG जहाजों की सुरक्षित रवानगी, जल्द होगी वतन वापसी
Social_Media
Advertisement

कुकिंग गैस ले जा रहे दो भारतीय जहाज स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरते हुए अगले कुछ दिनों में भारत पहुंचेगे. जिससे उम्मीद बंधी है कि भारत में एलपीजी संकट कम होगा. शिप-ट्रैकिंग डेटा से पता चला है कि जहाज, जग वसंत और पाइन गैस, सुरक्षित रास्ते की मंजूरी मिलने के बाद, रणनीतिक रूप से अहम होर्मुज स्ट्रेट से गुजर रहे हैं. जहाज लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (LPG) ले जा रहे हैं, जिसका इस्तेमाल भारत में खाना पकाने के लिए बड़े पैमाने पर होता है.

भारतीय जहाजों की सुरक्षा के लिए ट्रैकिंग सिस्टम का उपयोग

दोनों जहाजों ने सोमवार सुबह अपनी यात्रा शुरू की, यूएई तट से रवाना हुए और केशम और लारक द्वीपों के पास ईरान के तट के पास पहुंचे. जहाजों ने अपने ट्रैकिंग सिस्टम के जरिए भारतीय मालिकाना हक का संकेत दिया, जो कई जहाजों द्वारा इस सेंसिटिव रास्ते पर चलने के लिए उठाया गया एक एहतियाती कदम था.

अगले कुछ दिनों में भारत पहुंचने की उम्मीद

Advertisement

रिपोर्ट्स के मुताबिक, अगर जहाजों की यात्रा बिना किसी रुकावट के जारी रहती है, तो अगले कुछ दिनों में भारत पहुंचने की उम्मीद है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, होर्मुज स्ट्रेट से पूरा रास्ता तय करने में लगभग 14 घंटे लगते हैं. यह सब कुछ ऐसे समय में हुआ है जब स्ट्रेट, जो तेल और गैस शिपमेंट के लिए एक अहम ग्लोबल रास्ता है, फरवरी के आखिर में इस इलाके में यूएस और इजरायली हमलों के बाद बढ़ते तनाव से बुरी तरह प्रभावित हुआ है. तब से, ईरान ने पानी के रास्ते से आने-जाने पर काफी हद तक रोक लगा दी है, और बातचीत के बाद सिर्फ भारत समेत कुछ देशों से जुड़े चुनिंदा जहाजों को ही गुजरने की इजाजत दी है.

ओमान मार्ग पर जहाजों को खतरा

शिपिंग पैटर्न से पता चलता है कि ईरान जहाजों को अपने समुद्र तट के किनारे से गुजरने का निर्देश देकर ट्रैफिक को कंट्रोल कर रहा है. इसके उलट, ओमान के पास के आम रास्ते में जोखिम देखा गया है. इस महीने की शुरुआत में एक जहाज पर हमला होने की खबर है. 'जग वसंत' और 'पाइन गैस' दोनों ने फरवरी के आखिर में, लड़ाई बढ़ने से ठीक पहले, फारस की खाड़ी में एंट्री की थी. 

दो जहाजों ने सफलतापूर्वक यात्राएं पूरी की थीं

Advertisement

यह भी पढ़ें

जग वसंत ने कुवैत से एलपीजी लोड की, जबकि पाइन गैस ने यूएई के रुवाइस से अपना माल उठाया. तनाव की वजह से इस इलाके में फंसे हुए थे. इस महीने की शुरुआत में, भारतीय झंडे वाले दो और एलपीजी कैरियर ने भी इसी तरह की यात्राएं सफलतापूर्वक पूरी की थीं.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
LIVE
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Close
ADVERTISEMENT
NewsNMF
NMF App
Download
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें