‘खामेनेई ने धर्म के नाम पर अत्याचर किए…’, ईरान में जन्मी इस बॉलीवुड एक्ट्रेस ने खामेनेई की मौत पर रोने वालों को दिया करारा जवाब
Iran-US War: भारत में खामेनेई के निधन पर कई लोगों ने शोक व्यक्त करते हुए विरोध प्रदर्शन किए. कई लोग खामेनेई की मौत पर रो रहे हैं. वहीं इस बीच एक्ट्रेस एल्नाज नोरौजी ने खामेनेई के शासन का विरोध किया है.
Follow Us:
मिडिल-ईस्ट तनाव के बीच भारत में भी राजनीतिक चर्चा तेज हो गई है. ऐसे समय में जब दुनिया की निगाहें इजरायल और ईरान के बीच चल रहे संघर्ष पर हैं, सोशल मीडिया पर भी बहस का दौर जारी है. आम लोग ही नहीं, बल्कि फिल्म और टीवी जगत की हस्तियां भी अपने विचार खुलकर सामने रख रही हैं. इसी बीच ईरान में जन्मी बॉलीवुड एक्ट्रेस एल्नाज नोरौजी ने इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी है.
खामेनेई के निधन पर क्या बोलीं एल्नाज नोरौजी?
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद मिडिल ईस्ट में हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं. भारत में खामेनेई के निधन पर कई लोगों ने शोक व्यक्त करते हुए विरोध प्रदर्शन किए. भारत में कई लोग खामेनेई की मौत पर रो रहे हैं. वहीं इस बीच एल्नाज नोरौजी ने खामेनेई के शासन का विरोध किया है.
एल्नाज नोरौजी ने लोगों से क्या कहा?
दरअसल एल्नाज नोरौजी ने एक इंटरव्यू के दौरान खामेनेई के निधन में मनाए जा रहे शोक और विरोध प्रदर्शन करने वालों की जमकर आलोचना की है. इतना ही नहीं एक्ट्रेस ने ये भी कहा है कि जो लोग खामेनेई के निधन पर दुख जा रहे हैं और प्रर्दशन कर रहे हैं, उनके पास सही जानकारी नहीं है, वो लोग हकीकत नहीं जाते हैं.
‘खामेनेई ने धर्म के नाम पर कितने अत्याचार किए हैं’
एक्ट्रेस ने एक मीडिया एजेंसी से बातचीत में कहा, “यह बहुत दुखद है. लेकिन मुझे लगता है कि ऐसा सिर्फ इसलिए हो रहा है क्योंकि उनके (प्रदर्शनकारियों) पास जानकारी नहीं है. उन्हें नहीं पता कि इस व्यक्ति (खामेनेई) ने धर्म के नाम पर कितने अत्याचार किए हैं. उसने कितने लोगों को मार डाला है. उन्हें यह नहीं पता. वे बस इतना जानते हैं कि वह एक धार्मिक नेता है और उन्होंने आंख बंद करके उसका अनुसरण किया. मेरा मानना है कि ईरान में ज्यादातर लोग अब सकारात्मक बदलाव की तलाश में हैं. चल रहे युद्ध के बीच स्थिति अभी भी बेहद अनिश्चित बनी हुई है.”
‘इजराइल और अमेरिका उन्हें निशाना नहीं बना रहे हैं’
एल्नाज नोरौजी ने आगे कहा, “हर कोई युद्ध से परेशान है और हर कोई इस बात से डरा हुआ है कि आगे क्या होगा. स्थिति बेहद अनिश्चित है लेकिन मैं इतना कह सकती हूं कि ईरान के अधिकांश लोगों को वास्तव में उस बदलाव की एक झलक दिखाई दे रही है जिसका वे 47 वर्षों से इंतजार कर रहे हैं. उन्हें अपने घरों में रहने और सुरक्षित रहने के लिए कहा गया है. वे जानते हैं कि इजराइल और अमेरिका उन्हें निशाना नहीं बना रहे हैं. वे विशेष रूप से IRGC और उसके नेताओं को निशाना बना रहे हैं. मैंने कल रात अपने परिवार से बात की, और वे ठीक हैं.”
#WATCH | Mumbai: On Iran-Israel Conflict, Iranian Actress, Elnaaz Norouzi says, "... Everybody is upset about the war, and everybody is scared about what's going to happen next. It's a very uncertain situation. But what I can say is that the majority of people of Iran are… pic.twitter.com/cUaz2MqlQK
— ANI (@ANI) March 4, 2026
‘ये बहुत भयानक एहसास है’
ईरान की पुलिस के बारे में बात करते हुए एल्नाज नोरौजी ने कहा, “यह बहुत भयानक एहसास है कि जब आपके पास इतना बड़ा, इतना सुंदर और इतना विविधतापूर्ण देश है, तब भी आपको उनके निर्देशों के अनुसार काम करने के लिए मजबूर किया जाता है. पुलिस से मेरा सामना बहुत डरावना था. मैं जर्मनी वापस जाने के लिए अपनी आखिरी खरीदारी करने जा रही थी और मेरे साथ मेरी चचेरी बहन थी, तभी मुझे सड़क पर रोका गया और मुझे एक वैन में बिठाकर ऐसी जगह ले जाया गया जिसके बारे में मुझे पता नहीं है. वे मेरा फोन ले गए थे.”
ईरान में हुआ था एल्नाज नोरौजी का जन्म
बता दें कि एल्नाज नोरौजी का जन्म 1992 में ईरान में हुआ था, हालांकि उनका परिवार बाद में जर्मनी चला गया था, एल्नाज ने जर्मनी में ही अपनी पढ़ाई की और वहीं मॉडलिंग भी शुरु की थी. हालांकि बाद में इंडिया में आकर उन्होंने अपना करियर बनाया था, उन्होंने Netflix की फेमस सीरीज़ सेक्रेड गेम्स में काम किया था. जिसमें उन्होंने जोया मिर्जा का किरदार निभाया था. इसके अलावा वो 'तेहरान', और 'रणनीतिः बालाकोट एंड बियॉन्ड' जैसी सीरीज में भी नजर आ चुकी हैं.
अमेरिका-इजराइल हमले में खामेनेई की मौत
यह भी पढ़ें
बता दें कि कुछ दिनों पहले अमेरिका और इज़राइल के हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला खामेनेई और चार वरिष्ठ सैन्य और सुरक्षा अधिकारियों की मौत हो गई थी. पिछले हफ्ते ही तेहरान और कई प्रमुख शहरों में बड़े विस्फोटों की खबरें आई थी. इसके बाद जवाब में ईरान ने भी इज़राइल, बहरीन, कुवैत, कतर, सउदी अरब, UAE और जॉर्डन सहित पूरे क्षेत्र में अमेरिकी ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन से हमला किया था. जिससे मीडिल ईस्ट में संघर्ष बढ़ गया है और वहां के नागरिकों और प्रवासियों के लिए खतरा भी बढ़ गया है.
कृपया Google से लॉग इन करें टिप्पणी पोस्ट करने के लिए
Google से लॉग इन करें