Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...

दंगाइयों पर योगी सरकार का बड़ा एक्शन, संभल हिंसा के मुख्य आरोपी मोहम्मद वारिस पर लगा NSA

24 नवंबर 2024 को हुई संभल हिंसा में 5 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि 30 से ज्यादा अधिकारी और पुलिसकर्मी घायल हो गए थे.

Image Source- IANS
Loading Ad...

संभल के जामा मस्जिद के सर्वे के दौरान भड़की हिंसा पर अब योगी सरकार ने सबसे बड़ा एक्शन लिया है. सरकार ने दंगाइयों पर NSA लगाया है. CM योगी ने हिंसा के मास्टरमाइंड शारिक साठा के तीसरे गुर्गे मुहल्ला खग्गूसराय के मोहम्मद वारिस के खिलाफ NSA (राष्ट्रीय सुरक्षा कानून ) के तहत कार्रवाई की है.

24 नवंबर 2024 को हुई संभल हिंसा में 5 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि 30 से ज्यादा अधिकारी और पुलिसकर्मी घायल हो गए थे. इस मामले में 37 लोगों को नामजद किया गया था, जबकि 3750 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमे दर्ज किए थे. 

मॉनसून सत्र में पेश होगी संभल हिंसा की जांच रिपोर्ट 

Loading Ad...

संभल हिंसा की जांच रिपोर्ट को सदन के पटल पर रखा जाएगा. 24 जुलाई से UP विधानसभा के मॉनसून सत्र का आगाज होगा. इसके एक दिन पहले योगी सरकार ने दंगाई पर सख्त कार्रवाई की है. SIT और न्यायिक आयोग की यह 450 पन्नों की रिपोर्ट है. जिसमें हिंसा की पूरी प्लानिंग का पर्दाफाश किया गया है. 

Loading Ad...

किसके इशारे पर रची थी संभल हिंसा की साजिश? 

जानकारी के मुताबिक, हिंसा के आरोपी मोहम्मद वारिस के खिलाफ हथियार उपलब्ध कराने और गोली मारकर दो लोगों की हत्या करने का आरोप है. इससे पहले उसके साथी मुल्ला अफरोज और गुलाम पर भी NSA की कार्रवाई हो चुकी है. फिलहाल तीनों ही सलाखों के पीछे हैं. पुलिस कस्टडी में मुल्ला अफरोज और गुलाम ने माना है कि उन्होंने मास्टरमाइंड शारिक साठा के साथ इशारे पर हिंसा की साजिश रची थी. 

Loading Ad...

कैसे भड़की थी संभल में हिंसा? 

नवंबर 2024 में संभल की सिविल कोर्ट में एक याचिका दायर की गई, जिसमें दावा किया गया कि 16वीं सदी की शाही जामा मस्जिद (लगभग 500 साल पुरानी, ASI द्वारा संरक्षित) पहले श्री हरिहर मंदिर पर बनाई गई थी. कोर्ट ने ASI सर्वे का आदेश दिया. उसी दिन पहला सर्वे शांतिपूर्ण तरीके से हुआ. 

यह भी पढ़ें- 'कांग्रेस-सपा फेक नैरेटिव पार्टी...', मिशन 2027 के लिए CM योगी ने भरी हुंकार, कहा-किसानों के बाद अब छात्रों को भड़का रहा विपक्ष

Loading Ad...

यह भी पढ़ें

24 नवंबर 2024 को दूसरे सर्वे के दौरान अफवाह फैली की ASI की टीम मस्जिद को खोद रही है. इसके बाद बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए और नारेबाजी करने लगे, स्थिति तब बिगड़ गई जब पथराव किया गया. इसके बाद भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस और रबर बुलेट्स का इस्तेमाल किया. 

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...