Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...

कंधों पर कांवड़, दिल में माता-पिता की लंबी उम्र की चाह… नन्हीं महक-अनन्या हरिद्वार से पैदल लेकर पहुंची 11 लीटर जल

मेरठ की नन्हीं महक और अनन्या ने जब मां-बाप के लिए कांवड़ उठाई तो हर कोई उन्हें देखता रह गया. दोनों बहने हरिद्वार से मेरठ तक पैदल कांवड़ में जल लेकर पहुंची थीं.

Photo- हरिद्वार से कांवड़ लेकर आतीं अनन्या (दायें) और महक (बायें)
Loading Ad...

कंधे नन्हे हैं, लेकिन हौसला किसी बड़े कांवड़िये से कम नहीं. उम्र महज छह साल और संकल्प मम्मी-पापा की लंबी उम्र का, इसी संकल्प के साथ मेरठ की सगी बहनें महक और अनन्या हरिद्वार से 11 लीटर जल वाली कांवड़ उठाकर एक सप्ताह से पैदल चल रही थीं. सोमवार को दोनों बहनें कांवड़ लेकर मेरठ पहुंचीं तो रास्ते में जिसने भी उन्हें देखा, उनकी आस्था और हौसले को प्रणाम किए बिना नहीं रह सका. 

बच्चों के लिए लंबी उम्र की कामना रखते हुए माता-पिता व्रत रखते हैं, संकल्प लेते हैं मंदिर-मंदिर मन्नत मांगते हैं लेकिन क्या किसी बच्चे को माता-पिता की लंबी उम्र के लिए कठिन संकल्प को पूरा करते हुए देखा है? मेरठ की नन्हीं महक और अनन्या ने जब मां-बाप के लिए कांवड़ उठाई तो हर कोई उन्हें देखता रह गया. 

माता-पिता के लिए नन्हीं बेटियों का बड़ा कदम

Loading Ad...

दोनों बहनों ने हरिद्वार से कांवड़ यात्रा कर मेरठ में शिवलिंग पर जल अर्पित किया. महक और अनन्या ने बताया कि उन्होंने बाबा भोलेनाथ से अपने मम्मी-पापा की लंबी उम्र, अच्छे स्वास्थ्य और सुख-समृद्धि की कामना की है. 

Loading Ad...

यह भी पढ़ें- CM योगी का विपक्ष पर बड़ा हमला, बोले-पहले कब्रिस्तान की बाउंड्री पर खर्च होता था पैसा

इसी मनोकामना को लेकर दोनों ने हरिद्वार से कांवड़ उठाई. नन्हें कंधों पर कांवड़ का भार था, लेकिन चेहरे पर थकान से ज्यादा उत्साह नजर आया. नन्हीं बहनों की यह कांवड़ यात्रा केवल आस्था की कहानी नहीं, बल्कि माता-पिता के प्रति उनके निश्छल प्रेम की भी मिसाल बन गई है.

Loading Ad...

रास्ते भर मिला लोगों का आशीर्वाद

यह भी पढ़ें

एक सप्ताह पहले हरिद्वार से शुरू हुई दोनों बहनों की यात्रा सोमवार को मेरठ पहुंच तो कई जगह लोगों ने दोनों को देखकर उनका उत्साह बढ़ाया और आशीर्वाद दिया. महक और अनन्या भी पूरे उत्साह के साथ बोल बम के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ती रहीं. कांवड़ से लाए गए जल को शिवलिंग पर अर्पित करते समय उनकी सबसे बड़ी प्रार्थना यही थी कि उनके मम्मी-पापा हमेशा स्वस्थ रहें और उनकी उम्र लंबी हो. दोनों बच्चियां 6 साल की हैं लेकिन हौसला बड़़े-बड़ों को मात देने वाला है. मां-बाप के लिए कांवड़ उठाने वाली ये नन्हीं बेटियां अब हर कहीं चर्चा में हैं. 

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...