कांवड़ यात्रा अब केवल आस्था का पर्व नहीं रह गई, बल्कि यह प्रदेश के कारोबारी कैलेंडर की सबसे बड़ी घटनाओं में शुमार हो चुकी है. व्यापारिक अनुमानों के अनुसार इस बार पूरे प्रदेश में कांवड़ यात्रा से करीब 1500 करोड़ रुपये की अर्थव्यवस्था को गति मिलेगी, जिसमें अकेले मेरठ का हिस्सा करीब 300 करोड़ रुपये आंका जा रहा है. मुजफ्फरनगर, गाजियाबाद, सहारनपुर और बागपत जैसे प्रमुख पड़ावों को मिलाकर देखा जाए तो कांवड़ मार्ग के जिलों में समग्र कारोबार का आंकड़ा और भी बड़ा होने की संभावना है.
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राज्य04 Aug, 202605:47 PMमहादेव के स्लोगन वाली टी-शर्ट से लेकर योगी-बुलडोजर प्रिंट तक, युवाओं में कांवड़ के प्रति क्रेज से बाजारों में रौनक, छोटे दुकानदारों की भी चांदी
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राज्य20 Jul, 202601:36 PM"अखिलेश यादव चाहते हैं कि आजम खान बर्बाद हो जाएं", जौहर यूनिवर्सिटी विवाद पर बोले ओमप्रकाश राजभर
अखिलेश यादव के समाजवाद को लेकर भी राजभर ने तीखी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने कहा, "अगर वे समाजवाद की बात कर रहे हैं, तो उन्हें सबसे पहले परिवारवाद से बाहर निकलना पड़ेगा. उन्हें अपने ही परिवार के सदस्यों को टिकट न देकर इसकी शुरुआत करनी चाहिए. तभी वे सच में समाजवाद की बात कर सकते हैं."
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