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भीषण बाढ़ से प्रभावित नेपाली लोगों के लिए खड़ा हुआ संघ, हरसंभव मदद का दिया भरोसा, उतरेगी स्वयंसेवकों की फौज!
Nepal Floods Live Update: नेपाल में जलप्रलय पर RSS ने दुख जताया है. संघ ने राहत और बचाव कार्य का भरोसा जताते हुए सभी से की मदद की अपील की है. संघ ने लोगों से कहा है कि वो भी नेपाली भाईयों के साथ खड़े हों.
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नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ में हुई जनहानि और भारी नुकसान पर संघ ने गहरा दुख व्यक्त किया है. संघ ने इस दौरान नेपाली लोगों के साथ खड़े होने की अपील की है. RSS ने कहा कि वह इस आपदा से प्रभावित लोगों की हर संभव मदद के लिए तैयार है.
स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, नेपाल के तीन जिलों में भोटेकोसी नदी में आई अचानक बाढ़ के कारण 162 लोगों की मौत हो चुकी है. वहीं, सुरक्षाकर्मियों और पर्यटकों सहित सैकड़ों लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं.
RSS ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ नेपाल के उत्तरी सीमावर्ती क्षेत्रों में आई भीषण बाढ़ के कारण जान गंवाने वाले सभी लोगों के परिवारों, प्रभावित लोगों और घायलों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता है."
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संघ ने कहा, "बुधवार सुबह नेपाल में आई गंभीर बाढ़ ने रसुवा, धाडिंग, नुवाकोट, चितवन और पूर्वी नवलपरासी जिलों को प्रभावित किया है. इस भयानक आपदा की वजह से इन जिलों में हजारों लोग प्रभावित हुए हैं."
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नेपाल के उत्तरी सीमावर्ती क्षेत्र में आई भयंकर बाढ़ से प्रभावित सभी मृतकों के परिजनों एवं पीड़ित तथा घायलों के प्रति राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ गहरी संवेदना प्रकट करता है। नेपाल में आज बुधवार को सुबह आई भीषण बाढ़ के कारण रसुवा, धादिङ्ग, नुवाकोट, चितवन और पूर्वी नवलपरासी ज़िले…
— RSS (@RSSorg) ?ref_src=twsrc%5Etfw">August 26, 2026
आरएसएस ने कहा, "हम इस आपदा के पीड़ितों की सहायता के लिए पूरी तरह तैयार हैं और हर संभव मदद पहुंचाने का प्रयास करेंगे. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ सभी लोगों से अपील करता है कि इस अभूतपूर्व संकट की घड़ी में आगे बढ़कर हर संभव सहायता करें."
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काठमांडू पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, यह बाढ़ तब आई जब भोटेकोसी नदी की सहायक नदी 'ल्हेन्डे' का प्रवाह एक हिमस्खलन के कारण रुक गया. इसके बाद सबसे पहले नेपाल-चीन सीमा के पास रसुवागढ़ी क्षेत्र में स्थित तिमुरे प्रभावित हुआ. इस आपदा के कारण सैकड़ों पर्यटक और सुरक्षाकर्मी भी लापता बताए गए हैं.
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इसी बीच, भारत ने नेपाल में राहत और बचाव कार्यों में मदद के लिए 10 टन मानवीय सहायता भेजी है. नेपाल में भारत के राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने यह राहत सामग्री औपचारिक रूप से नेपाल के संस्कृति, पर्यटन और नागरिक उड्डयन मंत्री खड़क राज पौडेल को सौंपी. इस सहायता में बाढ़ और भूस्खलन से प्रभावित लोगों के लिए जरूरी राहत सामग्री शामिल है.
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विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत इस कठिन समय में नेपाल के साथ मजबूती से खड़ा है और हर संभव सहायता देने के लिए प्रतिबद्ध है.