रांची पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी, PLFI सुप्रीमो अमृत होरो गिरफ्तार,10 लाख रुपए का था इनाम
प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन पीएलएफआई यानी पीपुल्स लिबरेशन फ्रंट ऑफ इंडिया के सुप्रीमो अमृत होरो को रांची पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. अमृत होरो लंबे समय से पुलिस और कानून-व्यवस्था के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था.
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प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन पीएलएफआई (पीपुल्स लिबरेशन फ्रंट ऑफ इंडिया) के सुप्रीमो और कानून-व्यवस्था के लिए लंबे समय से चुनौती बने अमृत होरो को रांची पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है.
शादी समारोह में शामिल होने पहुंचने वाला था अमृत होरो
अमृत होरो पर झारखंड सरकार ने 10 लाख रुपए का इनाम घोषित कर रखा था. उसकी गिरफ्तारी को पीएलएफआई संगठन के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है.
पुलिस सूत्रों के अनुसार, रांची के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन को गुप्त सूचना मिली थी कि अमृत होरो रांची-खूंटी सीमावर्ती इलाके के जमाकेल गांव में एक शादी समारोह में शामिल होने पहुंचने वाला है. वह इसी गांव का रहने वाला है.
सूचना के आधार पर क्यूआरटी (क्विक रिस्पांस टीम) और अन्य पुलिस बलों की विशेष टीम गठित की गई. इसके बाद इलाके की घेराबंदी कर देर रात योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए अमृत होरो को गिरफ्तार कर लिया गया.
गुप्त स्थान पर हो रही पूछताछ
बताया जा रहा है कि अमृत होरो लंबे समय से पुलिस से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था और रांची तथा खूंटी के सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय था. पुलिस ने उसे गुप्त स्थान पर रखकर पूछताछ शुरू कर दी है. उसके नेटवर्क, सहयोगियों और संगठन की गतिविधियों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है. खूंटी पुलिस भी उससे पूछताछ करेगी.
कई गंभीर मामलों में था वांछित हैं होरो
अमृत होरो के खिलाफ रांची, खूंटी और आसपास के जिलों में रंगदारी, निर्माण स्थलों और रेलवे परियोजनाओं में लेवी वसूली, आगजनी, फायरिंग और पुलिस मुठभेड़ समेत कई गंभीर मामले दर्ज हैं.
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार वह पिछले कई वर्षों से उग्रवादी गतिविधियों में सक्रिय था और संगठन का शीर्ष कमांडर माना जाता था. करीब डेढ़ वर्ष पहले भी सुरक्षाबलों की अमृत होरो के साथ मुठभेड़ हुई थी, लेकिन वह जंगल और पहाड़ी इलाके का फायदा उठाकर भाग निकलने में सफल रहा था.
PLFI नेटवर्क पर पड़ेगा बड़ा असर
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पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उसकी गिरफ्तारी से पीएलएफआई के नेटवर्क और आर्थिक गतिविधियों पर बड़ा असर पड़ेगा. फिलहाल पुलिस उससे पूछताछ कर संगठन के अन्य सक्रिय सदस्यों और हथियारों के ठिकानों के बारे में जानकारी जुटाने में लगी है.