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Panchang 25 July 2026: देवशयनी एकादशी पर बन रहा खास संयोग, जानें शुभ मुहूर्त और राहुकाल

इस बार देवशयनी एकादशी शनिवार के दिन पड़ रही है, इसलिए इसका महत्व और भी बढ़ गया है. शनिवार का दिन भगवान शनिदेव को समर्पित माना जाता है. मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु की पूजा के साथ पीपल के पेड़ की पूजा करना भी शुभ होता है.

Image Credit: IANS/AI generated
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हिंदू धर्म में पंचांग का काफी महत्व होता है. कोई शुभ काम, यात्रा, निवेश या पूजा-पाठ करने से पहले पंचांग जरूर देखा जाता है. पंचांग हिंदू काल-गणना पद्धति है जो सूर्य, चंद्रमा और अन्य ग्रहों की स्थिति पर आधारित है.

देवशयनी एकादशी का धार्मिक महत्व

25 जुलाई 2026 (शनिवार) की बात करें, तो यह दिन धार्मिक नजरिए से बेहद खास रहने वाला है. इस दिन आषाढ़ महीने के शुक्ल पक्ष की देवशयनी एकादशी पड़ रही है. एकादशी तिथि सुबह 11 बजकर 35 मिनट तक रहेगी. मान्यता है कि इसी दिन भगवान श्री हरि विष्णु चार महीने के लिए योगनिद्रा में चले जाते हैं और इसके साथ ही चातुर्मास की शुरुआत हो जाती है. हिंदू धर्म में इस एकादशी का विशेष महत्व माना गया है. इस दिन भगवान विष्णु की पूजा, व्रत, ध्यान और दान-पुण्य करने से शुभ फल मिलने की मान्यता है.

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शनिवार के कारण बढ़ा दिन का महत्व

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इस बार देवशयनी एकादशी शनिवार के दिन पड़ रही है, इसलिए इसका महत्व और भी बढ़ गया है. शनिवार का दिन भगवान शनिदेव को समर्पित माना जाता है. मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु की पूजा के साथ पीपल के पेड़ की पूजा करना भी शुभ होता है. इसके अलावा काले तिल, सरसों का तेल और काले वस्त्रों का दान करने से शनि से जुड़े दोषों में राहत मिलने की धार्मिक मान्यता है.

इस दिन ज्येष्ठा नक्षत्र सुबह 7 बजकर 35 मिनट तक रहेगा. वहीं ब्रह्मा योग रात 9 बजकर 9 मिनट तक रहेगा.

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25 जुलाई 2026 का शुभ मुहूर्त

इस दिन शुभ कार्यों के लिए अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12 बजे से 12 बजकर 55 मिनट तक रहेगा. वहीं शुभ मुहूर्त सुबह 11 बजकर 39 मिनट से दोपहर 12 बजकर 31 मिनट तक बताया गया है. सुबह जल्दी उठकर पूजा और ध्यान करने वालों के लिए ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4 बजकर 16 मिनट से 4 बजकर 58 मिनट तक रहेगा.

वहीं, इस दिन राहुकाल सुबह 8 बजकर 44 मिनट से 10 बजकर 25 मिनट तक रहेगा. मान्यता है कि इस दौरान कोई नया काम शुरू करने या बड़े फैसले लेने से बचना चाहिए. इसके अलावा गुलिक काल सुबह 5 बजकर 22 मिनट से 7 बजकर 3 मिनट तक और यमघण्ट काल दोपहर 1 बजकर 46 मिनट से 3 बजकर 27 मिनट तक रहेगा.

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सूर्योदय, सूर्यास्त और चंद्रमा की स्थिति

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25 जुलाई को सूर्योदय सुबह 5 बजकर 22 मिनट पर होगा, जबकि सूर्यास्त शाम 6 बजकर 48 मिनट पर होगा. चंद्रमा का उदय दोपहर 3 बजकर 43 मिनट पर और चंद्रास्त देर रात 1 बजकर 20 मिनट पर होगा. इस दिन सूर्य कर्क राशि में और चंद्रमा वृश्चिक राशि में रहेंगे.

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