हरियाणा सरकार का बड़ा फैसला, अग्निवीरों को दोगुना आरक्षण,राशन डिपो से लेकर नौकरियों तक बड़ा बदलाव
Haryana: इन फैसलों का सीधा असर राज्य के युवाओं किसानों, मजदूरों और आम लोगों पर पड़ेगा. आइए जानते है अग्निवीरों के लिए कितना बढ़ा आरक्षण का दायरा.
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Agniveer: हरियाणा में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी कि अध्यक्षता में हुई कैबिनट में कई अहम फैसले लिए गए है. बैठक के बाद सीएम ने बताया कि कुल 7 एजेंड रखे गए थे, जिनमें से 6 को मंजूरी मिल गई है. इन फैसलों का सीधा असर राज्य के युवाओं किसानों, मजदूरों और आम लोगों पर पड़ेगा. आइए जानते है अग्निवीरों के लिए कितना बढ़ा आरक्षण का दायरा...
अग्निवीरों के लिए बढ़ा आरक्षण का दायरा
इस बैठक में सबसे बड़ा फैसला अग्निवीर (Agniveer)नीति से जुड़ा रहा. सरकार ने साल 2024 की नीति में संशोधन करते हुए अग्निवीरों को बड़ी राहत दी है.अब फॉरेस्ट गार्ड, वार्डर और माइनिंग गार्ड जैसे पदों में मिलने वाला आरक्षण 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत कर दिया गया है. सरकार का कहना है कि सेना में सेवा दे चुके युवाओं के अनुशासन और ट्रेनिंग का फायदा अब राज्य की सुरक्षा से जुड़े विभागों में भी लिया जाएगा.
बुजुर्गों और हाउसिंग सेक्टर को भी मिली राहत
बैठक में रिटायरमेंट हाउसिंग पॉलिसी में भी बदलाव किया गया है, ताकि बुजुर्गों के लिए बेहतर आवास सुविधाएं तैयार की जा सकें. इसके तहत फ्लोर एरिया रेशियो (FAR) को 2.25 से बढ़ाकर 3.0 कर दिया गया है. इस फैसले से रिटायरमेंट कॉलोनियों के निर्माण को बढ़ावा मिलेगा और वरिष्ठ नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी.
Ration डिपो में महिलाओं को बड़ा फायदा
सरकार ने राशन डिपो आवंटन से जुड़े नियमों में भी बदलाव किया है. अब 33% आरक्षण के तहत महिलाओं को प्राथमिकता दी जाएगी, खासकर एसिड अटैक पीड़ितों, महिला स्वयं सहायता समूहों और विधवा महिलाओं को. इसके साथ ही डिपो आवंटन प्रक्रिया को और पारदर्शी और आसान बनाने की कोशिश की गई है.
डिपो लाइसेंस और नियमों में बदलाव
नए फैसलों के अनुसार अब राशन डिपो के नए लाइसेंस 300 की जगह 500 राशन कार्ड पर दिए जाएंगे. इसके अलावा डिपो धारक की अधिकतम उम्र 60 साल रखी गई है, जिसे अच्छे काम और आवेदन के आधार पर 5 साल तक बढ़ाया जा सकता है.अगर किसी डिपो धारक की मृत्यु समय से पहले हो जाती है, तो उसका डिपो उसके कानूनी वारिस को दिय जा सकेगा.
ग्रामीण जमीन और प्रोजेक्ट्स पर नया नियम
सरकार ने गांव की जमीन से जुड़े नियमों में भी संशोधन किया है. अब ऐसे प्रोजेक्ट्स को राहत मिलेगी जिनके लिए रास्ते की समस्या आ रही थी. इसके लिए जमीन का कुछ हिस्सा प्रोजेक्ट और जन सुविधाओं के लिए तय नियमों के तहत ट्रांसफर किया जाएगा. इससे विकास कार्यों को तेजी मिलेगी और प्रोजेक्ट्स अटकेंगे नहीं.
मजदूरों की मजदूरी में बड़ा इजाफा
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सरकार ने सबसे राहत भरा फैसला श्रमिकों के लिए लिया है. अब अकुशल मजदूरों की न्यूनतम मजदूरी 11,257 रुपये से बढ़ाकर 15,200 रुपये प्रतिमाह करने का फैसला किया गया है, यह बदलाव 2026-27 में लागू होगा और इससे लाखों मजदूर परिवारों को सीधा फायदा मिलेगा.
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