×
जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

भगवान गणेश की पूजा से प्राप्त होती है सुख-समृद्धि, बढ़ता है व्यापार; जानिए बुधवार के विशेष व्रत की विधि

बुधवार का दिन भगवान गणेश को समर्पित है. इस दिन गणेश जी की पूजा करने से विशेष फल प्राप्त होते हैं. बुद्धि, वाणी और व्यापार में वृद्धि होती है. चलिए जानते हैं इस दिन के व्रत की विधि.

भगवान गणेश की पूजा से प्राप्त होती है सुख-समृद्धि, बढ़ता है व्यापार; जानिए बुधवार के विशेष व्रत की विधि
Meta AI
Advertisement

बुधवार, भगवान गणेश और बुध ग्रह का दिन माना जाता है. इस दिन गणेश जी की पूजा करने से विशेष फल प्राप्त होते हैं. बुद्धि, वाणी और व्यापार में वृद्धि होती है. सकंद पुराण के अनुसार बुधवार को भगवान गणेश की पूजा करने और व्रत रखने से बुद्धि, ज्ञान और सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है. इसके अतिरिक्त, बुधवार का व्रत करने से बुध ग्रह से संबंधित दोष भी दूर होते हैं.

 

कैसे करें व्रत?
व्रत शुरू करने के लिए आप सुबह ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करें, फिर मंदिर या पूजा स्थल को साफ करें और गंगाजल छिड़ककर शुद्ध करें. 

एक चौकी पर कपड़ा बिछाकर पूजन सामग्री रखें, फिर ईशान कोण (उत्तर-पूर्व दिशा) की ओर मुख करके आसन पर बैठें.

Advertisement

इसके बाद श्री गणेश को दूर्वा और पीले पुष्प अर्पित करें, साथ ही बुध देव को हरे रंग के वस्त्र चढ़ाएं. पूजा के दौरान श्री गणेश और बुध देव के "ॐ वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ. निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा॥" मंत्रों का जाप करें. 

फिर व्रत कथा सुनें और उनकी पूजा करें. अंत में, श्री गणेश को हलवे का भोग लगाएं और फिर श्री गणेश व बुध देव की आरती करें. उसके बाद आरती का आचमन करें.

पूजा समाप्त होने पर भोग को प्रसाद के रूप में सभी में बांट दें. शाम के समय फलाहार से व्रत का पारण करें. गरीबों को दान करें. इस दिन मांस-मदिरा का सेवन, झूठ बोलना, किसी का अपमान करना, बाल या दाढ़ी कटवाना और तेल मालिश करना वर्जित माना गया है. व्रत का उद्यापन 12 व्रतों के बाद किया जाता है.

किस दिन से होगी व्रत की शुरूआत?
आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि (सुबह 11 बजकर 58 मिनट तक) 2 जुलाई को पड़ रही है. इसी दिन चंद्रमा कन्या राशि में विराजमान रहेंगे और सूर्य मिथुन राशि में रहेंगे. दृक पंचांगानुसार, 2 जुलाई को सप्तमी तिथि सुबह 11 बजकर 58 मिनट तक रहेगी, फिर उसके बाद अष्टमी तिथि शुरू हो जाएगी. इस दिन अभिजीत मुहूर्त नहीं है और राहु काल का समय 12 बजकर 25 मिनट से शुरू होकर 02 बजकर 10 मिनट तक रहेगा.

Advertisement

यह भी पढ़ें

 

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
G
Guest (अतिथि)
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
अधिक
Advertisement
Advertisement
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें