Advertisement

Loading Ad...

खरगोन पुलिस का देसी पिस्तौल-कट्टों की फैक्ट्री पर छापा, 2.75 लाख का सामान जब्त

मध्य प्रदेश के खरगोन जिले में अवैध हथियार निर्माण के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. खरगोन पुलिस ने शुक्रवार को सिग्नूर गांव में रूपा नदी के किनारे चल रही एक अवैध हथियार फैक्ट्री पर छापा मारकर पांच आरोपियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया.

Image Credits: AI-generated image/for representation only
Loading Ad...

अवैध हथियार निर्माण के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल करते हुए खरगोन पुलिस ने शुक्रवार को सिग्नूर गांव में रूपा नदी के किनारे चल रही एक अवैध फैक्ट्री पर छापा मारा और पांच लोगों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया.

विश्वसनीय सूचना के आधार पर, गोगवान और सनावद पुलिस स्टेशनों की एक संयुक्त टीम ने शाम को यह कार्रवाई की.

2.75 लाख रुपये का सामान जब्त

Loading Ad...

पुलिस अधीक्षक रविंद्र वर्मा ने बताया कि अवैध हथियार निर्माण और तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष जिलाव्यापी अभियान के तहत की गई इस छापेमारी में लगभग 2.75 लाख रुपए मूल्य के भारी मात्रा में हथियार, गोला-बारूद के पुर्जे और निर्माण उपकरण जब्त किए गए.

Loading Ad...

पुलिस ने मौके से नौ देसी पिस्तौल और दो देसी बंदूकें (कट्टा) बरामद कीं.

अधिकारियों ने दो अधूरी पिस्तौलें, 11 बैरल, दो मैगजीन, चार अधूरी मैगजीन, तीन ग्राइंडिंग मशीनें, पिस्तौल और मैगजीन के सांचे, एक फर्नेस ब्लोअर, हथौड़े, चिमटे और स्क्रूड्राइवर भी जब्त किए.

Loading Ad...

बरामद की गई वस्तुएं स्पष्ट रूप से अवैध हथियारों के उत्पादन के लिए एक पूर्णतः कार्यशील सेटअप का संकेत देती हैं.

सभी आरोपी सिग्नूर गांव के निवासी

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विकास सिंह सिकलीगर (19), कान्हा सिकलीगर (30), सूरज सिंह सिकलीगर (40), गुरुबदल सिंह सिकलीगर (22) और रोशन सिंह (19) के रूप में हुई है. ये सभी पांचों सिग्नूर गांव के निवासी हैं.

Loading Ad...

प्रारंभिक जांच में पता चला है कि कुछ आरोपियों के खिलाफ पहले से ही शस्त्र अधिनियम के तहत मामले दर्ज हैं.

वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर कार्रवाई

वर्मा ने आगे बताया कि यह अभियान महानिरीक्षक अनुराग (इंदौर ग्रामीण) और उप महानिरीक्षक सिद्धार्थ बहुगुणा (निमार रेंज) के निर्देशों पर चलाया गया.

Loading Ad...

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) शकुंतला रुहाल ने छापेमारी का पर्यवेक्षण किया.

यह भी पढ़ें

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि खरगोन में अवैध हथियार निर्माण पर अंकुश लगाने का अभियान कारगर साबित हो रहा है. हम अब गिरफ्तार व्यक्तियों से पूछताछ कर रहे हैं ताकि आपूर्ति नेटवर्क का पता लगाया जा सके और गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान की जा सके.

अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...