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पाकिस्तान की पोल खोल गया हिजबुल कमांडर, कैमरे पर किया बड़ा दावा, Video
Hizbul Mujahideen Video: इस वीडियो में आतंकी ने ऑन कैमरा के दौरान दावा किया कि पाकिस्तान के अलग-अलग हिस्सों से आए आंतकवादी वर्षो तक जम्मू -कश्मीर में सक्रीय रहे और बड़ी संख्या में भारतीय सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ो में मारे गए.
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Hizbul Mujahideen Viral Video: आंतकवादी संगठन Hizbul Mujahideen के एक वरिष्ठ कमांडर का कथित वीडियो इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है. वीडियो में हिजबुल के डिप्टी सुप्रीम कमांडर बताया जा रहे Shamshir khan ऐसे बयान देते दिखाई देते है, जिन्हें भारत लंबे समय से उठाता रहा है. इस वीडियो में आतंकी ने ऑन कैमरा के दौरान दावा किया कि पाकिस्तान के अलग-अलग हिस्सों से आए आंतकवादी वर्षो तक जम्मू -कश्मीर में सक्रीय रहे और बड़ी संख्या में भारतीय सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ो में मारे गए. बीते जुलाई को पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर के मुजफ्फरबाद में आयोजित जमात-ए-इस्लामी की एक सभा को संबोधित करते हुए शमशीर खान ने कहा, ''लोलाब, कुपवाड़ा से लेकर कठुआ तक शायद ही कोई ऐसा कब्रिस्तान बचा हो, जहां पाकिस्तानी आंतकियों को दफ़न न किया गया हो.'' यह बयान इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि यह उन आरोपों से मेल खाता है, जिनमें भारत लंबे समय से पाकिस्तान पर सीमा पार आतंकवाद को समर्थन देने का आरोप लगाता रहा है..
पाकिस्तान और कश्मीर पर दिया अपना पक्ष
अपने वीडियो में शमशीर खान केवल आतंकियों की मौजूदगी का जिक्र करके नहीं रुका. उसने पाकिस्तान और कश्मीर के बीच रिश्तों को लेकर भी अपनी बात रखी और दावा किया कि दोनों के बीच कोई भी दूरी या नफरत पैदा नहीं कर सकता. हालांकि उसके इस बयान के राजनीतिक और सुरक्षा संबंधी मायने अलग-अलग स्तर पर निकाले जा रहे हैं. भारत का लंबे समय से कहना रहा है कि पाकिस्तान की धरती पर सक्रिय आतंकी संगठन जम्मू-कश्मीर में हिंसा फैलाने की कोशिश करते रहे हैं. ऐसे में यह कथित बयान एक बार फिर उसी बहस को सामने ले आया है.
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The mask is off once again.
Hizbul Mujahideen Deputy Supreme Commander Shamsheer Khan has openly admitted on camera that terrorists from across Pakistan have fought in Kashmir and said that “there isn’t a graveyard in Kashmir without the remains of Pakistani terrorists.”
This… pic.twitter.com/bJcsi3RwXa— Mike Lima (@MikeLimaBravo12) ?ref_src=twsrc%5Etfw">July 10, 2026Advertisement
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हिजबुल नेटवर्क पर लगातार कार्रवाई
इधर भारतीय सुरक्षा एजेंसियां भी आतंकवाद के खिलाफ अपनी कार्रवाई लगातार तेज किए हुए हैं. इसी क्रम में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने हाल ही में सोपोर के पांजला इलाके में पाकिस्तान में सक्रिय बताए गए हिजबुल मुजाहिद्दीन के सदस्य गुलाम मोहम्मद भट उर्फ हैदर की संपत्ति जब्त की थी. पुलिस का कहना है कि वह अवैध हथियारों का प्रशिक्षण लेने के लिए पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर गया था और वहीं से भारत विरोधी आतंकी गतिविधियों को संचालित कर रहा था. सुरक्षा एजेंसियो का मानना है कि आतंकवाद के आर्थिक और लॉजिस्टिक नेटवर्क पर प्रहार करना भी उतना ही जरूरी है जितना आतंकियों के खिलाफ अभियान चलाना.
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प्रधानमंत्री मोदी ने आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई का किया जिक्र
इस बीच प्रधानमंत्री Narendra Modi ने ऑस्ट्रेलिया में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए भारत की रक्षा क्षमता और आतंकवाद के खिलाफ की गई कार्रवाई का उल्लेख किया. कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि आज दुनिया भारत के रक्षा प्लेटफॉर्म की क्षमता और विश्वसनीयता को देख रही है. उन्होंने "ऑपरेशन सिंदूर" का जिक्र करते हुए कहा कि जब आतंकियों के ठिकानो पर कार्रवाई हुई, तो उसकी गूंज पूरी दुनिया ने सुनी. उन्होंने वहां मौजूद लोगों से पूछा कि क्या इस कार्रवाई ने उन्हें भी गर्व से भर दिया. प्रधानमंत्री का यह बयान भारत की आतंकवाद विरोधी नीति और सुरक्षा बलों के प्रति सरकार के विश्वास को दर्शाने वाला माना गया.
लगातार बनी हुई है सीमा पार आतंकवाद की चुनौती
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जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद का मुद्दा केवल सुरक्षा का नहीं बल्कि क्षेत्रीय स्थिरता का भी विषय रहा है. भारत लगातार यह कहता आया है कि सीमा पार से आतंकवाद को समर्थन मिलने के कारण हिंसा को बढ़ावा मिलता है, जबकि पाकिस्तान इन आरोपों से इनकार करता रहा है. ऐसे में हिजबुल कमांडर का यह कथित वीडियो और उसके बयान एक बार फिर दोनों देशों के बीच लंबे समय से चले आ रहे विवाद और सीमा पार आतंकवाद की बहस को केंद्र में ले आए हैं.