Advertisement
क्या आपके इलाके में PNG गैस मिलती है? ऐसे करें मिनटों में पता
PNG Connection: जिन इलाकों में पाइपलाइन गैस की सुविधा है, वहां लोग अब PNG कनेक्शन लेने के बारे में गंभीरता से सोच रहे हैं. वजह साफ़ हैं, एक बार कनेक्शन मिल जाए, तो बार बार सिलेंडर की झंझट खत्म हो जाती है और घर में गैस की सप्लाई लगातार बनी रहती हैं.
Advertisement
PNG Connection: मिडिल ईस्ट में चल रहे टेल संकट का असर अब धीरे -धीरे भारत में भी महसूस होने लगा है. कई जगहों पर LPG सिलेंडर की सप्लाई को लेकर लोगों के मन में चिंता बढ़ रही है, कहीं देरी हो रही है, तो कहीं लोग पहले से ज्यादा सावधानी बारात रहे है. ऐसे माहोल में जिन इलाकों में पाइपलाइन गैस की सुविधा है, वहां लोग अब PNG कनेक्शन लेने के बारे में गंभीरता से सोच रहे हैं. वजह साफ़ हैं, एक बार कनेक्शन मिल जाए, तो बार बार सिलेंडर की झंझट खत्म हो जाती है और घर में गैस की सप्लाई लगातार बनी रहती हैं.
PNG और LPG में असली फर्क क्या है
आज के समय में से ज्यादातर लोग रसोई में LPG सिलेंडर ही इस्तेमाल करते आए हैं. इसमें गैस सिलेंडर के जरिए घर तक पहुंचती है और खत्म होने पर दोबारा सिलेंडर की बुकिंग करनी पड़ती है, फिर इंतजार करना पड़ता है. वहीं PNG यानी पाइप्ड नेचुरल गैस (Piped Natural Gas )का तरीका थोड़ा अलग है. इसमें गैस पाइपलाइन के जरिए सीधे आपके किचन तक आती है बिलकुल पानी या बिजली की तरह. ना सिलेंडर उठाने की जरूरत, ना खत्म होने की चिंता.
सबसे अच्छी बात ये है कि किचन में जगह भी बचती है और आपको बार-बार यह सोचने की जरूरत नहीं रहती कि गैस खत्म तो नहीं होने वाली?
Advertisement
EPFO का बड़ा बदलाव, अब 3 दिन में होगा क्लेम सेटलमेंट, PF ट्रांसफर भी आसान
Advertisement
PNG क्यों बन रहा है लोगों की फर्स्ट चॉइस
वहीं अब धीरे-धीरे शहरों में लोग PNG की तरफ बढ़ रहे हैं, और इसके पीछे कई आसान और समझ आने वाले कारण हैं.इसमें सबसे पहले तो सिलेंडर बुक कराने का झंझट ही नहीं है. एक बार कनेक्शन मिल गया, तो गैस 24 घंटे उपलब्ध रहती है. इससे रोजमर्रा की जिंदगी भी काफी आसान हो जाती है.
दूसरा बड़ा फायदा यह है कि आपको सिर्फ उतनी ही गैस का बिल देना होता है, जितना आप इस्तेमाल करते हैं. यानी खर्च भी थोड़ा कंट्रोल में रहता है.
Advertisement
नया PNG कनेक्शन लेने में कितना समय लगता है?
अगर आपके इलाके में पहले से पाइपलाइन बिछी हुई है, तो कनेक्शन लेना ज्यादा मुश्किल नहीं होता. सबसे पहले आपको आवेदन करना होता है. इसके बाद गैस कंपनी की टीम आपके घर का एक छोटा सा सर्वे करती है, वो देखते हैं कि पाइपलाइन को आपके घर तक लाना संभव है या नहीं. अगर सब ठीक रहता है, तो इंस्टॉलेशन का काम शुरू हो जाता है. आमतौर पर 2 से 4 हफ्तों में प्रक्रिया आगे बढ़ जाती है और करीब 2-3 महीने के अंदर कनेक्शन मिल सकता है.
कैसे पता करें आपके इलाके में PNG है या नहीं
Advertisement
आप अपने शहर की गैस कंपनी की वेबसाइट पर जाकर चेक कर सकते हैं. वहां आपको अपना राज्य, शहर और पिनकोड डालना होता है. अगर आपका इलाका लिस्ट में आता है, तो आप तुरंत आवेदन कर सकते हैं.अगर ऑनलाइन जानकारी साफ न मिले, तो कस्टमर केयर नंबर पर कॉल करके भी पूछ सकते हैं.भारत के अलग-अलग शहरों में अलग-अलग कंपनियां ये सेवा देती हैं, जैसे दिल्ली-एनसीआर में Indraprastha Gas Limited, मुंबई में Mahanagar Gas Limited और गुजरात में Gujarat Gas Limited. इनकी वेबसाइट या हेल्पलाइन से आपको सही जानकारी मिल जाएगी.
यह भी पढ़ें
अगर आपके इलाके में PNG की सुविधा है, तो यह आज के समय में एक बेहतर और आरामदायक विकल्प बनता जा रहा है. खासकर तब, जब गैस सप्लाई को लेकर अनिश्चितता बढ़ रही हो.
यह ना सिर्फ आपकी रोज की परेशानियां कम करता है, बल्कि लंबे समय में एक सुविधाजनक और भरोसेमंद सिस्टम भी साबित होता है.