पंजाब में ड्रग्स के खिलाफ भगवंत मान सरकार का कड़ा प्रहार... 1498 FIR और 1867 गिरफ्तारियां, करोड़ों की संपत्ति हुई जब्त
पंजाब सरकार के ‘युद्ध नशेयों विरुद्ध’ अभियान के तहत कपूरथला पुलिस ने ड्रग्स के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है. पिछले एक साल में जिले में हेरोइन, अफीम और खसखस की बरामदगी में रिकॉर्ड बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसे पुलिस अभियान की बड़ी सफलता माना जा रहा है.
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पंजाब में नशे के खिलाफ चल रही लड़ाई अब और तेज होती दिखाई दे रही है. भगवंत मान सरकार के ‘युद्ध नशेयों विरुद्ध’ अभियान के तहत कपूरथला पुलिस ने ड्रग तस्करों के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है. हालिया आंकड़े बताते हैं कि जिले में न सिर्फ ड्रग्स की रिकॉर्ड बरामदगी हुई है, बल्कि तस्करों और उनके नेटवर्क पर भी लगातार शिकंजा कसा जा रहा है.
हेरोइन और अफीम की बरामदगी में भारी बढ़ोतरी
आधिकारिक डेटा के मुताबिक, 1 मार्च, 2025 से 30 अप्रैल, 2026 तक, कपूरथला पुलिस ने 30.4 kg हेरोइन बरामद की, जबकि कैंपेन से पहले के समय (1 जनवरी, 2024 से 28 फरवरी, 2025) में 10.6 kg हेरोइन बरामद की गई थी. जो 187% की बड़ी बढ़ोतरी दिखाता है। इस दौरान, खसखस की ज़ब्ती 170 kg से बढ़कर 452 kg से ज़्यादा हो गई, जो 166% की बढ़ोतरी है, जबकि अफीम की ज़ब्ती 6.845 kg से बढ़कर 11.517 kg हो गई, जो 68% की बढ़ोतरी दिखाती है.
नशीली गोलियों और कैप्सूल की बरामदगी भी बढ़ी
इसी दौरान, नशीली गोलियों और कैप्सूल की ज़ब्ती 38,327 से बढ़कर 72,480 हो गई, जो लगभग 89% की बढ़ोतरी है. इसके अलावा, चरस और बर्फ की ज़ब्ती, जो पहले न के बराबर थी, अब इस खास ऑपरेशन के दौरान दर्ज की गई है.
NDPS एक्ट के तहत कार्रवाई में तेज़ी
ज़ब्ती में बढ़ोतरी के साथ-साथ ऑपरेशन भी बढ़ा है. कैंपेन के दौरान, कपूरथला पुलिस ने NDPS एक्ट के तहत 1498 FIR दर्ज कीं और 1867 आरोपियों को गिरफ्तार किया, जबकि पिछली अवधि के दौरान 376 मामले दर्ज किए गए थे और 481 गिरफ्तारियां की गई थीं, जो क्रम से 298% और 288% की बड़ी बढ़ोतरी दिखाता है.
SSP गौरव तूरा ने क्या कहा?
जानकारी देते हुए, कपूरथला के सीनियर सुपरिटेंडेंट ऑफ़ पुलिस (SSP) गौरव तूरा ने कहा: 'पंजाब सरकार और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में 'ड्रग्स के खिलाफ जंग' कैंपेन ने ड्रग्स के खिलाफ फोकस्ड और इंटेंसिव एक्शन मुमकिन बनाया है. ज़ब्ती में यह बड़ी बढ़ोतरी कपूरथला पुलिस की सप्लाई चेन को तोड़ने और हर लेवल पर ड्रग ट्रैफिकिंग को रोकने की लगातार कोशिशों को दिखाती है.'
इंटेलिजेंस आधारित ऑपरेशन पर फोकस
अधिकारियों ने कहा कि ज़ब्ती और ऑपरेशन में यह बढ़ोतरी शहरी और ग्रामीण इलाकों में लगातार इंटेलिजेंस के आधार पर किए जा रहे ऑपरेशन का नतीजा है, जो ऑर्गनाइज़्ड ड्रग नेटवर्क को खत्म करने, इंटर-स्टेट नेक्सस की पहचान करने और बार-बार अपराध करने वालों को टारगेट करने पर फोकस करते हैं.
ड्रग नेटवर्क की आर्थिक कमर तोड़ने की तैयारी
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि ट्रैफिकर्स और उनके इकोनॉमिक एसेट्स, दोनों को टारगेट करने का यह दोहरा तरीका लंबे समय में ड्रग सिस्टम को खत्म करने के लिए ज़रूरी है. उन्होंने आगे कहा, 'यह ऑपरेशन एक लगातार मिशन के तौर पर चलाया जा रहा है। ड्रग्स के खतरे को खत्म करने और पंजाब के युवाओं की सुरक्षा के लिए हर मुमकिन कोशिश की जा रही है.'
करोड़ों की संपत्ति पर कार्रवाई
युद्ध नशेयों विरुद्ध कैंपेन में एक मज़बूत आर्थिक ऑपरेशन का हिस्सा भी शामिल है, जिसका मकसद ड्रग नेटवर्क की आर्थिक रीढ़ तोड़ना है. कपूरथला पुलिस ने 48 मामलों में कार्रवाई शुरू की, जिसमें ड्रग एक्टिविटी से जुड़ी ₹9.10 करोड़ से ज़्यादा की संपत्ति शामिल थी. इनमें से ₹8.60 करोड़ की संपत्ति ज़ब्त करने और फ्रीज़ करने के ऑर्डर पहले ही मिल चुके हैं.
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बताते चलें कि कपूरथला में चल रही कार्रवाई को पंजाब सरकार के एंटी-ड्रग अभियान की बड़ी सफलता माना जा रहा है. ड्रग्स की सप्लाई चेन तोड़ने से लेकर तस्करों की करोड़ों की संपत्तियों पर कार्रवाई तक, पुलिस अब हर स्तर पर सख्त रणनीति के साथ आगे बढ़ रही है. आने वाले समय में यह अभियान पंजाब में नशे के कारोबार पर कितना असर डालता है, इस पर सभी की नजर बनी हुई है.
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