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ओडिशा के कटक में बड़ा हादसा... SCB मेडिकल कॉलेज के ICU में आग लगने से 10 की मौत; मौके पर पहुंचे CM मोहन माझी
ओडिशा के कटक में सोमवार सुबह एक अस्पताल के ICU में आग लगने से बड़ा हादसा हो गया. घटना में कम से कम 10 मरीजों की मौत हो गई, जबकि 5 अन्य गंभीर रूप से झुलस गए.
ओडिशा के कटक शहर में सोमवार को एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जिसने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया. जानकारी के अनुसार शहर के एक बड़े अस्पताल के ICU वार्ड में अचानक आग लग गई, जिससे वहां अफरा-तफरी मच गई. शुरुआती रिपोर्ट में कम से कम 10 मरीजों की मौत की खबर सामने आई है, हालांकि अधिकारियों का कहना है कि मृतकों की संख्या की पुष्टि अभी की जा रही है. इस घटना के बाद अस्पताल प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है.
ICU में लगी आग से मरीजों में मची अफरा-तफरी
बताया जा रहा है कि आग ICU वार्ड में लगी, जहां कई गंभीर मरीज वेंटिलेटर और अन्य जीवन रक्षक उपकरणों के सहारे इलाज करा रहे थे. आग लगते ही धुआं तेजी से पूरे वार्ड में फैल गया, जिससे मरीजों को सांस लेने में दिक्कत होने लगी. इसी कारण कई मरीजों की हालत अचानक बिगड़ गई. खबर है कि कम से कम 10 मरीजों की मौत हो गई, जबकि 5 अन्य मरीज गंभीर रूप से झुलस गए हैं.
बचाव कार्य में जुटी टीमें
अस्पताल प्रशासन और कर्मचारियों ने तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया. कई मरीजों को सुरक्षित निकालकर अस्पताल परिसर के ही नए भवन में शिफ्ट किया गया. डॉक्टरों की टीम घायलों का इलाज करने में जुटी हुई है. घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया.
रात 2.30 बजे के आसपास हुआ हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक यह हादसा देर रात करीब 2.30 से 3 बजे के बीच हुआ. उस समय ICU में कई मरीज इलाज करा रहे थे. अचानक धुआं उठता देख अस्पताल स्टाफ और अन्य लोगों में घबराहट फैल गई. अधिकारियों का मानना है कि आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट हो सकती है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि जांच के बाद ही होगी. फिलहाल तकनीकी टीम और प्रशासनिक अधिकारी मामले की जांच में जुटे हैं.
मुख्यमंत्री ने लिया हालात का जायजा
घटना की जानकारी मिलते ही ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी अस्पताल पहुंचे और हालात का जायजा लिया. उन्होंने डॉक्टरों, अस्पताल प्रशासन और अधिकारियों से पूरी जानकारी ली. मुख्यमंत्री ने इस हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया और पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना जताई.
न्यायिक जांच के आदेश
मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि इस घटना की न्यायिक जांच कराई जाएगी, ताकि आग लगने की असली वजह सामने आ सके. साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि सभी प्रभावित मरीजों को सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट कर उनका इलाज बिना किसी बाधा के जारी रखा जाए.
मृतकों के परिजनों को 25 लाख रुपये की सहायता
सरकार ने मृतकों के परिवारों के लिए आर्थिक सहायता की भी घोषणा की है. मुख्यमंत्री ने प्रत्येक मृतक के परिजनों को मुख्यमंत्री राहत कोष से 25 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने का ऐलान किया है. इसके अलावा घायलों के इलाज के लिए भी बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं.
बहरहाल, इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर अस्पतालों में सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन तैयारी को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं. फिलहाल पूरे राज्य की नजरें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे यह साफ हो सकेगा कि आखिर इस भयावह घटना की असली वजह क्या थी.
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