×
जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

खाना पकाने का तरीका तय करता है आपकी सेहत, बेहतर स्वास्थ्य के लिए अपनाएं ये स्मार्ट कुकिंग टिप्स

तले हुए खाद्य पदार्थ स्वादिष्ट तो लगते हैं, लेकिन इनमें अधिक मात्रा में वसा और कैलोरी होती है। नियमित रूप से समोसा, पकौड़े, चिप्स, पूड़ी या अन्य तले हुए खाद्य पदार्थ खाने से मोटापा, मधुमेह और हृदय रोगों का जोखिम बढ़ सकता है। यदि कभी तला हुआ भोजन खाना भी हो, तो उसे सीमित मात्रा में और कभी-कभार ही खाना चाहिए। दैनिक भोजन में ताजे फल, हरी सब्जियां, दालें और साबुत अनाज को अधिक स्थान देना चाहिए।

खाना पकाने का तरीका तय करता है आपकी सेहत, बेहतर स्वास्थ्य के लिए अपनाएं ये स्मार्ट कुकिंग टिप्स
Image Credit: ChatGPT
Advertisement

आजकल की व्यस्त जिंदगी में लोग अपने स्वास्थ्य को लेकर काफी सतर्क हो गए हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं अच्छा स्वास्थ्य केवल पौष्टिक भोजन खाने से ही नहीं, बल्कि उसे सही तरीके से पकाने पर भी निर्भर करता है। खाना पकाते समय छोटी-छोटी सावधानियां लंबे समय तक हमें कई बीमारियों से बचाने में मदद करती हैं।

खाने में तेल की मात्रा को नियंत्रित करना बहुत आवश्यक

इसी सिलसिले में, भारत सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक बेहद महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। मंत्रालय ने बताया की खाना बनाते समय तेल की मात्रा को नियंत्रित करना बहुत आवश्यक है। अक्सर लोग बिना माप के तेल डाल देते हैं, जिससे भोजन में आवश्यकता से अधिक वसा शामिल हो जाती है। इसलिए, तेल डालने के लिए हमेशा चम्मच का उपयोग करना चाहिए। इससे तेल की सही मात्रा का उपयोग होता है और अतिरिक्त कैलोरी से बचाव होता है। कम तेल में बना भोजन हृदय के लिए बेहतर होता है तथा मोटापा, उच्च रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल जैसी समस्याओं के खतरे को भी कम करता है।

Advertisement

तला हुआ भोजन खाने से बचें

दूसरी महत्वपूर्ण आदत है बार-बार तला हुआ भोजन खाने से बचना। तले हुए खाद्य पदार्थ स्वादिष्ट तो लगते हैं, लेकिन इनमें अधिक मात्रा में वसा और कैलोरी होती है। नियमित रूप से समोसा, पकौड़े, चिप्स, पूड़ी या अन्य तले हुए खाद्य पदार्थ खाने से मोटापा, मधुमेह और हृदय रोगों का जोखिम बढ़ सकता है। यदि कभी तला हुआ भोजन खाना भी हो, तो उसे सीमित मात्रा में और कभी-कभार ही खाना चाहिए। दैनिक भोजन में ताजे फल, हरी सब्जियां, दालें और साबुत अनाज को अधिक स्थान देना चाहिए।

अपनाएं स्मार्ट कुकिंग 

स्वस्थ जीवन के लिए खाना पकाने के तरीकों का चुनाव भी बहुत महत्वपूर्ण है। चीजों को तेल में तलने के बजाय भाप में पकाना, भूनना, उबालना या ग्रिल करना अधिक लाभदायक होता है। भाप में पकी सब्जियों में विटामिन और खनिज अधिक मात्रा में सुरक्षित रहते हैं। ग्रिल या रोस्ट किए गए खाद्य पदार्थ कम तेल में तैयार हो जाते हैं और उनका स्वाद भी अच्छा रहता है। इसी प्रकार हल्का भूनकर या उबालकर बनाया गया भोजन पाचन के लिए भी बेहतर माना जाता है।

इसके अलावा, ताजी सामग्री का उपयोग करना, भोजन को अधिक देर तक न पकाना और आवश्यकता से अधिक नमक तथा चीनी का प्रयोग न करना भी स्मार्ट कुकिंग का हिस्सा है। घर का ताजा बना भोजन हमेशा बाहर के जंक फूड की तुलना में अधिक सुरक्षित और पौष्टिक होता है।

Advertisement

Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारी केवल सामान्य ज्ञान और जागरूकता के उद्देश्य से है. प्रत्येक व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति और आवश्यकताएं अलग-अलग हो सकती हैं. इसलिए, इन टिप्स को फॉलो करने से पहले अपने डॉक्टर या किसी विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
G
Guest (अतिथि)
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें