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'इस बार नहीं छोड़ेंगे', झारखंड में भूख हड़ताल पर डटे छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो, शरीर कमजोर, लेकिन जोश हाई!
जेपीएससी विवाद पर रांची में छात्रों का सत्याग्रह 11वें दिन भी जारी है. इसी बीच छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो के भूख हड़ताल का भी तीसरा दिन है. उन्होंने शारीरिक परेशानियों के बावजूद प्रण लिया है कि इस बार मांग पूरी होने तक नहीं छोड़ेंगे.
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झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी के विरोध में रांची में चल रहा छात्रों का सत्याग्रह मंगालवार को 11वें दिन भी जारी रहा. इस बीच आंदोलन को नया मोड़ देते हुए छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो भी छात्रों की मांगों के समर्थन में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल के तीसरे दिन भी डटे हुए हैं.
धरना स्थल पर मौजूद अभ्यर्थियों ने परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच, कथित अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग दोहराई. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि उनका आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण है और मांगें पूरी होने तक सत्याग्रह जारी रहेगा.
उन्होंने अपने भूख हड़ताल को लेकर छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि "मेरे पूरे शरीर में दर्द है. मेरे पैर बहुत भारी लग रहे हैं. मुझे चक्कर आ रहे हैं. मुझे सीने में और सांस लेने में भी दिक्कत हो रही है. मैं बहुत कमज़ोर हो गया हूं और बोलने में भी मुश्किल हो रही है. मेरा शरीर बहुत कमज़ोर हो गया है...इतनी तकलीफ के बावजूद इस बार नहीं छोड़ेंगे.
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आपको बता दें कि झारखंड में छात्र JPSC-14 परीक्षाओं की CBI जांच, PT के नतीजे रद्द करने और जवाबदेही तय करने की मांग को लेकर 11 दिनों से विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं. छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो की अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल का आज तीसरा दिन है.
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'मेरे पूरे शरीर में दर्द है. मेरे पैर बहुत भारी हो रहा है, मुझे चक्कर आ रहे हैं. मुझे सीने में और सांस लेने में भी दिक्कत हो रही है...बहुत कमज़ोर हो गया हूं और बोलने में भी परेशानी हो रही है... मेरा शरीर बहुत कमज़ोर हो गया है...लेकिन इस बार नहीं छोड़ेंगे...'
— NMF NEWS (@NMFNewsNational) ?ref_src=twsrc%5Etfw">August 4, 2026
झारखंड में छात्रों… pic.twitter.com/gOplk4FzVP
भूख हड़ताल की घोषणा करते हुए देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि सरकार छात्रों की मांगों पर ठोस निर्णय नहीं ले रही है. आंदोलनकारी छात्र 14वीं जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा को रद्द करने, विवादित परीक्षा एजेंसी द्वारा आयोजित जेपीएससी, जेएसएससी-सीजीएल और अन्य भर्ती परीक्षाओं की निष्पक्ष जांच तथा दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.
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महतो ने आरोप लगाया कि जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी हुए लगभग एक माह बीत चुका है, लेकिन राज्य सरकार की ओर से अब तक कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया है. इससे अभ्यर्थियों में निराशा और आक्रोश लगातार बढ़ रहा है. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द सकारात्मक पहल नहीं की तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा.
झारखंड में अपनी मांगों को लेकर 11वें दिन भी डटे छात्र और अभ्यर्थी, क्या है मांग, छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो से सुनिए.
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वीडियो दो दिन पुराना है, प्रदर्शन अब भी जारी है...#Jharkhand #JSSC #JPSC #TGT #DevendranathMahto pic.twitter.com/u37sJAyWib
इस बीच, जांच एजेंसियों ने जेपीएससी भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी की जांच के दौरान कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां जुटाई हैं. इन्हीं तथ्यों के आधार पर जांच का दायरा अब जेपीएससी के अलावा झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) की कुछ भर्ती परीक्षाओं तक भी बढ़ाया गया है. हालांकि, इस संबंध में जांच एजेंसियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है. उल्लेखनीय है कि 14वीं जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम जारी होने के बाद अभ्यर्थियों ने परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए आंदोलन शुरू किया था.
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जेपीएससी भर्ती परीक्षा गड़बड़ी मामला: CID की 20 से ज्यादा ठिकानों पर रेड,
इसी बीच बीते दिन झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की 14वीं सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा में अनियमितताओं की जांच कर रही राज्य सीआईडी ने सोमवार सुबह से बड़ी कार्रवाई शुरू की. एजेंसी की अलग-अलग टीमों ने रांची, धनबाद, बोकारो, देवघर, गोड्डा, रामगढ़, हजारीबाग, पलामू समेत कई जिलों में 20 से अधिक ठिकानों पर एक साथ दबिश दी.
इनमें रांची के धुर्वा और नामकुम क्षेत्र सहित विभिन्न स्थानों पर संचालित कुछ कोचिंग संस्थानों और उनसे जुड़े लोगों के ठिकाने भी शामिल हैं. छापेमारी उन व्यक्तियों और संस्थानों पर की जा रही, जिनके नाम अब तक की जांच में सामने आए हैं या जिनके परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े होने की आशंका है.
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जांच टीमों ने कई स्थानों से दस्तावेज, कंप्यूटर, लैपटॉप, मोबाइल फोन, डिजिटल स्टोरेज डिवाइस और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच की. कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य भी अपने कब्जे में लिए गए हैं, जिनका फोरेंसिक विश्लेषण कराया जाएगा.
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इससे पहले सीआईडी ने जेपीएससी कार्यालय और परीक्षा कराने वाली एजेंसी टीडीपीएल के दफ्तर में छापेमारी कर परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े कई दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड जब्त किए थे. जांच के दौरान अब तक आयोग और परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े 11 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है. इनसे पूछताछ के आधार पर ही जांच का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है.
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जेपीएससी भर्ती परीक्षा गड़बड़ी मामले में पूर्व अध्यक्ष से पूछताछ
इसी सिलसिले में जेपीएससी के पूर्व अध्यक्ष और राज्य के पूर्व मुख्य सचिव एल. ख्यांगते से भी कई चरणों में पूछताछ की जा चुकी है. उन्हें सोमवार को भी पूछताछ के लिए बुलाया गया है. जांच एजेंसी परीक्षा संचालन, प्रश्नपत्र प्रबंधन, मूल्यांकन प्रक्रिया और अन्य पहलुओं से जुड़े तथ्यों की कड़ियां जोड़ने में जुटी है. बरामद दस्तावेजों और डिजिटल डेटा के विश्लेषण के आधार पर आने वाले दिनों में मामले में नए खुलासे हो सकते हैं और कई लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की संभावना है.
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उल्लेखनीय है कि 14वीं जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद अभ्यर्थियों ने परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर आंदोलित हैं. इस मामले को लेकर रांची में छात्रों का आंदोलन लगातार जारी है और परीक्षा रद्द कर निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है.