पंजाब के सरपंचों को मान सरकार का बड़ा तोहफा, 15 अगस्त से खातों में आएंगे 10 हजार रुपए
भगवंत मान ने बताया कि कई गांवों और पंचायतों के पास बहुत जमीन है, जिससे ठेके वगैरह के पैसे आ जाते हैं और सरपंच का काम चल जाता है. लेकिन कई गांवों के पास तो पंचायती जमीनें ही नहीं है, वहां आमदनी जीरो है और फिर सरपंच बदनाम होते हैं.
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पंजाब सरकार सभी सरपंचों को अब हर महीने 15 हजार रुपए मानदेय देगी. बुधवार को बठिंडा में आयोजित सरपंच मिलनी कार्यक्रम के दौरान सीएम भगवंत सिंह मान ने यह घोषणा कर राज्य के करीब 13 हजार पिंडों के सरपंचों को बड़ा तोहफा दिया. उधर, आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इस फैसले को ऐतिहासिक बताते हुए पंजाब के सभी सरपंचों को बधाई दी है. उन्होंने कहा कि ये एक ऐतिहासिक निर्णय है जो केवल आम आदमी पार्टी ही ले सकती है. देश में पहली बार सरपंचों को इतनी सैलरी मिलेगी. भगवंत मान साहिब को ये निर्णय लेने के लिए बधाई.
15 अगस्त से मिलेगा 10 हजार वेतनमान
बठिंडा में आयोजित सरपंच मिलनी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम भगवंत सिंह मान ने कहा कि 15 अगस्त को देश आजाद हुआ था और 15 अगस्त 2027 को देश को आजाद हुए 80 साल हो जाएंगे. 15 अगस्त को देश आजाद हुआ और देश में लोकतंत्र की नींव रखी गई. लोकतंत्र की नींव की पहली ईंट सरपंच होते हैं, लेकिन सरपंचों को ही सबसे ज्यादा बदनाम करके रख दिया गया है.
भगवंत सिंह मान ने कहा कि सरपंच मुझे अपना छोटा-बड़ा भाई, बेटा या भतीजा समझें. इस 15 अगस्त से हर एक सरपंच के खाते में 10 हजार रुपए मिला करेंगे. इसे 10 हजार रुपए मानदेय कह लें, वेतन कह लें या चाय-पानी कह लें, जो मर्जी कह लें, अब सरपंचों को हर महीने 10 हजार रुपए मिला करेंगे.
13 हजार पिंडों के सरपंचों के मानदेय पर प्रतिमाह 14 करोड़ खर्च आएगा
भगवंत मान ने कहा कि पंजाब में 13,000 से ज्यादा गांव हैं, अगर 14 हजार भी मान लें, तो यह महीने का लगभग 14 करोड़ रुपए बनता है. 14 करोड़ रुपए महीने का मतलब सालाना 150 करोड़ रुपए के आसपास खर्च होगा, जो सरकार के लिए कोई बड़ी बात नहीं है. इससे कम से कम सरपंचों का मान-सम्मान तो बना रहेगा और उन्हें पैसों के लिए इधर-उधर नहीं देखना पड़ेगा.
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भगवंत मान ने बताया कि कई गांवों और पंचायतों के पास बहुत जमीन है, जिससे ठेके वगैरह के पैसे आ जाते हैं और सरपंच का काम चल जाता है. लेकिन कई गांवों के पास तो पंचायती जमीनें ही नहीं है, वहां आमदनी जीरो है और फिर सरपंच बदनाम होते हैं. इसलिए इस 15 अगस्त से 10 हजार रुपए महीना मानदेय सरपंचों के खातों में आ जाएगा.