जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

खाली कराया गया दिल्ली का जंतर-मंतर, पुलिस ने मंच भी उखाड़ फेंका, धरना स्थल पर प्रदर्शनकारियों के आने पर रोक

दिल्ली के जंतर मंतर को खाली करा लिया गया है. सोनम वांगचुक और CJP के कार्यकर्ताओं के धरने वाली जगह जिस पर भूख हड़ताल की जा रही थी, उस मंच को दिल्ली पुलिस ने हटा दिया है। जंतर-मंतर को पूरी तरह खाली करा दिया गया है और तय विरोध-प्रदर्शन वाली जगह पर प्रदर्शनकारियों के आने पर रोक लगा दी गई है.

Author
20 Jul 2026
( Updated: 20 Jul 2026
06:56 PM )
खाली कराया गया दिल्ली का जंतर-मंतर, पुलिस ने मंच भी उखाड़ फेंका, धरना स्थल पर प्रदर्शनकारियों के आने पर रोक
VIDEOGRAB- IANS
Advertisement

कॉक्रोच जनता पार्टी (CJP) के आवाहन पर जंतर-मंतर पर सोमवार को बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी जमा हुए और कथित नीट पेपर लीक मामले को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए 'चलो संसद' मार्च निकालने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प होने से स्थिति तनावपूर्ण हो गई। सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें बैरिकेड पार करने से रोकने की कोशिश की। कुछ प्रदर्शनकारी विजय चौक तक पहुंच गए, जहां सुरक्षाबलों ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े. 

जंतर मंतर को खाली कराया गया

इसी बीच ख़बर सामने आ रही है कि जंतर मंतर को खाली करा लिया गया है. जिस जगह सोनम वांगचुक का स्टेज बना था उसे सुरक्षा बलों ने हटा दिया है. एजेंसी की ख़बर के मुताबिक धरने वाली जगह अब कचड़े के अलावा कुछ नहीं बचा है.

भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने छोड़े आंसू गैस के गोले

Advertisement

प्रदर्शन के दौरान भारी सुरक्षा व्यवस्था थी और दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों की आवाजाही को नियंत्रित करने के लिए नई दिल्ली जिले में कई जगहों पर बैरिकेडिंग की थी। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, प्रदर्शनकारी विरोध स्थल पर जमा हुए और भीड़ लगातार बढ़ती गई। मौके की तस्वीरों में सैकड़ों छात्र और युवा प्रदर्शनकारी झंडे लिए और नारे लगाते हुए दिखाई दिए। कई प्रदर्शनकारी बैरिकेड के आगे बढ़ने की कोशिश करते दिखे, जिसके बाद व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिसकर्मियों ने उन्हें बार-बार पीछे धकेला।

दिल्ली पुलिस ने अफवाहों से बचने की अपील की

इसी बीच राष्ट्रीय राजधानी के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की ओर से जारी विरोध प्रदर्शन के बीच अतिरिक्त पुलिस आयुक्त व जनसंपर्क अधिकारी राजीव रंजन ने प्रदर्शनकारियों से अपील की है कि वे कानून व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करें.

Advertisement

अतिरिक्त पुलिस आयुक्त ने एक वीडियो संदेश में कहा कि दिल्ली पुलिस सभी प्रदर्शनकारियों से संयम बरतने और शांति व कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की अपील करती है. सभी प्रदर्शनकारियों से अनुरोध है कि वे शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन करें. किसी भी गैर-कानूनी या हिंसक गतिविधि में शामिल न हों और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों द्वारा दिए गए कानूनी निर्देशों का पालन करें.

सुऱक्षा के किए गए थे कड़े बंदोबस्त

वहीं प्रदर्शन को लेकर जंतर-मंतर पर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था और सोमवार सुबह ही प्रदर्शन वाली जगह पर दंगा-रोधी गाड़ी भी पहुंच गई थी। चूंकि प्रदर्शनकारियों ने संसद की ओर मार्च करने की योजना बनाई थी, इसलिए अधिकारियों ने इलाके के आसपास पाबंदियां भी लगा दी थीं। मंडी हाउस मेट्रो स्टेशन के पास इकट्ठा होने के बाद कई छात्र जंतर-मंतर पहुंचे और प्रदर्शन स्थल की ओर बढ़ते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ नारे लगाए। जैसे-जैसे और छात्र मार्च में शामिल होते गए, प्रदर्शन और तेज हो गया।

Advertisement

पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को सुरक्षा बैरिकेड पार करने से रोकने के लिए बल का प्रयोग किया और पुलिस व प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प के दौरान लाठीचार्ज की भी खबर मिली। हालात तनावपूर्ण बने रहे क्योंकि सुरक्षाकर्मी प्रदर्शनकारियों को प्रतिबंधित इलाकों की ओर बढ़ने से रोकने की कोशिश में जुटे रहे। प्रदर्शन के बीच एहतियात के तौर पर जंतर-मंतर के पास स्थित पटेल चौक मेट्रो स्टेशन को बंद कर दिया गया।

पुलिस ने प्रदर्शन स्थल और उसके आसपास सिग्नल जैमर भी लगाए थे। कुछ प्रदर्शनकारियों का दावा है कि प्रदर्शन स्थल के पास मोबाइल फोन की कनेक्टिविटी पर असर पड़ा। यहां पर दिल्ली पुलिस के लगभग 5,000 जवानों को तैनात किया गया और दिल्ली की सीमाओं पर भी सुरक्षा बढ़ा दी गई। दिल्ली-गाजीपुर बॉर्डर पर पुलिस की तैनाती देखी गई। प्रदर्शनकारियों को केरल हाउस के पास रोक दिया गया, जब वे जंतर-मंतर पर तय प्रदर्शन स्थल की ओर बढ़ने की कोशिश कर रहे थे।

दिल्ली पुलिस ने बताया कि मीडिया के कुछ हिस्सों में जंतर-मंतर पर दिल्ली पुलिस द्वारा हिंसा या लोगों को हिरासत में लेने की छिटपुट घटनाओं का जिक्र किया गया है। यह सूचित किया जाता है कि ऐसी कोई घटना नहीं हुई है और विरोध-प्रदर्शन को पेशेवर तरीके से संभाला जा रहा है। सभी से अनुरोध है कि वे किसी भी अफवाह या गलतफहमी पर ध्यान न दें और उस जगह व उसके आसपास शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में दिल्ली पुलिस का सहयोग करें।

यह भी पढ़ें

बता दें कि जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन एक महीने से ज्यादा समय से चल रहा है। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग नीट पेपर लीक से जुड़े आरोपों के कारण केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा है। प्रदर्शनकारियों ने सरकार पर परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित न कर पाने का आरोप लगाया है और जिम्मेदार लोगों से जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
G
Guest (अतिथि)
LIVE
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें