'अखिलेश पाकिस्तान भाग जाएंगे…', ओमप्रकाश राजभर का सपा मुखिया पर तीखा हमला; जमकर साधा निशाना
ओपी राजभर ने अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि वह शिक्षा, स्वास्थ्य और पिछड़ों के मुद्दे पर बात नहीं करते. राजभर ने तंज कसा कि आने वाले दिनों में अखिलेश यादव पाकिस्तान भाग जाएंगे.
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उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के प्रमुख ओम प्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तीखी प्रतिक्रिया दी है. सपा के 'पीडीए' को लेकर राजभर ने तंज करते हुए कहा कि आने वाले दिनों में अखिलेश यादव पाकिस्तान भाग जाएंगे.
अखिलेश यादव पर ओपी राजभर का हमला
मंत्री ओपी राजभर ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए कहा, 'अखिलेश यादव न तो शिक्षा की बात कर रहे हैं, न पिछड़े वर्गों के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण बांटने की, न ही स्वास्थ्य सेवा या शांति और सद्भाव की। वह हमेशा नफरत की भाषा का इस्तेमाल करते हैं और नफरत की ही बातें करते रहते हैं. आने वाले दिनों में आप देखेंगे कि अखिलेश यादव ही पाकिस्तान भाग जाएंगे.'
दिल्ली में आरक्षण के खिलाफ विरोध प्रदर्शन पर बोले राजभर
मंत्री ओपी राजभर ने कहा, 'हम आरक्षण का समर्थन करते हैं. बाबासाहेब बीआर अंबेडकर ने जो आरक्षण दिया था, उसका मकसद समाज के सबसे निचले तबके के लोगों को विकास की मुख्यधारा में लाना था. आरक्षण सिर्फ एक व्यक्ति या एक समुदाय को नहीं दिया जा रहा है.' उन्होंने कहा कि संविधान में चार वर्ग हैं, सभी चारों वर्गों को लाभ मिल रहा है. सामान्य वर्ग के लिए भी 10 प्रतिशत आरक्षण है, पिछड़े वर्गों को 27 प्रतिशथ और अनुसूचित व अनुसूचित जनजातियों को 22.5 प्रतिशत आरक्षण मिल रहा है.
पिछड़े वर्गों सहित सभी को मिल रहा आरक्षण
पिछड़े वर्गों और दलितों सहित सभी को आरक्षण मिल रहा है. हालांकि, लोग सिर्फ पिछड़े और दलित कम्युनिटी पर ही ध्यान देते हैं क्योंकि वे आबादी का एक बड़ा हिस्सा हैं, लगभग 85 प्रतिशत, इसीलिए ऐसा लगता है कि उन्हें 85 प्रतिशत हिस्सा मिल रहा है. चीनी की बढ़ती कीमतों पर मंत्री ओपी राजभर ने कहा, 'यह तो तय है कि सभी को कानून के दायरे में रहकर काम करना होगा। अगर कोई हद पार करता है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई होना स्वाभाविक है.'
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बहरहाल, ओपी राजभर के बयान के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है. अखिलेश यादव पर उनके तीखे हमले और आरक्षण को लेकर दिए गए बयान ने राजनीतिक बहस को और गरमा दिया है. वहीं, चीनी की बढ़ती कीमतों पर भी उन्होंने कानून के दायरे में कार्रवाई की बात कही है.
(INPUT-IANS)