भारतीय सेना और सरकार के खिलाफ पाकिस्तान की साजिश का पर्दाफाश, AI के जरिए पूर्व सेना प्रमुख का बदला गया बयान
Fact Check: पीआईबी (PIB) ने पाकिस्तान की उस घिनौनी साजिश का पर्दाफाश किया है, जिसके तहत वह एआई (AI) तकनीक का दुरुपयोग कर भारतीय सेना और सरकार की छवि खराब करने की कोशिश कर रहा था.
Follow Us:
अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष के बीच पाकिस्तानी सोशल मीडिया अकाउंट्स की तरफ से भारत को लेकर फर्जी खबरें फैलाने की कोशिश लगातार जारी हैं. हालांकि, भारत के प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो और विदेश मंत्रालय के फैक्ट चेक अकाउंट लगातार पाकिस्तान के इस फर्जी प्रोपेगैंडा का पर्दाफाश कर रहे हैं.
ताजा मामले में पीआईबी ने बताया कि पाकिस्तानी प्रोपेगेंडा अकाउंट्स एक फर्जी वीडियो सर्कुलेट कर रहे हैं. इस वीडियो में पूर्व आर्मी चीफ, जनरल मनोज पांडे (रिटायर्ड), को भारतीय सेना के बारे में गलत बयान देते हुए दिखाया गया है.
🚨 DEEPFAKE ALERT!
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) March 16, 2026
Pakistani propaganda accounts are circulating a digitally manipulated video, falsely showing the former Chief of Army Staff, Gen Manoj Pande (Retd.), making false statements regarding the Indian Army. #PIBFactCheck
❌ Beware! This is an #AI-generated… pic.twitter.com/6zDZKuCjXs
भारतीय सेना के खिलाफ पाकिस्तानी दुष्प्रचार का पर्दाफाश
पीआईबी (PIB) फैक्ट चेक ने एआई से बनाई गई फेक वीडियो और ओरिजिनल वीडियो लगाकर सावधान रहने की अपील की और कहा, "सावधान! यह एक एआई-जनरेटेड डीपफेक वीडियो है. पूर्व आर्मी चीफ जनरल मनोज पांडे (रिटायर्ड) ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है. पाकिस्तानी प्रोपेगेंडा अकाउंट्स ऐसे मैनिपुलेटेड वीडियो को एक कोऑर्डिनेटेड डिसइन्फॉर्मेशन कैंपेन के हिस्से के तौर पर सर्कुलेट कर रहे हैं ताकि जनता को गुमराह किया जा सके और भारतीय सेना पर भरोसा कम किया जा सके. जानकारी साझा करने से पहले हमेशा आधिकारिक और भरोसेमंद सोर्स से जानकारी सत्यापित करें.”
पूर्व आर्मी चीफ का फर्जी एआई वीडियो वायरल
आपको बता दें, एआई की मदद से छेड़छाड़ करने के बाद पूर्व आर्मी चीफ जनरल मनोज पांडे (रिटायर्ड) का वीडियो साझा किया जा रहा है, जिसमें वे इजरायल का समर्थन करने के नुकसान के बारे में बात कर रहे हैं. वे कह रहे हैं कि इसका सबसे बड़ा नुकसान यह हुआ कि हमारी भारतीय सेना को हमेशा एक एथिकल फोर्स बनने की ट्रेनिंग दी गई थी.
फेक वीडियो से सेना और सरकार पर झूठे आरोप
फेक वीडियो में उनके हवाले से आगे कहा जाता है, "मेरी बात याद रखना, यह हालात पूरी तरह से बगावत की तरफ जा रहे हैं. हम सबने देखा है कि असम में क्या हो रहा है. हमारी आर्मी को इज़राइली इंस्ट्रक्टर ट्रेनिंग दे रहे हैं, जिनका पहला इंस्ट्रक्शन यह होता है कि सभी मुस्लिम, सिख, रेंगमा और कुकी इंसान नहीं हैं. वे पहले उन्हें इंसानियत से दूर करना सिखाते हैं और फिर उन पर जुल्म किया जाता है. यह अच्छा नहीं है. अगर यह चलता रहा तो इससे अंदरूनी बगावत हो जाएगी”.
पूर्व आर्मी चीफ जनरल मनोज पांडे ने क्या कहा था?
यह भी पढ़ें
वहीं हकीकत में पूर्व आर्मी चीफ जनरल मनोज पांडे (रिटायर्ड) ने कहा था, "हमें न सिर्फ अभी के सुरक्षा खतरों की चुनौतियों से निपटने का अंदाजा लगाना चाहिए, बल्कि यह भी अंदाजा लगाना चाहिए कि भविष्य में क्या होने वाला है. एक बार जब आप अंदाजा लगा लेते हैं, तो आपको उसी हिसाब से खुद को तैयार करना होगा. आपके पास वे काबिलियत होनी चाहिए जो आपको भविष्य की लड़ाइयों को अच्छे से लड़ने में काबिल बनाए. इसलिए सेना को भविष्य के लिए तैयार रहना होगा. आम तौर पर सेनाओं पर पिछली लड़ाई की तैयारी करने का आरोप लगाया जाता है. आपको उसी हिसाब से तैयारी करनी होगी, लेकिन यह काम नहीं करेगा. हमें याद रखना होगा कि हम नई पीढ़ी की क्षमताएं हासिल कर रहे हैं”.
कृपया Google से लॉग इन करें टिप्पणी पोस्ट करने के लिए
Google से लॉग इन करें