Advertisement

Loading Ad...

पूर्व आर्मी चीफ नरवणे की बुक Four Stars of Destiny क्यों नहीं हुई पब्लिश? जानें सेना से जुड़े ये सख्त नियम

राहुल गांधी ने आरोप लगाए थे कि सरकार ने पूर्व आर्मी चीफ की किताब को प्रकाशित नहीं होने दिया. इसके बाद आर्मी से जुड़े नियमों और राष्ट्रीय सुरक्षा पर बहस छिड़ गई.

Loading Ad...

लोकसभा में बजट सत्र के चौथे दिन जमकर हंगामा बरपा. सदन की कार्यवाही बार-बार स्थगित होती रही. शोर-शराबे के बीत रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बार-बार अपनी सीट से उठ खड़े हुए. ये सारा बखेड़ा खड़ा हुआ राहुल गांधी के एक दावे के बाद. जिसमें उन्होंने चीनी सैनिकों के भारतीय सीमा में घुसने का दावा किया और इसके लिए उन्होंने पूर्व आर्मी चीफ जनरल मनोज मुकुंद नरवणे की किताब का हवाला दिया. इसके बाद लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने राहुल गांधी को सदन के नियम याद दिला दिए. 

पूर्व आर्मी चीफ की किताब में आखिर ऐसा क्या है? क्या सरकार ने इस किताब के पब्लिश होने पर सच में रोक लगाई है? क्या कहते हैं नियम? इस विवाद से जुड़े हर एक पहलू को जानने की कोशिश करते हैं. 

सोमवार 3 जनवरी को राहुल गांधी ने भारतीय सीमा पर चीनी घुसपैठ का दावा किया था. उन्होंने कहा था, 4 चीनी टैंक डोकलाम में भारत की धरती पर आ रहे थे. वे कुछ 100 मीटर ही दूर थे. राहुल ने आगे कहा, मैं यह बात एक मैगजीन के आर्टिकल के हवाले से कह रहा हूं. जिसमें पूर्व आर्मी चीफ नरवणे की किताब को कोट किया गया है. राहुल के इन गंभीर आरोपों पर बहस छिड़ गई. राजनाथ सिंह ने पलटवार करते हुए कहा, राहुल उस किताब का हवाला दे रहे हैं जो अभी पब्लिश (प्रकाशित) ही नहीं हुई. इस पर राहुल ने कहा, यह किताब सरकार प्रकाशित नहीं होने दे रही. अब सबसे पहले जानते हैं मनोज मुकुंद नरवणे की किताब के बारे में. 

Loading Ad...

‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी’ किताब क्या है? 

Loading Ad...

एम एम नरवणे की किताब का नाम फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी (Four Stars of Destiny) में उन्होंने अपने संस्मरण लिखे हैं. किताब में सेना से जुड़े अनुभव और 2020 के भारत-चीन सीमा तनाव के बारे में लिखा है. 

साल 2023 में इस किताब के कुछ अंश मीडिया में प्रकाशित हुए थे. जिनमें सेना की एक्टिविटी, सररकार और प्लानिंग का जिक्र था. इन अंशों में यह संकेत भी मिला कि चीन के साथ टकराव के दौरान हालात उतने नियंत्रण में' नहीं थे. इन लेखों को राष्ट्रीय सुरक्षा और रणनीतिक डिसीजन से जुड़ा मामला पाया गया. 

Loading Ad...

क्यों नहीं पब्लिश हो पाई नरवणे की किताब? 

विवाद जनरल नरवणे की किताब के पब्लिश न होने पर भी है. दरअसल, नियमों के मुताबिक, जिन सैन्य अधिकारियों के पास संवेदनशील और गोपनीय जानकारियां होती हैं, वे ऑफिशियल सीक्रेट्स एक्ट और रक्षा नियमों (A) Army Rules, 1954 के Section 21 के तहत आते हैं. इन नियमों के मुताबिक, रिटायरमेंट के बाद भी कोई अधिकारी बिना सरकारी अनुमति के ऐसी जानकारियां प्रकाशित नहीं कर सकता, जो राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी हों. 

रिटायर्ड कर्मचारियों के लिए क्या हैं नियम?

Loading Ad...

चूंकि किताब सेना से जुड़ी जानकारियों को साझा करती है ऐसे में कुछ केस में नियम रिटायर्ड कर्मचारियों पर भी लागू होते हैं. जैसे कोई व्यक्ति सुरक्षा/इंटेलिजेंस/सुरक्षा-सम्बंधित जानकारी प्रकाशित करना चाहता है तो उसे पहले सरकार की अनुमति लेनी होगी. इसलिए जनरल नरवणे कि किताब का प्रकाशन अभी तक अधर में है. Four Stars of Destiny को लेकर रक्षा मंत्रालय का कहना है, जब तक किताब की सामग्री की समीक्षा नहीं हो जाती, तब तक इसे प्रकाशित न किया जाए. 

यह भी पढ़ें- राहुल का ‘डोकलाम’ पर गंभीर दावा, सदन में बरपा हंगामा, राजनाथ-शाह का तगड़ा पलटवार, लोकसभा में हंगामे की पूरी कहानी

रक्षा मंत्रालय का तर्क है कि नरवणे की किताब में 2020 के LAC (वास्तविक नियंत्रण रेखा) गतिरोध और अग्निपथ योजना से जुड़े संवेदनशील विवरण हैं. इसके चलते अभी तक किताब को मंजूरी नहीं मिली है. 

Loading Ad...

किताब पर जनरल नरवणे ने क्या कहा था? 

अक्टूबर 2025 में Four Stars of Destiny Book के प्रकाशन पर जनरल नरवणे ने खुलकर बात की थी. एक लिटरेचर फेस्ट में जब उनसे पूछा गया बुक कब पब्लिश होगी? इस पर जनरल नरवणे ने हंसते हुए कहा था, ‘मैं भी ये जानना चाहता हूं. मेरा काम किताब लिखकर पब्लिशर को देना था. ये पब्लिशर का काम है कि वे रक्षा मंत्रालय से परमिशन लें. ये अभी अंडर रिव्यू है. उन्होंने कहा कि गेंद पब्लिशर और रक्षा मंत्रालय के पाले में है.’

BJP ने शेयर किया जनरल नरवणे का वीडियो 

Loading Ad...

यह भी पढ़ें

राहुल गांधी के आरोपों को BJP ने निराधार बताया. BJP आईटी सेल के प्रमुख अमित मालवीय ने X पर पूर्व सेना प्रमुख के कई वीडियो साझा किए थे. जिसमें नरवणे कह रहे थे, भारत ने चीन के सामने अपनी जमीन का ‘एक इंच भी नहीं खोया‘ और हमारी सेनाओं ने दृढ़ता से डोकलाम/लद्दाख की स्थिति संभाली. 

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...