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वेनेजुएला के मुश्किल वक्त में देवदूत बनकर उभरा भारत, शुरू किया 'ऑपरेशन अमिस्ताद', राहत सामग्रियों के अलावा भेजे दो भीष्म क्यूब्स
Operation Amistad: भीषण तीव्रता वाले वेनेजुएला में सैकड़ों-हजारों लोगों की मौत हो गई है. पूरे देश में भारी तबाही मची है. इसी बीच भारत वेनेजुएलियाई लोगों के लिए देवदूत बनकर उभरा है. इसके तहत राहत सामग्री, मानवीय सहायता की खेप भेजी गई है.
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वेनेजुएला में बुधवार को आए भूकंप से मरने वालों की संख्या बढ़कर 1,430 हो गई है. वेनेजुएला में बुधवार को आए लगातार दो तेज भूकंप के झटकों ने भारी तबाही मचाई, जिसके बाद नेशनल असेंबली के अध्यक्ष जॉर्ज रोड्रिगेज ने ताजा जानकारी साझा की है. इस आपदा से 3,238 लोग घायल हुए और 3,142 परिवार प्रभावित हुए हैं.
वेनेजुएला के लिए देवदूत बनकर उभरा भारत
इसी बीच उत्तरी वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप के बाद भारत ने मानवीय सहायता और आपदा राहत के तहत ‘ऑपरेशन अमिस्ताद’ शुरू कर दिया है. इस अभियान के माध्यम से भारत ने प्रभावित लोगों को तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने की पहल की है.
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भूकंप प्रभावति वेनेजुएला के लिए भारत का 'ऑपरेशन अमिस्ताद' शुरू
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इसके लिए भारतीय सेना की एक विशेष मेडिकल टुकड़ी को वेनेजुएला रवाना किया गया है. भारतीय सेना के 60 पैरा फील्ड हॉस्पिटल से 41 सदस्यीय दल, भारतीय वायुसेना के दो विमानों से वेनेजुएला के लिए रवाना हुआ है. इनमें नौ अनुभवी सैन्य चिकित्सक भी शामिल हैं. यह दल वेनेजुएला के आपदा-प्रभावित क्षेत्रों में आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं, गंभीर रूप से घायल लोगों का उपचार, सर्जरी, ट्रॉमा प्रबंधन तथा प्रभावित लोगों को गहन चिकित्सा प्रदान करेगा.
वेनेजुएला के लोगों के लिए फौरन इलाज तैनात करेगा 'भीष्म क्यूब'
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भारतीय सेना के अनुसार उनकी यह मेडिकल टीम अपने साथ लगभग छह टन चिकित्सा सामग्री और मानवीय राहत सामग्री लेकर गई है. इनमें भारत के आरोग्य मैत्री परियोजना के तहत विकसित अत्याधुनिक भीष्म क्यूब भी शामिल है. यह एक मॉड्यूलर और तेजी से तैनात किया जा सकने वाला फील्ड अस्पताल है. यह एक ऐसा सिस्टम है जो आपदा प्रभावित क्षेत्रों में उन्नत ट्रॉमा केयर, आपातकालीन सर्जरी और गहन चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने में सक्षम है.
वायुसेना के कई विमान वेनेजुएला के लिए रवाना
इसी बीच, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने एक्स पर पोस्ट किया कि ऑपरेशन अमिस्ताद जारी है. उन्होंने लिखा, ''भारतीय वायु सेना के दो सी-17 विमान भूकंप प्रभावित वेनेजुएला के राहत एवं बचाव प्रयासों में सहायता के लिए तत्काल राहत सामग्री लेकर रवाना हुए. इस सहायता में भारतीय सेना की फील्ड हॉस्पिटल यूनिट के साथ 35 टन से अधिक राहत सामग्री, दवाइयां और चिकित्सा उपकरण शामिल हैं. इसके अलावा दो भीष्म क्यूब भी भेजे गए हैं. भारत इस कठिन समय में वेनेजुएला की सरकार और वहां के लोगों के साथ खड़ा है तथा हरसंभव सहायता देने के लिए प्रतिबद्ध है.''
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एक साथ 200 लोगों का इलाज करेगा भीष्म क्यूब!
भीष्म क्यूब की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह कम समय में स्थापित होकर लगभग 200 मरीजों तक को उपचार और जीवनरक्षक सुविधाएं प्रदान कर सकता है. इस प्रणाली ने भारत की आपदा प्रतिक्रिया क्षमता को नई मजबूती दी है. इसे दुनिया के विभिन्न संकटग्रस्त क्षेत्रों में त्वरित सहायता पहुंचाने के उद्देश्य से विकसित किया गया है.
भारत ने वेनेजुएला को हर संभव मदद का दिया भरोसा
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भारत का यह मिशन केवल राहत सामग्री भेजने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह संकट की घड़ी में मित्र देशों के साथ खड़े रहने की उसकी नीति का भी प्रतीक है. वेनेजुएला के लोगों के प्रति एकजुटता व्यक्त करते हुए भारत ने स्पष्ट संदेश दिया है कि भारत इस संकट में मदद के लिए मौजूद है; हम आपके साथ हैं.
‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की सोच के तहत शुरू हुआ ऑपरेशन अमिस्ताद
ऑपरेशन अमिस्ताद भारत की उस मानवीय सोच को भी दर्शाता है, जो ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ अर्थात ‘पूरा विश्व एक परिवार है’ के सिद्धांत पर आधारित है. प्राकृतिक आपदाओं और मानवीय संकटों के दौरान सहायता पहुंचाने की भारत की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए यह अभियान वैश्विक मानवता, करुणा और सहयोग के प्रति देश की प्रतिबद्धता का एक और उदाहरण बन गया है.
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वेनेजुएला में राहत एवं चिकित्सा सहायता का यह मिशन हजारों प्रभावित लोगों के लिए उम्मीद की किरण बनेगा. साथ ही साथ यह प्रयास अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की विश्वसनीय और जिम्मेदार मानवीय शक्ति की छवि को भी और मजबूत करेगा.
Operation Amistad - Responding to the devastating earthquake that struck northern Venezuela, the two Indian Airforce C17s transited through Abidjan enroute to Venezuela carrying 35 T of relief equipment, an Indian Army Field Hospital contingent and two BHISHM cubes. The… pic.twitter.com/gLzCwaStZP
— IANS (@ians_india) ?ref_src=twsrc%5Etfw">June 28, 2026
वेनेजुएला में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंपों के बाद 430 हल्के से मध्यम झटके हुए दर्ज
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न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, नेशनल इमरजेंसी पर सरकार के नए अपडेट में रोड्रिगेज ने कहा कि 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंपों के बाद, वेनेजुएला में 430 हल्के से मध्यम झटके दर्ज किए गए हैं.
Indian assistance reaches Venezuela.
— Dr. S. Jaishankar (@DrSJaishankar) ?ref_src=twsrc%5Etfw">June 28, 2026
Confident that the Field Hospital Unit, relief supplies, medicines & medical equipment, will bolster ongoing post-earthquake relief efforts in the country.#OperationAmistad
🇮🇳 🇻🇪 pic.twitter.com/nLBVgPADRl
इस बीच, वेनेजुएला की भूकंप अनुसंधान संस्था (फनविसिस) ने शनिवार को बताया कि देश के मध्य हिस्से में 4.1 तीव्रता का भूकंप महसूस किया गया. यह भूकंप ऐसे समय आया है जब लोग इस हफ्ते की शुरुआत में आए दो बड़े और विनाशकारी भूकंपों के बाद पहले से ही डरे हुए हैं.
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संस्था के अनुसार, इस नए भूकंप का केंद्र मध्य तटीय इलाके के प्रमुख बंदरगाह शहर ला गुएरा से करीब 35 किलोमीटर पश्चिम में था. बुधवार को आए दो शक्तिशाली भूकंपों के बाद इस शहर को आपदा प्रभावित क्षेत्र घोषित किया गया था, क्योंकि यहां काफी नुकसान हुआ था.
भूकंप जमीन से सिर्फ पांच किलोमीटर नीचे था, इसलिए काफी शक्तिशाली था
अधिकारियों ने बताया कि शनिवार को आया भूकंप जमीन से सिर्फ पांच किलोमीटर नीचे था. इतनी कम गहराई वाले भूकंप अक्सर ज्यादा तेज महसूस होते हैं और इमारतों को नुकसान पहुंचने का खतरा बढ़ जाता है.
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काराकस और आसपास के इलाकों के लोगों ने भी झटके महसूस किए. कई लोग डर के कारण इमारतों से बाहर निकल आए, क्योंकि उन्हें और नुकसान होने या इमारतें गिरने का डर था. यह भूकंप बुधवार को आए दो बड़े भूकंपों के कुछ ही दिन बाद आया, जिनसे कई जगह भारी तबाही हुई थी. कई इमारतें गिर गईं, भूस्खलन हुआ और लोगों की मौत भी हुई.