जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

रेलवे का बड़ा फैसला... अब टिकट कन्फर्म होने के पूरे चांस, वेट‍िंग ट‍िकट पर लगाई 25% की लिमिट

अब जब वेटिंग टिकटों की सीमा तय कर दी गई है, तो यात्रियों को चाहिए कि वे जल्दी टिकट बुक करें और अपनी यात्रा की योजना पहले से बनाएँ. आखिरी वक्त पर टिकट लेने की कोशिश करने वाले यात्रियों को अब और भी जल्दी “नो रूम” का सामना करना पड़ सकता है. रेलवे की यह पहल यात्रियों को बेहतर और भीड़-रहित सफर देने की दिशा में अहम कदम है.

रेलवे का बड़ा फैसला... अब टिकट कन्फर्म होने के पूरे चांस, वेट‍िंग ट‍िकट पर लगाई 25% की लिमिट
Advertisement

Indian Railway: रेलवे ने टिकट बुकिंग से जुड़ा एक बड़ा फैसला लिया है जो सीधे लाखों यात्रियों को प्रभावित करेगा. अब ट्रेन की जनरल कोटे वाली सीटों पर सीमित संख्या में ही वेटिंग लिस्ट टिकट जारी किए जाएंगे. पहले यह नियम सिर्फ तत्काल कोटे के लिए लागू था, लेकिन अब इसे सभी सामान्य श्रेणियों यानी स्लीपर से लेकर एसी क्लास तक लागू कर दिया गया है. यह नई व्यवस्था 17 जून 2025, सोमवार से पूरे देश में लागू हो गई है.

 अब सीमित होगी वेटिंग टिकट की संख्या

नई व्यवस्था के अनुसार, अगर किसी स्टेशन पर किसी ट्रेन में जनरल कोटे की 20 सीटें हैं, तो उस कोटे से सिर्फ 25% यानी 5 वेटिंग टिकट ही बुक हो सकेंगे. इसी तरह, थर्ड एसी में यदि 10 सीटें हैं, तो केवल 2–3 वेटिंग टिकट ही मिलेंगे. सेकंड एसी में यह संख्या और भी कम, सिर्फ 1 या 2 टिकटों तक सीमित होगी. इसका मतलब यह हुआ कि अब जरूरत से ज्यादा वेटिंग टिकट बुक नहीं किए जाएंगे, और जैसे ही लिमिट पूरी होगी, उस कोटे पर "नो रूम" का मैसेज दिखने लगेगा.

क्यों लिया गया यह फैसला?

Advertisement

रेलवे को अक्सर यह शिकायत मिलती थी कि यात्रियों को टिकट मिल तो जाता है, लेकिन वेटिंग में रह जाता है और बाद में कन्फर्म नहीं हो पाता. इसके बाद भी कई लोग ट्रेन में चढ़ने की कोशिश करते हैं, जिससे भीड़ बढ़ती है और सफर असुविधाजनक हो जाता है. इस नए नियम का मकसद यह है कि ट्रेन में अनावश्यक भीड़ न हो, सीटों का सही तरीके से इस्तेमाल हो और यात्रियों को सफर के दौरान बेहतर अनुभव मिले.

बड़ी ट्रेनों में पहले ही दिखने लगा "नो रूम"

इस नियम के लागू होते ही कई लोकप्रिय ट्रेनों जैसे राजधानी, दुरंतो, गंगा सतलज, अलेप्पी एक्सप्रेस और कोलकाता-जम्मूतवी जैसी लंबी दूरी की ट्रेनों में वेटिंग टिकट बहुत जल्दी भर गए. अब इन ट्रेनों के लिए लोगों को पहले से ही टिकट बुक कराना होगा, क्योंकि वेटिंग लिमिट पूरी होते ही तुरंत “रिग्रेट” यानी "नो रूम" दिखने लगेगा. 

तत्काल टिकटों पर भी लागू हुआ नया नियम

रेलवे ने स्पष्ट किया है कि यह बदलाव सिर्फ जनरल टिकट कोटा तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि अब तत्काल टिकटों पर भी यही लिमिट लागू की जाएगी. हालांकि, यह नियम रियायती टिकट, सरकारी वारंट, या विशेष श्रेणियों के लिए लागू नहीं होगा. छोटे और रोडसाइड स्टेशनों पर भी यह नियम पूरी तरह से प्रभावी रहेगा।

Advertisement

यह भी पढ़ें

अब जब वेटिंग टिकटों की सीमा तय कर दी गई है, तो यात्रियों को चाहिए कि वे जल्दी टिकट बुक करें और अपनी यात्रा की योजना पहले से बनाएँ. आखिरी वक्त पर टिकट लेने की कोशिश करने वाले यात्रियों को अब और भी जल्दी “नो रूम” का सामना करना पड़ सकता है. रेलवे की यह पहल यात्रियों को बेहतर और भीड़-रहित सफर देने की दिशा में अहम कदम है. 

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
G
Guest (अतिथि)
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें