Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...

योगी सरकार का बड़ा बदलाव, UP में राशन सिस्टम हुआ हाईटेक, ई-पॉस से बिचौलियों पर लगा ब्रेक

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी राज्य की प्रगति केवल घोषणाओं से नहीं, बल्कि जमीन पर दिखाई देने वाले परिणामों से तय होती है. उन्होंने कहा कि जब सरकार व्यवस्था में पारदर्शिता लाती है और गरीब, किसान, महिला तथा वंचित वर्ग को योजनाओं का सीधा लाभ मिलता है, तभी वास्तविक परिवर्तन दिखाई देता है.

Image Credit: Facebook/@yogiadityanath.in
Loading Ad...

उत्तर प्रदेश में राशन वितरण व्यवस्था में तकनीक और पारदर्शिता के जरिए हुए बदलावों को रेखांकित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को कहा कि पहले राशन शासन स्तर से नहीं पहुंचता था. ई-पॉस मशीन, सिंगल स्टेज डोर-स्टेप डिलीवरी और सीधे दुकानों तक राशन पहुंचाने की व्यवस्था ने न केवल पारदर्शिता बढ़ाई है, बल्कि उचित दर विक्रेताओं (कोटेदार) का सम्मान भी बढ़ाया है.  

सीएम योगी ने ई-पॉस व्यवस्था के गिनाए फायदे

मुख्यमंत्री ने सिंगल स्टेज डोर-स्टेप डिलीवरी के अंतर्गत ई-पॉस आधारित उचित दर विक्रेता फीडबैक प्रणाली के शुभारंभ कार्यक्रम में कहा कि प्रदेश की व्यवस्था और उचित दर विक्रेताओं के प्रति लोगों की धारणा बदलने के लिए 2017 में ई-पॉस मशीन लगाने की शुरुआत की गई.

Loading Ad...

इसके बाद एफसीआई के गोदाम से सीधे कोटे की दुकान तक राशन पहुंचाने की व्यवस्था लागू की गई, जिससे बीच के बिचौलियों की भूमिका खत्म हुई.

Loading Ad...

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज प्रदेश में जो बदलाव दिखाई दे रहा है, उसे नकारात्मकता में बदलने का प्रयास वे लोग कर रहे हैं, जो अपने कार्यकाल में ये बदलाव नहीं ला पाए. उन्होंने कहा कि व्यवस्था में पारदर्शिता आने के बाद उचित दर विक्रेताओं को मिलने वाला कमीशन भी बढ़ा और उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा में सुधार हुआ.

थैलेसीमिया पीड़ित बच्चे पर CM योगी ने फेरा हाथ, तुरंत इलाज के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के दिए निर्देश

Loading Ad...

राशन वितरण में बिचौलियों की भूमिका खत्म

मुख्यमंत्री ने पुराने राशन वितरण तंत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि अगर शासन की ओर से राशन नहीं भेजा जाता था तो इसमें उचित दर विक्रेता की कोई गलती नहीं होती थी. बावजूद इसके, गलती किसी और की होने पर भी गाली उचित दर विक्रेता को खानी पड़ती थी और बदनामी भी उसी के हिस्से आती थी. उन्होंने कहा कि उस समय उचित दर विक्रेताओं के सामने अपनी पहचान और सम्मान का संकट था.

/">

Loading Ad...

उन्होंने कहा कि सरकार ने तकनीक के इस्तेमाल से राशन वितरण में जवाबदेही तय की है. अब ई-पॉस आधारित फीडबैक प्रणाली के जरिए उचित दर विक्रेताओं की समस्याओं और सुझावों को सीधे व्यवस्था से जोड़ा जा सकेगा.

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देश पर उचित दर की दुकानों को अन्नपूर्णा भवन के रूप में विकसित किया जा रहा है. इसके लिए प्रदेश सरकार ने 500 करोड़ का प्रावधान किया है. इन भवनों में केवल राशन वितरण की सुविधा नहीं होगी, बल्कि भंडारण की व्यवस्था भी विकसित की जाएगी. उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य उचित दर की दुकानों को केवल राशन बांटने का केंद्र बनाना नहीं, बल्कि उन्हें सुविधायुक्त और सम्मानजनक स्वरूप देना है.

प्रदेश के करीब 15 करोड़ लोगों को मिल रहा है निशुल्क राशन

Loading Ad...

मुख्यमंत्री ने पिछली सरकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में गरीबों को राशन मिलने की व्यवस्था बेहद खराब थी. उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय गरीबों के राशन कार्ड प्रभावशाली लोगों के पास रहते थे और पात्र व्यक्ति खाद्यान्न से वंचित रह जाते थे. उन्होंने कहा कि आज प्रदेश में ऐसी स्थिति नहीं है. योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के माध्यम से प्रदेश के करीब 15 करोड़ लोग निशुल्क राशन प्राप्त कर रहे हैं.निराश्रित और दिव्यांगजनों तक राशन पहुंचाने की व्यवस्था भी की गई है.

उन्होंने बताया कि प्रदेश में करीब दो करोड़ परिवारों को निशुल्क रसोई गैस कनेक्शन और 1.53 करोड़ परिवारों को निशुल्क बिजली कनेक्शन दिए गए हैं. मुख्यमंत्री ने राशन व्यवस्था के साथ बेसिक शिक्षा के क्षेत्र में हुए बदलावों का भी उल्लेख किया.

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बेसिक शिक्षा परिषद में भी पहले ऐसी ही अव्यवस्था थी. कई स्कूलों में भवन और पर्याप्त शिक्षक नहीं थे. कहीं शिक्षक थे तो विद्यार्थियों की संख्या बेहद कम थी और बड़ी संख्या में बच्चे सत्र पूरा होने से पहले ही स्कूल छोड़ देते थे. स्कूलों की वास्तविक स्थिति सामने लाने के लिए उनका वीडियो बनाया जाना चाहिए.

Loading Ad...

उन्होंने कहा कि केवल कागजों में व्यवस्था बेहतर होने का दावा पर्याप्त नहीं है, बल्कि स्कूलों में जाकर वास्तविक स्थिति देखी जानी चाहिए. मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने ऑपरेशन कायाकल्प के माध्यम से परिषदीय स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत किया. स्कूलों में बेहतर फर्श, बालक-बालिकाओं के लिए अलग-अलग शौचालय और फर्नीचर जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं.

1.60 करोड़ बच्चों को मिले स्कूल बैग, यूनिफॉर्म, स्वेटर

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि करीब 1.60 करोड़ बच्चों को स्कूल बैग, यूनिफॉर्म, स्वेटर और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं. मुख्यमंत्री ने सवाल उठाया कि 2017 से पहले प्रदेश के सरकारी स्कूलों की स्थिति क्या थी और आज उनमें कितना बदलाव आया है.

Loading Ad...

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी राज्य की प्रगति केवल घोषणाओं से नहीं, बल्कि जमीन पर दिखाई देने वाले परिणामों से तय होती है. उन्होंने कहा कि जब सरकार व्यवस्था में पारदर्शिता लाती है और गरीब, किसान, महिला तथा वंचित वर्ग को योजनाओं का सीधा लाभ मिलता है, तभी वास्तविक परिवर्तन दिखाई देता है.

यह भी पढ़ें

उन्होंने कहा कि पहले जब व्यवस्था में ही लूट और बिचौलियों का बोलबाला हो तो परिवर्तन की उम्मीद नहीं की जा सकती. आज तकनीक, पारदर्शिता और जवाबदेही के जरिए सरकार ने ऐसी व्यवस्थाएं तैयार की हैं, जिनका लाभ सीधे आम लोगों तक पहुंच रहा है.

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...