पेपर लीक से बच्चों का भविष्य खतरे में, अरविंद केजरीवाल ने उठाई आवाज
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि उस बेचारे बच्चे ने एक्स पर यह बात डाल दी कि मेरा पेपर बदल गया, तो इन लोगों की सारी ट्रोल आर्मी उस बेचारे पर चढ़ गई. कोई कहता है कि वह पाकिस्तानी है, तो कोई कहता है कि एंटी-नेशनल है.
Follow Us:
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने पेपर लीक और इसे रोकने के लिए उठाए जा रहे निष्प्रभावी कदमों के लिए केंद्र सरकार पर निशाना साधा है. अरविंद केजरीवाल ने कहा कि निश्चित रूप से अब देश को एक शिक्षित प्रधानमंत्री की जरूरत है. मौजूदा केंद्र सरकार नीट पेपर लीक की जड़ तक पहुंचने के बजाय अनपढ़ों जैसी बात कर रही है. सरकार कह रही है कि नीट में पेपर लीक रोकने के लिए वायु सेना के जहाज इस्तेमाल किए जाएंगे. क्या इससे पेपर लीक रूकेगा? उन्होंने कहा कि वास्तविकता तो यह है कि पेपर लीक रोकने की सरकार की नीयत ही नहीं है. आज देश की शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह माफ़िया के चंगुल में आ चुकी है. अगर सिस्टम को ठीक करना है तो सबको मिलकर कुछ करना होगा. अकेले किसी के कुछ करने से नहीं होगा.
केजरीवाल ने वीडियो जारी कर विपक्ष पर साधा निशाना
शनिवार को एक वीडियो संदेश जारी कर अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मैं खुद आईआईटी से इंजीनियर हूं, पढ़ा-लिखा हूं. इसलिए शिक्षा के महत्व को समझता हूं. मैं मानता हूं कि जब तक हर बच्चे को अच्छी शिक्षा नहीं मिलेगी, तब तक देश तरक्की नहीं कर सकता. शुक्रवार को हमारे देश की सरकार ने एलान किया है कि अब नीट के पेपर को लीक होने से बचाने के लिए एयरफोर्स के जहाज और एयरफोर्स के बुलेट प्रूफ ट्रकों से उसे ट्रांसपोर्ट करेंगे. यह क्या मजाक बना रखा है? क्या हमें बेवकूफ समझा जा रहा है?
पेपर लीक पर बोले अरविंद केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पूरी दुनिया में इतने बड़े-बड़े पेपर होते हैं, लेकिन क्या कहीं सुना है कि एयरफोर्स से उन्हें ट्रांसपोर्ट किया जाता है? क्या कहीं इस किस्म की नौटंकी सुनी है? केवल और केवल इस सरकार को नौटंकी करनी आती है. यह दिखाने के लिए कि हमने कितना बड़ा कदम ले लिया. पेपर लीक होने से बचाने के लिए हम यह सब कर रहे हैं. सिस्टम को ठीक करने का सरकार का कोई इरादा नहीं है. अगर कोई अच्छी नीयत वाली सरकार होती, तो वह देखती कि लीकेज कहां से हो रही है और उसे प्लग करती.
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हम एयरफोर्स के जहाजों और ट्रकों से इसे ट्रांसपोर्ट करेंगे, यह कहकर जाहिर तौर पर सिस्टम को बचाने की कोशिश की जा रही है. यह लीकेज जारी रहेगी और जहां से पेपर लीक हो रहे हैं, वह सिलसिला भी जारी रहेगा. हमारे देश की शिक्षा व्यवस्था को बहुत बड़े माफिया ने अपनी जकड़ में ले लिया है. पूरा का पूरा एजुकेशन सिस्टम एक माफिया की जकड़ में है. छात्र वेदांत का नाम आजकल सोशल मीडिया पर काफी चल रहा है. वेदांत 12वीं क्लास का लड़का है. उसने पेपर दिए और उसके नंबर कम आए. उसने अपने पेपर निकलवाए, तो पता चला कि फिजिक्स के अंदर उसका पेपर किसी और से बदल दिया गया और उसके नंबर बहुत कम लगाए गए हैं.
बच्चे को एक्स पर पेपर बदल गया डालना पड़ा भारी
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि उस बेचारे बच्चे ने एक्स पर यह बात डाल दी कि मेरा पेपर बदल गया, तो इन लोगों की सारी ट्रोल आर्मी उस बेचारे पर चढ़ गई. कोई कहता है कि वह पाकिस्तानी है, तो कोई कहता है कि एंटी-नेशनल है. एक छोटे से बच्चे के दिल पर क्या गुजर रही होगी और उसकी साइकोलॉजी पर क्या असर पड़ रहा होगा, यह समझा जा सकता है. यह सब पूरा शिक्षा माफिया को बचाने की कोशिश है. इसके खिलाफ अगर कोई अकेला बच्चा, सिर्फ अकेला वेदांत ही नहीं है, पता नहीं कितने बच्चों ने अपनी बात डाली है और ये लोग सबके पीछे पड़ गए हैं.
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अगर एक बच्चा आवाज उठाएगा, तो यह शिक्षा माफिया छोड़ेगा नहीं. ये आपको छोड़ेंगे नहीं और सबकी आवाज दबा देंगे. इसके खिलाफ सबको मिलकर आवाज उठानी पड़ेगी. जब सारे मिलकर आवाज उठाएंगे, तभी सरकार को कुछ करना पड़ेगा, नहीं तो पूरी की पूरी सरकार पर शिक्षा माफिया का कब्जा हो गया है. यह बच्चों के भविष्य का सवाल है, आपके भविष्य का सवाल है.
यह भी पढ़ें