होर्मुज पर तनाव: ईरानी नौसेना ने भारतीय जहाजों पर की फायरिंग! तेहरान की न्यूज एजेंसी का दावा
मिडिल ईस्ट में एक बार फिर जंग के हालात बनने लगे हैं. IRGC ने दावा किया है कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज अब पूरी तरह ईरान के कंट्रोल में है. इस दावे के बाद होर्मुज में जहाजों पर गोलीबारी भी की गई है.
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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मिडिल ईस्ट में जो चिंगारी सुलगाई थी, उसकी जद में पूरी दुनिया आ गई है. सबसे अहम और बड़े तेल मार्ग स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर एक बार फिर तनाव बढ़ गया. होर्मुज से गुजर रहे दो जहाजों पर गोलीबारी की गई है.
यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (यूकेएमटीओ) ने बताया कि इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की दो गनबोट्स ने एक टैंकर पर फायरिंग की. शिपिंग मॉनिटर टैंकरट्रैकर्स ने कहा कि IRGC की नेवल यूनिट्स के पास आने के बाद, दो जहाजों को, जिनमें एक भारतीय झंडे वाला सुपरटैंकर भी शामिल था, फायरिंग के बाद होर्मुज स्ट्रेट से वापस जाने पर मजबूर होना पड़ा.
जहाजों पर लदा था दो मिलियन बैरल तेल
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब भारत पानी के रास्ते में बढ़ते तनाव के बावजूद ईरान से कच्चा तेल खरीदना जारी रखे हुए है. ऑडियो रिकॉर्डिंग से पता चला है कि मुठभेड़ के दौरान IRGC गनबोट्स ने फायरिंग की क्योंकि जहाजों को पश्चिम की ओर मोड़ा जा रहा था. उसने कहा कि जहाजों में से एक बहुत बड़ा कच्चा तेल कैरियर था जो लगभग दो मिलियन बैरल इराकी तेल ले जा रहा था.
क्या भारत के थे जहाज?
दावा किया जा रहा है जिन जहाजों पर IRGC ने फायरिंग की वो भारत के थे. हालांकि इन दावों की पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन ईरान की तस्नीम न्यूज एजेंसी ने बताया, ‘होर्मुज जलडमरूमध्य में IRGC बलों द्वारा गोलीबारी किए जाने के बाद, दो भारतीय जहाजों को अपना रास्ता बदलने और पश्चिम की ओर वापस जाने पर मजबूर होना पड़ा.’
According to two Channel 16 audio recordings captured today, two Indian vessels were forced back west out of the Strait of Hormuz by Iran's Sepah (IRGC) Navy. Firing was involved. One of the vessels is an Indian-flagged VLCC supertanker carrying 2 million barrels of Iraqi oil.… pic.twitter.com/c1uOvmKDNO
— TankerTrackers.com, Inc. (@TankerTrackers) April 18, 2026
यूकेएमटीओ (समुद्री व्यापार संचालन) की वेबसाइट पर जारी चेतावनी के मुताबिक, ओमान के उत्तर-पूर्व में करीब 20 नॉटिकल मील दूरी पर यह घटना हुई. टैंकर के मास्टर ने रिपोर्ट दी कि दो आईआरजीसी गनबोट्स बिना किसी वीएचएफ चेतावनी के करीब आईं और गोलीबारी शुरू कर दी. हालांकि, राहत की बात यह है कि टैंकर और उसके चालक दल को कोई नुकसान नहीं हुआ है, मामले की जांच जारी है.
ईरान के पास लौटा होर्मुज का कंट्रोल!
इस बीच ईरान ने शनिवार को ऐलान किया कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर नियंत्रण ‘पहले जैसी स्थिति’ में लौट आया है. यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों की नौसैनिक नाकेबंदी जारी है.
ईरान के खातम अल-अनबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर के प्रवक्ता ने अर्ध-सरकारी तस्नीम न्यूज एजेंसी से कहा कि यह जलडमरूमध्य अब पूरी तरह ईरानी सशस्त्र बलों के ‘सख्त नियंत्रण’ में है और आगे भी ऐसा ही रहेगा.
प्रवक्ता ने अमेरिका पर ‘समुद्री डकैती’ और ‘पायरेसी’ जैसे आरोप लगाते हुए कहा कि बार-बार समझौतों के उल्लंघन के चलते ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर अपना नियंत्रण पहले की स्थिति में बहाल कर दिया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक अमेरिका ईरान के जहाजों की आवाजाही पर लगे प्रतिबंध नहीं हटाता, तब तक यह स्थिति बनी रहेगी. उधर, सिन्हुआ न्यूज एजेंसी के अनुसार, जहाजों की ट्रैकिंग से पता चला है कि शनिवार को करीब 10 जहाजों ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पार करने की कोशिश के दौरान अपना रास्ता बदल लिया.
शिपिंग डेटा प्लेटफॉर्म मैरिन ट्रैफिक के मुताबिक, ये जहाज लारक द्वीप के पास से वापस लौटे, जहां ईरान समुद्री गतिविधियों पर नजर रखता है. तनावपूर्ण हालात के बीच इस रणनीतिक जलमार्ग में जहाजों की आवाजाही पर असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है.
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With Input of IANS
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