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यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में छाया बागपत का घेवर, सितंबर में भी मिल रही सावन वाली मिठास

ट्रेड शो में बागपत से पांच कारीगर आए हैं. ये कारीगर स्टाल पर ही लोगों के सामने ताजा घेवर तैयार कर रहे हैं. इससे भी लोगों की उत्सुकता बढ़ रही है. दीपक गोयल के अनुसार रोजाना अच्छी बिक्री हो रही है और यहां घेवर 600 रुपये किलो की दर से बेचा जा रहा है.

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28 Sep 2026
( Updated: 28 Sep 2026
12:17 PM )
यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में छाया बागपत का घेवर, सितंबर में भी मिल रही सावन वाली मिठास
Image Credit: AI Generated Photo
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इंडिया एक्सपो मार्ट में चल रहे यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में बागपत का घेवर लोगों को रुकने और स्वाद चखने के लिए मजबूर कर रहा है. वन डिस्ट्रिक्ट वन कुजीन के पवेलियन में बागपत के स्टाल पर पहुंच रहे लोग पहले घेवर को बनते देख रहे हैं और फिर उसका स्वाद ले रहे हैं. दिल्ली, गुरुग्राम और गाजियाबाद से आए लोगों ने घेवर की कुरकुराहट और खोये की परत को पसंद किया. कई लोगों के लिए यह भी आकर्षण का विषय रहा कि आमतौर पर सावन की मिठाई माने जाने वाला घेवर यहां सितंबर में भी ताजा तैयार होकर बिक रहा है.

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तीन पीढ़ियों से घेवर बनाने का कारोबार
बागपत के अमीनगर सराय निवासी ईश्वर दयाल अग्रवाल के परिवार में तीन पीढ़ियों से घेवर बनाने का कारोबार है. इसी परिवार से जुड़े दीपक गोयल ट्रेड शो में स्टाल का संचालन कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि यहां आने वाले कई लोग घेवर देखकर सवाल करते हैं कि यह तो सावन में मिलने वाली मिठाई है, फिर इस समय कैसे तैयार हो रही है. उन्हें बताया जाता है कि बागपत में घेवर की मांग केवल सावन तक सीमित नहीं है. सोशल मीडिया के माध्यम से भी लोगों को अलग-अलग मौसम में बागपत के घेवर की उपलब्धता की जानकारी मिल रही है.

सामने बन रहा ताजा घेवर
ट्रेड शो में बागपत से पांच कारीगर आए हैं. ये कारीगर स्टाल पर ही लोगों के सामने ताजा घेवर तैयार कर रहे हैं. इससे भी लोगों की उत्सुकता बढ़ रही है. दीपक गोयल के अनुसार रोजाना अच्छी बिक्री हो रही है और यहां घेवर 600 रुपये किलो की दर से बेचा जा रहा है.

घेवर की खासियत बताते हुए उन्होंने कहा कि शुद्ध दूध से तैयार खोये का इस्तेमाल स्वाद को अलग पहचान देता है. नीचे का कुरकुरा हिस्सा और ऊपर जमी खोये की परत इसकी विशेषता है. बागपत के अलावा दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में इसकी मांग रहती है.

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दिल्ली, गुरुग्राम और गाजियाबाद के लोगों ने चखा स्वाद
दिल्ली की सोनाली, गुरुग्राम की रवीना कश्यप और गाजियाबाद के धर्मेंद्र भारद्वाज समेत ट्रेड शो में पहुंचे लोगों ने घेवर का स्वाद लिया. लोगों ने स्टाल पर रुककर घेवर बनाने की प्रक्रिया भी देखी. लोग विशेष तरीके से घेवर बनता देख उत्साहित दिखाई दिए. पहली बार एक जिला एक व्यंजन के तहत प्रदेश के सभी 75 जिलों के प्रसिद्ध व्यंजनों को ट्रेड शो में जगह दी गई है. बागपत से घेवर को इसमें शामिल किया गया है. इससे जिले की पारंपरिक मिठाई को दूसरे जिलों से आए लोगों तक पहुंचने का अवसर मिला है.

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