जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

जिस CEC के इस्तीफे पर अड़ा विपक्ष, उसी ज्ञानेश कुमार के लिए इस बड़े सियासी दल ने कर दी 'भारत रत्न' देने की मांग; पत्र भी लिखा

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर सियासी बहस तेज है. विपक्ष जहां उनके इस्तीफे की मांग कर रहा है, वहीं NCPI ने उन्हें भारत रत्न देने की मांग की है. पार्टी अध्यक्ष ज्योतिप्रकाश चटर्जी ने PM मोदी को पत्र भेजकर 2026 बंगाल चुनाव में चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची पुनरीक्षण की तारीफ की है.

जिस CEC के इस्तीफे पर अड़ा विपक्ष, उसी ज्ञानेश कुमार के लिए इस बड़े सियासी दल ने कर दी 'भारत रत्न' देने की मांग; पत्र भी लिखा
Image Source: Gyanesh Kumar (IANS)
Advertisement

देश की सियासत में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर बहस लगातार तेज होती जा रही है. एक तरफ विपक्षी दल चुनाव आयोग और ज्ञानेश कुमार के खिलाफ सवाल उठाते हुए उनके इस्तीफे की मांग कर रहे हैं, तो दूसरी तरफ नेशनलिस्ट सिटिजन्स पार्टी ऑफ इंडिया (NCPI) ने उन्हें देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'भारत रत्न' देने की मांग उठा दी है. पार्टी ने इस संबंध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र भी भेजा है.

भारत रत्न की मांग से बढ़ी सियासी हलचल

NCPI अध्यक्ष ज्योतिप्रकाश चटर्जी ने प्रधानमंत्री को लिखे पत्र में ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में चुनाव प्रक्रिया की तारीफ की है. पार्टी ने खास तौर पर 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव का जिक्र करते हुए मतदान प्रक्रिया, मतदाता सूची के पुनरीक्षण और चुनाव के दौरान शांति व्यवस्था को अपनी मांग का आधार बताया है. NCPI का कहना है कि इन प्रयासों से चुनाव प्रक्रिया में लोगों का भरोसा मजबूत हुआ. हालांकि, ये पार्टी के अपने दावे और मूल्यांकन हैं.

दूसरी तरफ इस्तीफे की मांग

Advertisement

इस बीच ज्ञानेश कुमार को लेकर विपक्षी दलों का रुख बिल्कुल अलग है. INDIA ब्लॉक से जुड़े दलों ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर सवाल उठाए हैं. विपक्ष की ओर से ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग के साथ देशभर में प्रदर्शन की तैयारी की जा रही है. 2 अक्टूबर से आंदोलन शुरू करने की घोषणा कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने भी की है. CJP ने पहले भी ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए उनके इस्तीफे और चुनाव प्रक्रिया से जुड़े फैसलों की जांच की मांग उठाई थी. संगठन की ओर से 2 अक्टूबर से देशव्यापी आंदोलन की बात कही गई है. दिल्ली में जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर पुलिस अनुमति का मुद्दा भी सामने आया है.

यह भी पढ़े: ‘विपक्ष नहीं जनता के लिए…’, CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग के बीच राहुल गांधी को चिराग पासवान का जवाब

उमर अब्दुल्ला ने कसा तंज

Advertisement

जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी इस विवाद पर तंज कसा. उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि अगर ज्ञानेश कुमार को लेकर इतनी प्रशंसा हो रही है तो उन्हें भारत रत्न दे देना चाहिए और राष्ट्रपति भी बना देना चाहिए. उनके बयान का संदर्भ चुनाव आयोग को लेकर चल रही राजनीतिक बहस से था. अब्दुल्ला ने यह भी कहा कि विपक्षी दल बिना वजह चुनाव आयोग के खिलाफ एकजुट नहीं हुए हैं.

यह भी पढ़ें

बताते चलें कि ज्ञानेश कुमार को लेकर मौजूदा विवाद में राजनीतिक तस्वीर दो अलग-अलग दावों में बंटी नजर आ रही है. NCPI उनके कार्यकाल और पश्चिम बंगाल चुनाव को उपलब्धि के तौर पर पेश करते हुए भारत रत्न की मांग कर रही है, जबकि विपक्षी दल चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाकर जवाबदेही की मांग कर रहे हैं. ऐसे में आने वाले दिनों में यह मुद्दा और चर्चा में रह सकता है, खासकर तब जब 2 अक्टूबर से प्रस्तावित प्रदर्शनों को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होने की बात कही जा रही है.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
G
Guest (अतिथि)
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें