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गणतंत्र दिवस पर देश को दहलाने की साजिश नाकाम! राजस्थान पुलिस ने सुलेमान के फार्म हाउस से जब्त किया 10,000 KG विस्फोटक

राजस्थान से एक चौंकाने वाली ख़बर सामने आई है. नागौर पुलिस ने छापेमारी कर सुलेमान खान के फार्म हाउस से 10000 KG विस्फोटक बरामद किया है. पुलिस ने गणतंत्र दिवस से पहले देश को दहलाने की साजिश को नाकाम कर दिया है.

Nagaur Police Arrested Suleman Khan (X)

गणतंत्र दिवस से ठीक पहले देश को दहलाने की एक बड़ी साजिश को चौंकन्ने सुरक्षाबलों और पुलिस ने नाकाम कर दिया है. राजस्थान के नागौर जिले में पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी विस्फोटक सामग्री की बरामदगी करते हुए करीब 10,000 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट जब्त किया है. इस मामले में सुलेमान खान नाम के एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है, जिस पर पहले से भी अवैध विस्फोटक सामग्री से जुड़े कई मुकदमे दर्ज हैं.

नागौर जिले के थांवला थाना क्षेत्र में पुलिस की डिस्ट्रिक्ट स्पेशल टीम और नागौर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के तहत एक फार्म हाउस पर छापेमारी की गई. इस दौरान फार्म हाउस में बने एक मकान से भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री बरामद हुई. पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने विस्फोटक सामग्री को बेहद सुनियोजित तरीके से छिपाकर रखा था.

सरहद के पास फॉर्म हाउस, बरामद हुआ विस्फोटक जखीरा 

पुलिस ने इस संबंध में जानकारी देते हुए कहा कि आरोपी ने हरसौर गांव की सरहद पर स्थित अपने सुनसान फॉर्म हाउस के चार अलग-अलग कमरों में विस्फोटक सामग्री छिपाकर रखी थी.

छापेमारी के दौरान पुलिस ने कुल 187 कट्टों में भरा करीब 9,550 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट जब्त किया. इसके अलावा मौके से नौ कार्टन डेटोनेटर, 12 कार्टन और 15 बंडल नीले फ्यूज तार, साथ ही 12 कार्टन और पांच बंडल लाल फ्यूज तार भी बरामद किए गए हैं. पुलिस का कहना है कि यह बरामदगी प्रदेश में अब तक की सबसे बड़ी विस्फोटक सामग्री की बरामदगी है.

क्या-क्या हुआ जब्त?

अमोनियम नाइट्रेट:
187 कट्टे, कुल वजन करीब 9,550 किलोग्राम.

डेटोनेटर:

3 बड़े कार्टून (प्रत्येक में 1250 नग),
5 छोटे कार्टून (प्रत्येक का नेट वेट 20 किलोग्राम),
1 कार्टून (388 नग).

नीली बत्ती वायर:

12 कार्टून (प्रत्येक 10.5 किलोग्राम),
साथ में 3 प्लास्टिक कट्टे (कुल 15 बंडल).

लाल बत्ती वायर:

8 कार्टून (प्रत्येक में 1500 मीटर),
4 कार्टून (टाइगर कार्ड अंकित, प्रत्येक 1500 मीटर),
2 प्लास्टिक कट्टे (कुल 5 बंडल).

बड़े गुल्ले:

5 कार्टून (प्रत्येक में 9 नग).

छोटे गुल्ले:

25 कार्टून (प्रत्येक का नेट वेट 25 किलोग्राम).

डुडेट:

4 बड़े कार्टून (प्रत्येक में 500 नग),
5 छोटे कार्टून (प्रत्येक में 400 नग),
1 कार्टून (200 नग),
1 प्लास्टिक कट्टा.

एपी एसओडी:

1 लकड़ी का कार्टून (20 पैकेट),
1 लकड़ी का कार्टून (6 पैकेट).

विस्फोटक सामग्री की सप्लाई करता था सुलेमान!

आपको बताएं कि पुलिस ने मौके से सुलेमान खान को गिरफ्तार कर लिया है. प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया है कि वह कथित तौर पर वैध और अवैध खनन गतिविधियों में शामिल लोगों को विस्फोटक सामग्री की सप्लाई करता था. हालांकि पुलिस इस दावे की गहन जांच कर रही है और यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि विस्फोटक सामग्री का इस्तेमाल कहीं किसी बड़ी वारदात के लिए तो नहीं किया जाना था.

सुलेमान पर पहले से ही दर्ज हैं मुकदमे!

नागौर के एसपी ने बताया कि आरोपी सुलेमान खान के खिलाफ पहले से ही अवैध विस्फोटक सामग्री से जुड़े तीन आपराधिक मामले दर्ज हैं. इस मामले में भी विस्फोटक अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया गया है. पुलिस आरोपी से लगातार पूछताछ कर रही है और उसके नेटवर्क, सप्लाई चेन और संभावित खरीदारों की जानकारी जुटाई जा रही है.

इस बड़ी जब्ती के बारे में केंद्रीय एजेंसियों को भी सूचित कर दिया गया है. उम्मीद जताई जा रही है कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े पहलुओं को ध्यान में रखते हुए केंद्रीय एजेंसियां भी इस मामले में सुलेमान से पूछताछ करेंगी और पूरे नेटवर्क की परतें खोली जाएंगी.

बेहद घातक माना जाता है अमोनियम नाइट्रेट!

गौरतलब है कि अमोनियम नाइट्रेट बेहद घातक विस्फोटक माना जाता है और इससे पहले भी देश में हुए कई बड़े धमाकों में इसका इस्तेमाल हो चुका है. पिछले साल नवंबर 2025 में दिल्ली के लाल किले के पास हुए धमाके में भी अमोनियम नाइट्रेट के इस्तेमाल की आशंका जताई गई थी. ऐसे में गणतंत्र दिवस से पहले इतनी बड़ी मात्रा में विस्फोटक सामग्री की बरामदगी को सुरक्षा एजेंसियां बेहद गंभीरता से ले रही हैं.

पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा

थांवला थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विस्फोटक अधिनियम 1884, विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1908 तथा बीएनएस की धारा 112(2) और 288 के तहत मामला दर्ज कर लिया है.
पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए हर पहलू से जांच की जा रही है.

सुरक्षा एजेंसियां साजिश सहित हर एंगल से कर रही जांच

आरोपी से विस्फोटक सामग्री की खरीद-फरोख्त, सप्लाई नेटवर्क और संभावित इस्तेमाल को लेकर गहन पूछताछ जारी है. साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि कहीं इसके तार किसी बड़े नेटवर्क या साजिश से तो नहीं जुड़े हैं. फिलहाल पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां इस बात की जांच कर रही हैं कि क्या यह विस्फोटक सामग्री किसी बड़े आतंकी हमले या देश को दहलाने वाली साजिश के लिए जुटाई गई थी. जांच पूरी होने के बाद ही इस साजिश की असल तस्वीर सामने आ सकेगी.

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