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‘खदेड़े जाएंगे घुसपैठिए…’ MEA ने बांग्लादेश को दिया अल्टीमेटम, भारत के एक्शन प्लान से मची खलबली
मोदी सरकार ने बांग्लादेशी घुसपैठियों पर कार्रवाई तेज कर दी है. MEA ने बांग्लादेश में पेंडिंग मामलों पर सीधी चेतावनी दे डाली.
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इधर बंगाल में BJP की सरकार बनी उधर दिल्ली में भी बांग्लादेशी घुसपैठियों पर कार्रवाई तेज हो गई. विदेश मंत्रालय ने साफ कर दिया कि भारत में अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशियों पर कार्रवाई होगी. उन्हें वापस उनके देश खदेड़ा जाएगा.
भारत ने अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों की वापसी, सिंधू जल संधि (आईडब्ल्यूटी) और आतंकवाद के मुद्दे पर अपना कड़ा रुख दोहराया है. सरकार ने कहा कि भारत में अवैध रूप से रह रहे सभी विदेशी नागरिकों को कानून और द्विपक्षीय समझौतों के तहत वापस भेजा जाएगा.
घुसपैठ पर विदेश मंत्रालय का फूटा गुस्सा
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विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने साप्ताहिक प्रेस वार्ता में घुसपैठ पर भारत के रुख को दोहराया. उन्होंने कहा, अवैध प्रवासियों की वापसी प्रक्रिया में तेजी लाई जाए. भारत से अवैध नागरिकों की वापसी का यह बड़ा मुद्दा है. इसके लिए बांग्लादेश सरकार का सपोर्ट बहुत जरूरी है. उन्होंने बताया, 'नेशनलिटी वेरिफिकेशन से जुड़े 2862 से ज्यादा मामले बांग्लादेश के पास पेंडिंग हैं. इनमें से कई मामले पिछले पांच साल से भी ज्यादा समय से लटके हुए हैं. भारत की पॉलिसी अवैध विदेशियों को वापस भेजने को लेकर एकदम स्पष्ट है.' MEA के इस बयान से दिल्ली से बंगाल तक अवैध घुसपैठियों में खलबली मच गई.
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रणधीर जायसवाल ने भारत की लीगल पॉलिसी को भी साफ किया. उन्होंने कहा, भारत में अवैध रहने वालों पर गाज गिरेगी. सभी अवैध विदेशी नागरिकों को कानून के तहत वापस भेजा जाएगा. इसके लिए निर्धारित लीगल प्रोसेस और बायलेटरल व्यवस्थाओं का पालन होगा. रणधीर जायसवाल ने कहा,
‘हमारी नीति है कि जो भी अवैध तरीके से रह रहे हैं, उन्हें यहां से जाना पड़ेगा. हमें उम्मीद है कि बांग्लादेश राष्ट्रीय सत्यापन करेगा ताकि अवैध रूप से रह रहे लोगों को वापस भेजा जा सके.’
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आतंकवाद और सिंधु जल संधि पर क्या कहा?
वहीं, आईडब्ल्यूटी यानी सिंधु जल संधि को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में रणधीर जायसवाल ने कहा, ‘सिंधु जल संधि पर हमारा रुख हमेशा एक जैसा रहा है. पाकिस्तान द्वारा सीमा पार आतंकवाद को बढ़ावा दिए जाने के जवाब में आईडब्ल्यूटी को फिलहाल रोक दिया गया है. पाकिस्तान को सीमा पार आतंकवाद के समर्थन पूरी तरह और हमेशा के लिए छोड़ देना चाहिए.’
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जायसवाल ने यह भी कहा कि आतंकवाद लंबे समय से पाकिस्तान की राज्य नीति का हिस्सा रहा है और भारत को अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने का पूरा अधिकार है. 7 मई की देर रात भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ ‘ऑपरेशन सिंदूर’ शुरू किया था. उसकी पहली वर्षगांठ पर सरकार ने कहा कि पूरी दुनिया ने पहलगाम आतंकी हमले की गंभीरता को देखा था और भारत ने पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद का करारा जवाब दिया था.