पंजाब में बाढ़ संकट: CM भगवंत मान ने गठित की फ्लड मैनेजमेंट कमेटी, राहत कार्यों में आएगी तेजी

पंजाब में भारी बरसात और बाढ़ के संकट के बीच मान सरकार एक्शन में आ गई है. मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बाढ़ प्रबंधन के लिए फ्लड मैनेजमेंट कमेटी बनाई है. जालंधर में फ्लड कंट्रोल रूम पहले ही बनाया गया है.

Author
27 Aug 2025
( Updated: 11 Dec 2025
02:17 PM )
पंजाब में बाढ़ संकट: CM भगवंत मान ने गठित की फ्लड मैनेजमेंट कमेटी, राहत कार्यों में आएगी तेजी

पंजाब में बाढ़ की स्थिति को नियंत्रित करने के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने एक फ्लड मैनेजमेंट कमेटी गठित की है. जालंधर में पहले से ही एक फ्लड कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जो स्थिति पर नजर रख रहा है. 

बाढ़ की स्थिति पर CM मान ने बनाई कमेटी

कमेटी में शामिल मंत्रियों को विभिन्न जिलों में बाढ़ प्रबंधन की जिम्मेदारी सौंपी गई है. स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह, गुरमीत सिंह खुड़िया और बरिंदर कुमार गोयल पूरे पंजाब में बाढ़ की स्थिति पर निगरानी रखेंगे.

CM मान ने इन लोगों को दी बड़ी जिम्मेदारी

कपूरथला में मोहिंदर भगत और हरदीप सिंह मुंडिया को जिम्मेदारी दी गई है, जबकि तरन तारन में लालजीत सिंह भुल्लर और हरभजन सिंह ईटीओ हालात पर नजर रखेंगे. फाजिल्का में डॉ. बलजीत कौर और तरुणप्रीत सिंह सौंध को प्रभारी नियुक्त किया गया है.

मुख्यमंत्री ने दिए राहत कार्यों में तेज़ी करने के निर्देश

मुख्यमंत्री ने सभी मंत्रियों और अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों को तेज करने के निर्देश दिए हैं. इससे पहले पंजाब सरकार ने मंगलवार को स्थानीय प्रशासन और अधिकारियों को बाढ़ प्रभावित इलाकों में युद्धस्तर पर बचाव और राहत अभियान जारी रखने के लिए जमीनी स्तर पर चौबीसों घंटे मौजूद रहने के निर्देश जारी किए थे. इसके साथ ही, अधिकारियों और कर्मचारियों की सभी छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं.

लगातार बारिश से बढ़ी मुश्किलें 

बता दें कि मौजूदा स्थिति जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में पिछले दो-तीन दिनों से हो रही लगातार बारिश के कारण उत्पन्न हुई है, जिससे रणजीत सागर बांध अपनी अधिकतम क्षमता के करीब पहुंच गया है.

इस उफनते बांध से पानी छोड़े जाने से रावी नदी का जलस्तर काफी बढ़ गया है. इसके अलावा, उझ और अन्य नदियों में भी जलस्तर बहुत तेज हुई है, जिससे नरोट जैमल सिंह और बामियाल ब्लॉक के अधिकांश गांव जलमग्न हो गए हैं.

यह भी पढ़ें

ऊपरी इलाकों में भारी बारिश के कारण, रणजीत सागर बांध से लगभग 1,10,000 क्यूसेक पानी छोड़ा गया, जिससे रावी नदी मक्खनपुर, पोला, तास और बहादुरपुर सहित कई गांवों के तटबंधों के पास खतरनाक स्तर पर बह रही है.

Tags

Advertisement

टिप्पणियाँ 0

LIVE
Advertisement
Podcast video
अरुणाचल पर कब्जे की कोशिश करने वालों को करारा जवाब, घुसपैठियों को खदेड़ने की तारो सोनम ने दी चेतावनी, Podcast
Advertisement
Advertisement
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें