Advertisement
Advertisement
ईरान-इजरायल जंग में हुई तानाशाह किम जोंग उन की एंट्री, कहा- बहुत हो गया अब और चुप नहीं बैठ सकते
ईरान और इजरायल के बीच चल रही जंग के बीच अब उत्तर कोरिया के तानाशाह किम जोंग उन की भी एंट्री हो गई है. उत्तर कोरियाई सरकार ने इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इसे एक अंतरराष्ट्रीय उकसावे की कार्रवाई बताया है.
ईरान और इजरायल के बीच लगातार गहराते सैन्य संघर्ष ने न केवल मिडल ईस्ट, बल्कि पूरे विश्व को एक नई तरह की राजनीतिक अस्थिरता की ओर धकेल दिया है. हालात ऐसे हैं कि दुनिया दो धड़ों में बंटती दिखाई दे रही है. एक ओर अमेरिका खुलकर इजरायल के साथ है, तो दूसरी ओर रूस और चीन जैसे महाशक्ति ईरान के समर्थन में खड़े हैं. इस संघर्ष के बीच अब उत्तर कोरिया के तानाशाह किम जोंग उन की भी एंट्री हो गई है. उत्तर कोरियाई सरकार ने इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों की कड़ी निंदा करते हुए इसे एक अंतरराष्ट्रीय उकसावे की कार्रवाई बताया है.
उत्तर कोरिया के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने इजरायल द्वारा ईरान के नागरिक, परमाणु और ऊर्जा ठिकानों पर किए गए हमलों को मानवता के खिलाफ माफ न करने वाला अपराध करार दिया. प्रवक्ता ने कहा कि यह हमला पूरे क्षेत्र को एक नए और व्यापक युद्ध की ओर धकेल रहा है. उत्तर कोरिया ने इजरायल ही नहीं, अमेरिका और यूरोपीय देशों को भी इस अपराध में भागीदार ठहराया है. प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि पश्चिमी देश स्टेट स्पॉन्सर्ड टेररिस्ट को संरक्षण दे रहे हैं और मिडिल ईस्ट की शांति के लिए एक कैंसर बनते जा रहे हैं. उत्तर कोरिया के विदेश मंत्रालय ने कहा कि, "अंतरराष्ट्रीय समुदाय को अमेरिका और उसके पश्चिमी सहयोगियों की उन नीतियों पर नज़र रखनी चाहिए, जो ईरान जैसे पीड़ित देश की संप्रभुता और आत्मरक्षा के अधिकार को कुचलने की कोशिश कर रही हैं."
ट्रंप की चेतावनी के बाद भड़का उत्तर कोरिया
ईरान के खिलाफ अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की तीखी बयानबाजी और धमकियों पर अब उत्तर कोरिया ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है. ट्रंप ने हाल ही में कहा था कि ईरान के प्रति उनका धैर्य अब समाप्त हो चुका है, जिससे क्षेत्रीय हालात और ज्यादा संवेदनशील हो गए हैं. उन्होंने ईरान को सरेंडर करने के लिए कहा था. ट्रंप के रवैये पर पलटवार करते हुए उत्तर कोरिया ने अमेरिका पर मध्य पूर्व को विनाश की ओर धकेलने का आरोप लगाया है. उत्तर कोरिया के विदेश मंत्रालय ने किम जोंग उन रूख को स्पष्ट शब्दों में कहा कि अमेरिका की आक्रामक नीतियां न केवल ईरान बल्कि पूरी दुनिया को अस्थिर करने का काम कर रही है. जिससे कई देशों भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है. उत्तर कोरिया के अनुसार, "ट्रंप प्रशासन की कार्रवाइयां वैश्विक शांति के लिए सबसे बड़ा खतरा बनती जा रही हैं. ईरान और उत्तर कोरिया जैसे देश अब और चुप नहीं बैठ सकते."
परमाणु तनाव के बीच ट्रंप का बड़ा फैसला टला
इस तनावपूर्ण माहौल के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को लेकर एक बड़ा खुलासा हुआ है. वॉल स्ट्रीट जर्नल की एक रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने अपने करीबी सहयोगियों को बताया है कि उन्होंने ईरान पर सैन्य हमले की योजना को सैद्धांतिक मंजूरी दे दी है, लेकिन ईरान के परमाणु कार्यक्रम से पीछे हटने की शर्त पर अंतिम आदेश को फिलहाल रोक रखा है.
Advertisement
यह भी पढ़ें
Advertisement
Advertisement