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'पीरियड किसे हो रहे हैं…', ठाणे में स्कूल के वॉशरूम में नजर आए खून के धब्बे तो छात्राओं के अंडरगार्मेंट उतरवाकर हुई जांच, दो गिरफ्तार
महाराष्ट्र के ठाणे में एक स्कूल के बाथरूम में खून के धब्बे मिले. इसके बाद स्कूल प्रशासन ने कपड़े उतरवाक बच्चियों की जांच की. इस घटना के बाद अभिभावकों में गुस्सा है. मामले में प्रिंसिपल समेत दो की गिरफ्तारी हो गई है.
मुंबई के ठाणे स्थित एक स्कूल से बेहद शर्मनाक और चिंताजनक मामला सामने आया है. छात्राओं ने आरोप लगाया है कि मासिक धर्म (पीरियड) की जांच के नाम पर स्कूल प्रशासन ने उन्हें कपड़े उतारने के लिए मजबूर किया. इस मामले में कार्रवाई करते हुए ठाणे पुलिस ने स्कूल की प्रिंसिपल और एक अटेंडेंट को बुधवार, 9 जुलाई 2025 को गिरफ्तार कर लिया है.
छात्राओं को अंडरवियर उतारने के लिए किया मजबूर
यह घटना ठाणे के शाहपुर क्षेत्र स्थित आरएस दमानी स्कूल की है. दरअसल, स्कूल के बाथरूम में खून के धब्बे मिले थे. इसके बाद स्कूल प्रशासन ने कपड़े उतरवाक बच्चियों की जांच की. ताकि पता चल सके कि किस-किस लड़की को पीरियड आ रहा है. सूत्रों के अनुसार, छात्राओं से उनके मासिक धर्म के बारे में पूछा गया. स्कूल में इस तरह के बर्ताव से अभिभावकों में रोष फैल गया है. एक रिपोर्ट के मुताबिक, कुछ अभिभावकों का आरोप है कि कुछ छात्राओं को अंडरवियर भी उतारने के लिए मजबूर किया गया.
घटना के बाद अभिभावकों में गुस्सा
छात्राओं ने यह पूरी घटना अपने अभिभावकों को बताई, जिसके बाद आक्रोशित परिजन स्कूल पहुंचकर प्रदर्शन करने लगे और महिला प्रिंसिपल व अटेंडेंट की गिरफ्तारी की मांग की. मामले की गंभीरता को देखते हुए ठाणे पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है. साथ ही, चार शिक्षिकाओं और दो ट्रस्टियों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है.
एक अभिभावक ने बताया, "छात्राओं को मासिक धर्म की प्राकृतिक प्रक्रिया के बारे में उचित शिक्षा देने के बजाय, प्रिंसिपल ने उन पर मानसिक दबाव डाला. यह एक शर्मनाक और घिनौना कृत्य है." अभिभावकों ने मांग की है कि आरएस दमानी स्कूल के प्रिंसिपल के खिलाफ मामला दर्ज किया जाए और उन्हें गिरफ्तार किया जाए. इस घटना के बाद छात्राएँ सदमे में हैं.
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