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बिहार का वो अफसर, जिसने JDU सांसद को भेज दिया 5 करोड़ का नोटिस, जानें, भरत तिवारी एनकाउंटर से जुड़ा ये मामला

IPS अफसर ने सांसद सुधाकर को नोटिस भेजकर 15 दिनों के अंदर बिना शर्त माफी मांगने को कहा है. नोटिस में यह भी कहा गया है कि ऐसा नहीं किया तो 5 करोड़ रुपए हर्जाने के तौर पर देने होंगे.

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15 Oct 2026
( Updated: 15 Oct 2026
06:26 PM )
बिहार का वो अफसर, जिसने JDU सांसद को भेज दिया 5 करोड़ का नोटिस, जानें, भरत तिवारी एनकाउंटर से जुड़ा ये मामला
Image Source- X/Sudhakar Singh
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बिहार में ब्यूरोक्रेसी और RJD के बीच लड़ाई अदालत की चौखट तक आ गई है. ये मामला बिहार के सीनियर IPS ऑफिसर कुंदन कृष्णन और JDU सांसद सुधाकर सिंह के बीच छिड़ी नई जंग का है. जिसमें अफसर कुंदन कृष्णन ने राष्ट्रीय जनता दल के सांसद सुधाकर सिंह को मानहानि का कानूनी नोटिस भेज दिया है. 

कुंदन कृष्णन ने सांसद सुधाकर को नोटिस भेजकर 15 दिनों के अंदर बिना शर्त माफी मांगने को कहा है. नोटिस में यह भी कहा गया है कि ऐसा नहीं किया तो 5 करोड़ रुपए हर्जाने के तौर पर देने होंगे. सीनियर अफसर ने RJD सांसद को चेतावनी देते हुए सांसद पर आपराधिक मानहानि की कार्रवाई करने की बात कही है. 

भरत तिवारी एनकाउंटर से जुड़ा मामला

17 जून 2026 को भोजपुर जिले के बिलौती गांव में पुलिस ने ऑपरेशन के दौरान भरत तिवारी का एनकाउंटर किया था. जिस पर काफी बवाल मचा था. इसको लेकर 24 जून को सुधाकर सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पुलिस अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठाए थे. साथ ही साथ पुलिस की भूमिका पर भी कई सवाल खड़े किए थे. जिसमें IPS अधिकारी कुंदन कृष्णन पर भी कई आरोप लगाए थे. 

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एक अन्य मामले में भी सुधाकर सिंह ने IPS कुंदन कृष्णन की भूमिका पर सवाल खड़े किए थे. ऑफिसर ने नोटिस में सांसद सुधाकर सिंह के एक इंटरव्यू को भी आधार बनाया. जिसमें उन्होंने जमुई छेड़छाड़ मामले में पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए IPS ऑफिसर की भूमिका पर सवाल उठाए थे. कुंदन कृष्णन की ओर से उनके अधिवक्ता अपूर्व हर्ष ने यह नोटिस जारी किया है. पुलिस अधिकारी ने अपने नोटिस में यह भी कहा गया है कि बिहार सरकार ने 20 जून 2026 को मामले की जांच के लिए रिटायर्ड जस्टिस विनोद कुमार सिन्हा की अध्यक्षता में न्यायिक जांच आयोग का गठन किया था. 

नोटिस पर सांसद सुधाकर सिंह ने क्या कहा? 

सुधाकर सिंह बक्सर से RJD के सांसद हैं. उन्होंने खुद इस नोटिस के बारे में बताया और माफी मांगने से साफ इंकार कर दिया. बक्सर से आरजेडी सांसद सुधाकर सिंह ने सोशल मीडिया पर नोटिस मिलने की जानकारी शेयर की. उन्होंने कहा कि वह माफी नहीं मांगेंगे और अपने बयान पर कायम हैं.

उन्होंने कहा, इस नोटिस में सार्वजनिक रूप से माफी मांगने, 5 करोड़ रुपये के मानहानि वाद और आपराधिक कार्रवाई की धमकी दी गई है. ये धमकी इसलिए मिली है कि मैंने भोजपुर जिले के बिलौटी गाँव में भारत भूषण तिवारी की संदिग्ध मृत्यु और जमुई की घटना पर जनहित में सवाल उठाए. सांसद सुधाकर सिंह ने कहा, 

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‘मैं स्पष्ट कर देना चाहता हूँ कि कानूनी नोटिस की धमकी देकर न तो मेरी आवाज़ दबाई जा सकती है और न ही जनता के सवालों से बचा जा सकता है. मैं किसी पद, वर्दी या सत्ता के दबाव में आने वाला नहीं हूं.

सांसद ने यह भी कहा कि वे आज भी अपने उसी बयान और सवालों पर कायम हैं. उन्होंने कहा, इस मामले की जवाबदेही केवल निचले स्तर के पुलिसकर्मियों तक सीमित न रखी जाए.

सुधाकर सिंह ने आरोप लगाए कि भरत तिवारी और जमुई छेड़छाड़ मामले में पुलिस की भूमिका संदिग्ध है. उन्होंने कहा, निचले स्तर के पुलिसकर्मियों को जिम्मेदार ठहराकर असली जवाबदेही से बचने की कोशिश की जा रही है. इस मामले में किसी को भी केवल उसके पद या प्रतिष्ठा के आधार पर जांच से बाहर नहीं रखा जाना चाहिए. 

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उन्होंने कहा कि घटना के समय कुंदन कृष्णन बिहार एसटीएफ के डीजी थे. इसलिए पुलिस कमान, पुलिस मुख्यालय और निर्णय लेने वाले वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिका की भी जांच होनी चाहिए. RJD सांसद ने साफ किया कि वह नोटिस का जवाब कानूनी रूप से ही देंगे. 

यह भी पढ़ें- जमुई छेड़छाड़ मामला: महिला आयोग ने लिया संज्ञान, मांगी रिपोर्ट, शर्मनाक VIdeo वायरल होने के बाद गर्माई सियासत

नोटिस में सुधाकर सिंह के पुलिस पर लगाए गए जमीन माफिया, शराब माफिया और कथित फर्जी एनकाउंटर के मामलों में संरक्षण देने के आरोपों पर भी आपत्ति जताई गई. सुधाकर सिंह ने IPS अधिकारी कुंदन कृष्णन पर पद के दुरुपयोग के आरोप भी लगाए थे. नोटिस में सिविल मुकदमा और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 356 के तहत आपराधिक मानहानि की कार्रवाई शुरू करने की चेतावनी दी गई है. 

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कौन हैं IPS कुंदन कृष्णन? 

कुंदन कृष्णन बिहार कैडर के 1994 बैच के वरिष्ठ IPS अधिकारी हैं, जो कठोर पुलिसिंग, अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और साहसिक कार्यों के लिए जाने जाते हैं. मौजूदा समय में वे DG, HQRS / DG (Operations) STF और अन्य जिम्मेदारियां (जैसे Bihar Bhawan, नई दिल्ली से जुड़ी) संभाल रहे हैं. 

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