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'लोकल वाली दिवाली मनाएं...', धनतेरस पर CM योगी की प्रदेशवासियों से बड़ी अपील, बोले-अपनों को दें ये उपहार
Dhanteras 2026: सीएम योगी आदित्यनाथ ने धनतेरस पर प्रदेशवासियों से ओडीओपी उत्पादों की खरीदारी करने और स्थानीय कारीगरों व शिल्पकारों को प्रोत्साहित करने की अपील की. उन्होंने प्रदेश के पारंपरिक शिल्प और निर्यात में हुई वृद्धि को उत्तर प्रदेश की पहचान बताया.
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Dhanteras 2026: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने धन्वंतरि जयंती और धनतेरस के अवसर पर प्रदेशवासियों से अपील की है कि अपने उत्सव के उल्लास में उन कर्मठ कारीगरों और शिल्पकारों को भी सहभागी बनाएं, जिनकी कला और अनवरत साधना हमारी सांस्कृतिक विरासत को पीढ़ी-दर-पीढ़ी समृद्ध कर रही है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'वोकल फॉर लोकल' के विजन को आत्मसात करते हुए इस धनतेरस ओडीओपी (वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट) उत्पादों को ही उपहार स्वरूप चुनें.
CM योगी की प्रदेश्वासियों से अपील
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार सुबह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट किया, 'धनतेरस का पावन पर्व समृद्धि, शुभता और मंगल का प्रतीक है' इस पावन अवसर पर अपने उत्सव के उल्लास में प्रदेश के उन कर्मठ कारीगरों और शिल्पकारों को भी सहभागी बनाएं, जिनकी कला और अनवरत साधना हमारी सांस्कृतिक विरासत को पीढ़ी-दर-पीढ़ी समृद्ध कर रही है.' उन्होंने कहा कि भदोही के विश्वप्रसिद्ध कालीन, प्रयागराज का मूंज शिल्प, मैनपुरी की तारकशी और चित्रकूट के काष्ठ खिलौने उत्तर प्रदेश की विशिष्ट पहचान हैं. प्रदेश का निर्यात वर्ष 2016-17 के 84 हजार करोड़ रुपए से बढ़कर वर्ष 2025-26 में 2 लाख करोड़ रुपए के पार पहुंचना हमारे शिल्पकारों-दस्तकारों की उद्यमशीलता और सामर्थ्य का प्रमाण है.
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धनतेरस का पावन पर्व समृद्धि, शुभता और मंगल का प्रतीक है। इस पावन अवसर पर अपने उत्सव के उल्लास में प्रदेश के उन कर्मठ कारीगरों और शिल्पकारों को भी सहभागी बनाएं, जिनकी कला और अनवरत साधना हमारी सांस्कृतिक विरासत को पीढ़ी-दर-पीढ़ी समृद्ध कर रही है। भदोही के विश्वप्रसिद्ध कालीन, प्रयागराज का मूंज शिल्प, मैनपुरी की तारकशी और चित्रकूट के काष्ठ खिलौने उत्तर प्रदेश की विशिष्ट पहचान हैं। प्रदेश का निर्यात वर्ष 2016-17 के ₹84 हजार करोड़ से बढ़कर वर्ष 2025-26 में ₹2 लाख करोड़ के पार पहुंचना हमारे शिल्पकारों-दस्तकारों की उद्यमशीलता और सामर्थ्य का प्रमाण है। लखनऊ और ग्रेटर नोएडा के आधुनिक एक्सपो मार्ट तथा भदोही का ‘कार्पेट बाजार’ प्रदेश के पारम्परिक शिल्पों को आज वैश्विक मंचों पर नई पहचान दिला रहे हैं। आदरणीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी के ‘वोकल फॉर लोकल’ के विजन को आत्मसात करते हुए, इस धनतेरस ओडीओपी (ODOP) उत्पादों को ही उपहार स्वरूप चुनें। आपकी एक खरीदारी किसी हुनरमंद परिवार के आंगन में स्वावलंबन और सम्मान का दीप प्रज्वलित कर सकती है। आइए, ‘लोकल वाली दिवाली’ मनाएं और ‘आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश’ के निर्माण में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें। धन्वंतरि जयंती एवं धनतेरस की आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं।
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) ?ref_src=twsrc%5Etfw">November 6, 2026Advertisement
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आधुनिक सुविधाओं से पारंपरिक शिल्प को मिल रही वैश्विक पहचान
सीएम ने कहा कि लखनऊ और ग्रेटर नोएडा के आधुनिक एक्सपो मार्ट तथा भदोही का ‘कार्पेट बाजार’ प्रदेश के पारम्परिक शिल्पों को आज वैश्विक मंचों पर नई पहचान दिला रहे हैं. उन्होंने एक्स कहा, 'प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'वोकल फॉर लोकल' के विजन को आत्मसात करते हुए इस धनतेरस ओडीओपी उत्पादों को ही उपहार स्वरूप चुनें. आपकी एक खरीदारी किसी हुनरमंद परिवार के आंगन में स्वावलंबन और सम्मान का दीप प्रज्वलित कर सकती है.' उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील करते हुए कहा, 'आइए, 'लोकल वाली दिवाली' मनाएं और 'आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश' के निर्माण में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें। धन्वंतरि जयंती और धनतेरस की आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं.'
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बताते चलें कि धनतेरस और दीपावली जैसे त्योहारों पर स्थानीय उत्पादों को प्राथमिकता देना प्रदेश के पारंपरिक हुनर, हस्तशिल्प और कारीगरों की आजीविका को प्रोत्साहन देने का एक महत्वपूर्ण माध्यम बन सकता है. ओडीओपी उत्पादों की खरीदारी के जरिए प्रदेशवासी स्थानीय कला और शिल्प को बढ़ावा देने के साथ आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश के संकल्प में भी अपनी भागीदारी निभा सकते हैं.