Advertisement

Advertisement

संभल- 1978: ना किसी की लाश मिली, ना किसी की राख मिली थी, लेकिन आज भी चीख सुनाई देतीं है!

हिंदुओं का आरोप है कि 1978 में संभल में दंगा हुआ, दंगे में 184 हिंदुओं की हत्या की गई. यही वजह है कि दंगों के बाद हिं दुओं को पलायन करना पड़ा और मंदिरों को बंद कर दिया गया।अब 46 साल बाद संभल के बंद मंदिर खोले जा रहे हैं, लेकिन मंदिरों के खुलने के साथ 1978 के दंगों की फाइल भी खुल गई है, दंगों की ऐसी ही एक फाइल है बनवाली लाल गोयल की,वही बनवारी लाल गोयल,जो साहूकार थे,जिन्हें दंगाईयों ने साल 1978 दंगे में बड़ी बेरहमी से मार दिया गया था, बनवारी लाल के साथ करीब 25 हिंदुओं की जिंदा जलाकर हत्या कर दी गई थी।बन वाली लाल के बेटे बीते 46 साल से इंसाफ के लिए भटक रहे हैं,आजतक संवाददादा स्वेता सिंह ने बनवारी लाल के बेटे से एक्सक्लूसिव बातचीत की है

यह भी पढ़ें

Advertisement

Advertisement

LIVE

Advertisement

अधिक →