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’राजा का धर्म है कि वो अपनी प्रजा की रक्षा करे’ भागवत के आदेश के बाद बिलबिलाए असीम मुनीर!

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत ने शनिवार को कहा कि अहिंसा हमारा धर्म है, लेकिन अत्याचारियों को दंडित करना भी उसी अहिंसा का एक रूप है. दिल्ली में 'द हिंदू मेनिफेस्टो' नामक पुस्तक के विमोचन कार्यक्रम में संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भारत अपनी परंपरा के अनुसार कभी भी किसी पड़ोसी देश को हानि नहीं पहुंचाता, लेकिन यदि कोई देश या समूह गलत रास्ता अपनाता है और अत्याचार करता है, तो राजा (सरकार) का कर्तव्य है कि वह अपनी प्रजा की रक्षा करे.

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