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‘2-3 दिन में होगा बड़ा एक्शन...’, ट्रंप ने ईरान पर हमले की बता दी तारीख, दुनिया में बढ़ी टेंशन
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर फिर सख्त चेतावनी दी है. ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान नहीं मानता, तो अगले कुछ दिनों में अमेरिका सीमित सैन्य कार्रवाई कर सकता है.
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अमेरिका और ईरान के बीच एक बार फिर तनाव बढ़ने की आशंका जताई जा रही है. दरअसल, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई को फिलहाल रोकने के एक दिन बाद ही संभावित हमले को लेकर नया संकेत दिया है. मीडिया से बातचीत में ट्रंप ने मंगलवार को कहा कि यदि ईरान नहीं मानता है, तो अमेरिका दोबारा सैन्य कार्रवाई शुरू कर सकता है.
क्या बोले अमेरिकी राष्ट्रपति?
‘ब्लूमबर्ग’ की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि वह युद्ध से बचना चाहते हैं, लेकिन जरूरत पड़ने पर ईरान को फिर से कड़ा जवाब देना पड़ सकता है. जब ट्रंप से संभावित कार्रवाई के समय को लेकर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने संकेत दिया कि अगले दो से तीन दिनों में स्थिति स्पष्ट हो सकती है. उन्होंने कहा कि शुक्रवार, शनिवार, रविवार या फिर अगले सप्ताह की शुरुआत में सीमित अवधि के लिए कोई कदम उठाया जा सकता है.
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फिर तेज होगी जंग
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डोनाल्ड ट्रंप के ताजा बयान के बाद अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर गहराता नजर आ रहा है. फरवरी के अंत में अमेरिकी हमलों के बावजूद ईरान अपने रुख पर कायम है. ट्रंप लगातार ईरान से उसके परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह बंद करने की मांग कर रहे हैं, जबकि तेहरान का दावा है कि उसका परमाणु कार्यक्रम केवल बिजली उत्पादन के लिए है, न कि परमाणु हथियार बनाने के लिए. इस बीच राष्ट्रपति ट्रंप ने सोमवार (18 मई) को यह भी कहा था कि अमेरिका मंगलवार को ईरान पर बड़ा हमला करने की तैयारी में था, लेकिन सऊदी अरब, कतर और संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के अनुरोध पर इसे फिलहाल टाल दिया गया. इससे पहले भी वह कई बार मध्यस्थ देशों की सलाह के बाद अपने फैसलों में बदलाव कर चुके हैं. वहीं, ट्रंप की चेतावनियों पर ईरान ने भी सख्त प्रतिक्रिया दी है. तेहरान ने साफ कहा है कि अगर उस पर हमला किया गया, तो उसका करारा जवाब दिया जाएगा.
यूरोपीय देशों से समर्थन जुटाने में लगा अमेरिका
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अमेरिका ने ईरान को लेकर अंतरराष्ट्रीय समर्थन जुटाने की कोशिशें तेज कर दी हैं. अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने यूरोपीय देशों से अपील की है कि वे ईरान के खिलाफ अमेरिका के रुख का समर्थन करें. वहीं दूसरी ओर, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन दो दिवसीय चीन दौरे पर हैं. माना जा रहा है कि इस दौरान उनकी चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ ईरान को लेकर बढ़ते तनाव और संभावित युद्ध की स्थिति पर अहम बातचीत हो सकती है.
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बहरहाल, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ता तनाव दुनिया की चिंता बढ़ा रहा है. क्योंकि दोनों देशों के टकराव के चलते कई देश गंभीर ऊर्जा संकट के दौर से गुजर रहे हैं. आने वाले कुछ दिन यह तय करेंगे कि हालात बातचीत की ओर बढ़ेंगे या फिर एक नए टकराव की तरफ.