‘Rising से Reliable' इकोनॉमी की ओर राजस्थान...BJP सरकार ने बदली प्रदेश की तस्वीर, बजट के आंकड़े बयां कर रहे विकास की कहानी
राजस्थान की भजनलाल सरकार ने करीब 6 लाख 10 हजार 956 करोड़ रुपये का बजट पेशकर रिकॉर्ड बना दिया है, जो कि 2023-24 की तुलना में 41% अधिक है. इसमें हेल्थ, एग्रीकल्चर, कनेक्टिविटी, वॉटर से लेकर महिला सशक्तिकरण और युवाओं को लेकर कई ऐलान किए गए.
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राजस्थान विधानसभा में राज्य की उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री दिया कुमारी ने वर्ष 2026-27 का बजट प्रस्तुत किया. भजनलाल सरकार के आने के बाद से ये रिकॉर्डतोड़ बजट है. यह बजट 6 लाख 10 हजार 956 करोड़ रुपये का है. सरकार के अनुसार यह 2023-24 की तुलना में 41% अधिक है. भाषण के दौरान किसान, महिला, युवा, कर्मचारी और विद्यार्थियों के लिए कई बड़ी घोषणाएं की गईं. आंकड़ों और घोषणाओं के लिहाज से देखें तो इसे एक तरह से ‘फ्यूचरिस्टिक’ बजट करार दिया जा रहा है. इसमें वर्तमान की आवश्यकताओं के साथ-साथ भविष्य की चुनौतियों और विकास की मजबूत नींव पर भी जोर दिया गया है.
राजस्थान के GSDP में भी रिकॉर्ड बढ़ोतरी
मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के नेतृत्व में सरकार ने इस बजट के जरिए रिकॉर्ड कायम कर दिया है. आपको बताएं कि राजस्थान की GSDP पिछली सरकार के अंतिम वर्ष की तुलना में 41.39 प्रतिशत बढ़कर 21 लाख 52 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच गई है.
प्रति व्यक्ति आय भी बढ़ाने में कामयाब रही भजनलाल सरकार
वहीं राजस्थान में प्रति व्यक्ति आय भी बढ़कर 2 लाख 2 हजार 349 रुपये हो गई है. वर्ष 2024-25 में 30,427 करोड़ रुपये का पूंजीगत व्यय किया गया, जो राज्य के इतिहास में किसी एक वर्ष का सर्वाधिक था. चालू वर्ष में इसे बढ़ाकर 53,978 करोड़ रुपये किया गया है. PSU निवेश को मिलाकर प्रभावी पूंजीगत व्यय 1 लाख करोड़ रुपये पार कर गया है. सरकार का दावा है कि इससे राजस्थान की अर्थव्यवस्था ‘Rising’ से ‘Reliable’ की ओर बढ़ी है.
सड़क, बिजली और कनेक्टिविटी के विस्तार पर जोर
भजनलाल सरकार के कार्यकाल में 27,860 करोड़ रुपये खर्च कर 42,000 किलोमीटर सड़कों का विकास किया गया, जिनमें 16,430 किलोमीटर नई सड़कें शामिल हैं. जयपुर में 560 करोड़ रुपये की एलीवेटेड रोड, जोधपुर में 50 करोड़ रुपये के अंडरपास, राज्यभर में 250 अटल प्रगति पथ और AI-आधारित ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम लागू किए जा रहे हैं. बिजली ढांचे को मजबूत करने के लिए 220 KV के 6, 132 KV के 13 और 33 KV के 110 नए सबस्टेशन बनाए जा रहे हैं. इसके साथ ही 1 लाख करोड़ रुपये के प्रभावी पूंजीगत खर्च के माध्यम से बुनियादी ढांचे को व्यापक गति देने का संकल्प दोहराया गया है.
जल प्रबंधन और पेयजल के लिए मिशन मोड पर काम
वहीं पानी की चुनौती को देखते हुए 24,000 करोड़ रुपये के कार्यादेश जारी किए गए हैं. 14 लाख से अधिक ग्रामीण घरों तक नल का पानी पहुंचाया जा चुका है. अमृत 2.0 के तहत अगले वर्ष 3 लाख नए कनेक्शन देने की योजना है. बीसलपुर परियोजना के तहत 750 करोड़ रुपये की लागत से 1,000 गांवों को जोड़ने का लक्ष्य है. 600 ट्यूबवेल, 1,200 हैंडपंप और जल विभाग में 3,000 नए पद सृजित किए गए हैं.
किसान और ग्रामीण अर्थव्यवस्था
इसके अलावा किसान सम्मान निधि के तहत 76.18 लाख किसानों को 10,900 करोड़ रुपये वितरित किए जा चुके हैं. गेहूं की MSP पर 150 रुपये प्रति क्विंटल अतिरिक्त बोनस की घोषणा की गई है. किसानों को 25,000 करोड़ रुपये तक के ब्याज मुक्त कर्ज की व्यवस्था की गई है. 2 लाख 5 हजार से अधिक कृषि बिजली कनेक्शन दिए गए हैं. यमुना जल को शेखावाटी तक लाने की 32,000 करोड़ रुपये की परियोजना, झालावाड़ में 1,622 करोड़ रुपये की छोटी कालीसिंध सिंचाई परियोजना और बीकानेर में 108 करोड़ रुपये से IGNP नहर पुनर्वास कार्य प्रगति पर हैं. सहकारी ऋणों पर 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान के लिए 590 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है.
लाखों नौकरियों की बहार!
भजनलाल सरकार ने 4 लाख नौकरियों का खाका प्रस्तुत किया है. 30,000 युवाओं को 10 लाख रुपये तक का ब्याजमुक्त ऋण दिया जाएगा. NTA की तर्ज पर राजस्थान राज्य परीक्षण एजेंसी (RSTA) की स्थापना की जाएगी. 50,000 कॉलेज विद्यार्थियों को DREAM कार्यक्रम के तहत डिजिटल मेंटोरिंग मिलेगी. अजमेर, भरतपुर और कोटा में 300 करोड़ रुपये की लागत से टेक्नो हब स्थापित किए जाएंगे. 1,000 स्कूलों में IIT दिल्ली के सहयोग से AI लैब स्थापित होंगी और 400 विद्यालयों को CM-RISE मॉडल के रूप में विकसित किया जाएगा. 10वीं और 12वीं के मेधावी विद्यार्थियों को टैबलेट या लैपटॉप के लिए 20,000 रुपये का ई-वाउचर दिया जाएगा.
महिला, श्रमिक और सामाजिक सुरक्षा
वित्त मंत्री दीया कुमारी के बजट भाषण में नारी शक्ति उद्यम योजना में ऋण सीमा 50 लाख रुपये से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपये की गई है. 91 लाख से अधिक लाभार्थियों को 28,400 करोड़ रुपये की पेंशन दी जा रही है. असंगठित क्षेत्र के 20,000 श्रमिकों का कौशल प्रमाणीकरण किया जाएगा और प्रत्येक जिले में उद्योगों के साथ मिलकर आत्मनिर्भरता केंद्र स्थापित किए जाएंगे. ‘राज सुरक्षा’ योजना के तहत बिना दस्तावेज के दुर्घटना मामलों में मुफ्त इलाज की सुविधा दी जाएगी. सरकारी अस्पताल में मृत्यु होने पर शव को घर तक मुफ्त पहुंचाने की व्यवस्था भी की गई है.
ग्रीन बजट पर राजस्थान सरकार का विशेष जोर
सरकार प्रदेश में हरित उर्जा को बढ़ावा देने के लिए विशेष जोर देने जा रही है. इस लिहाज से 33,475 करोड़ रुपये का ग्रीन बजट रखा गया है, जो पिछले वर्ष से 20 प्रतिशत अधिक है. वन्यजीव वैलोराइजेशन पर 1,500 करोड़ रुपये और अरावली संरक्षण पर 130 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. अगले वर्ष 10 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है. प्रदेश में 60 नए CNG स्टेशन और 250 EV चार्जिंग प्वाइंट खोले जाएंगे.
निवेश और उद्योग
सरकार जोधपुर-पाली-मारवाड़ क्षेत्र में 3,600 हेक्टेयर का औद्योगिक क्षेत्र के तौर पर विकसित करने जा रही है. विभिन्न शहरों में नए औद्योगिक पार्क स्थापित होंगे. RIPS-2024 में सेवा क्षेत्र को शामिल कर निवेश को प्रोत्साहन दिया गया है. अन्य राज्यों से आने वाली गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन टैक्स में 50 प्रतिशत की छूट और लोन रजिस्ट्री व स्टांप ड्यूटी में कटौती कर निवेशकों को राहत दी गई है. दूध पर बोनस के लिए 700 करोड़ रुपये का अनुदान भी घोषित किया गया है.
भजनलाल सरकार ने इस बजट को ‘सर्व सुखाय-सर्व हिताय’ की दिशा में कदम करार दिया है. भाजपा और उसके नेताओं का कहना है कि यह बजट ठहराव से गति की ओर बढ़ते राजस्थान का दस्तावेज है.
बजट भाषण में अंग्रेजी के एक फ्रेज “Without Continual Growth And Progress, Such Words As Improvement, Achievement, And Success have No Meaning” के साथ सरकार ने संकेत दिया कि विकास की निरंतरता यानी कि विकास की गति बरकरार रखना ही उसकी प्राथमिकता है. सड़कों से लेकर डिजिटल लैब तक, नहरों से टेक्नो हब तक, किसान से स्टार्टअप तक-राजस्थान में व्यापक बदलाव का दावा किया गया है. आंकड़े अपनी कहानी कह रहे हैं, और सरकार का कहना है कि राजस्थान नई दिशा में आगे बढ़ रहा है.
कुल मिलाकर लंबे चौड़े, लेकिन सटीक, दूरदर्शी और सरोकारी बजट के जरिए सरकार ने साफ कर दिया है कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में बीजेपी सरकार राज्य को तेज़ गति से परिवर्तन की दिशा में आगे बढ़ाने जा रही है. इस बजट राजस्थान को पीएम मोदी की रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म की सोच पर आगे बढ़ाने का रोडमैप बताया जा रहा है. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इसे ‘ऐतिहासिक’ करार दिया है.
बजट समृद्ध राजस्थान का 2026-27 के कुछ अहम ऐलान!
यह बजट 'विकसित राजस्थान 2047' की आधारशिला रखते हुए उसे मूर्तरूप प्रदान करने वाली एक व्यापक कार्ययोजना है।#बजट_समृद्ध_राजस्थान_का pic.twitter.com/mYCKPbpQlX
— Bhajanlal Sharma (@BhajanlalBjp) February 11, 2026
किसानों को कई सौगात
- कृषि बजट में पिछले बजट के मुकाबले 7.59 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की गई
- 2.5 लाख किसानों को निःशुल्क बीज मिलेंगे
- 50 हजार किसानों को तारबंदी पर मिलेगा अनुदान
- हरित बजट के लिए ₹33,476 करोड का प्रावधान
- कृषि विश्वविद्यालयों में 443 रिक्त पदों पर भर्ती होगी
- कृषि यंत्रों पर ₹160 करोड का अनुदान मिलेगा
- 3 लाख किसानों को ड्रिप स्प्रिंकलर
- बेहतर काम करने वाली पंचायतों को स्टेट अवार्ड मिलेगा
- शेखावाटी को मिलेगा जल्द ही यमुना का पानी
हेल्थ सेक्टर को भी सौगात
- मरीजों की सुविधा का रखा है बेहतर ध्यान चिकित्सा सुविधा विकास में अग्रणी राजस्थान
- गंभीर मरीजों की सेवा के लिए क्रिटिकल केयर कमांड सेंटर की स्थापना होगी.
- मुख्य चिकित्सालयों में मरीजो के अटेंडेंट हेतु ₹ 500 करोड़ के विश्राम गृह.
- ₹ 100 करोड़ की लागत से अटल आरोग्य फूड कोर्ट की स्थपाना
मोक्षवाहिनी योजना
मोर्चरी से सम्मान पूर्वक पार्थिव देह को निःशुल्क घर तक पहुंचाने के लिए मोक्षवाहिनी योजना की घोषणा.
महिला सशक्तिकरण
मुख्यमंत्री नारी शक्ति उद्यम प्रोत्साहन योजना में मिलने वाले ऋण की सीमा 50 लाख से बढ़कर एक करोड़ रुपये की जाएगी
साइबर अपराध रोकथाम
युवाओं के उज्ज्वल भविष्य और प्रतियोगी परीक्षाओं में पूर्ण शुचिता सुनिश्चित करने हेतु 'राजस्थान स्टेट टेस्टिंग एजेंसी' (RSTA) का गठन किया जाएगा। #बजट_समृद्ध_राजस्थान_का pic.twitter.com/N2GqLYoKLp
— Bhajanlal Sharma (@BhajanlalBjp) February 11, 2026यह भी पढ़ें
- साइबर अपराधों पर लगाम लगाने के लिए राजस्थान साइबर क्राइम कंट्रोल सेंटर की स्थापना होगी
अंत्योदय के संकल्प के साथ यह बजट समाज के हर स्तंभ युवाओं के सपने, किसानों की खुशहाली, महिलाओं के सम्मान और गरीबों के कल्याण को नई ऊंचाइयां देने के लिए समर्पित है।#बजट_समृद्ध_राजस्थान_का pic.twitter.com/EbkH3ghVqF
— Bhajanlal Sharma (@BhajanlalBjp) February 11, 2026
- घर-घर, शहर-शहर उपलब्ध हो रहा पेय जल
- 83 शहरों में ₹2530 करोड़ रुपये की लागत से पेयजल संबंधी कार्य करवाए जाएंगे
- अमृत 2.0 के तहत 3 लाख पेयजल कनेक्शन जारी किए जाएंगे
- आरओबी, आरयूबी के होंगे निर्माण रेलवे क्रॉसिंग मुक्त होगा राजस्थान
- 15 रेलवे क्रॉसिंग पर ₹ 920 करोड़ रुपये की लागत से आरओबी, आरयूबी का निर्माण होगा
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