Advertisement
खाकी के सम्मान में बड़ा फैसला, फडणवीस सरकार ने दिया ₹1768 करोड़ का तोहफा, पुलिसकर्मियों के घर का सपना अब होगा पूरा
महाराष्ट्र की फडणवीस सरकार ने पुलिसकर्मियों के आवास निर्माण के लिए ₹1768 करोड़ की भारी-भरकम राशि आवंटित की है, जिससे अब वर्दीधारियों के अपने घर का सपना सच हो सकेगा.
Advertisement
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य के पुलिसकर्मियों के लिए बड़ी सौगात दी है. उन्होंने बताया कि महाराष्ट्र सरकार ने 5,459 पुलिसकर्मियों के लिए घर निर्माण के लिए 1768.08 करोड़ रुपए की अग्रिम राशि को मंजूरी दे दी है. यह राशि महाराष्ट्र राज्य पुलिस हाउसिंग एंड वेलफेयर कॉर्पोरेशन को प्राप्त प्रस्तावों के आधार पर स्वीकृत की गई है.
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने क्या कहा?
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट करते हुए कहा कि राज्य की जनता की सुरक्षा में दिन-रात लगे रहने वाले पुलिसकर्मियों को बेहतर आवास मिलना चाहिए, इसे लेकर वह शुरू से ही गंभीर रहे हैं. उन्होंने बताया कि 2014 से 2019 के बीच उनकी सरकार ने बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों के लिए ब्याज सब्सिडी-आधारित आवास योजना शुरू की थी. हालांकि, महा विकास अघाड़ी सरकार के दौरान इस योजना को बंद कर दिया गया था, लेकिन बाद में उनकी सरकार ने इसे फिर से शुरू किया.
Advertisement
पुलिस कल्याण सरकार की प्राथमिकता- मुख्यमंत्री
Advertisement
मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस बल के कल्याण और उनके परिवारों को बेहतर जीवन सुविधा देना सरकार की प्राथमिकता है. इसी दिशा में यह बड़ा फैसला किया गया है.
पुलिस के लिए 45 हजार नए घर
Advertisement
महाराष्ट्र कैबिनेट ने जनवरी 2026 में मुंबई पुलिस हाउसिंग टाउनशिप प्रोजेक्ट को भी मंजूरी दी थी. करीब 20 हजार करोड़ रुपए की इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत मुंबई और उसके उपनगरों में पुलिसकर्मियों के लिए 40 से 45 हजार आधुनिक आवासीय इकाइयां बनाई जाएंगी.
पुलिस परिवारों को मिलेगी आधुनिक आवासीय सुविधाएं
यह भी पढ़ें
इस परियोजना के तहत लगभग 50 मिलियन वर्ग फुट क्षेत्र में 75 अलग-अलग भूखंडों पर आवास विकसित किए जाएंगे. योजना के वित्तीय ढांचे के अनुसार कुल लागत का 30 प्रतिशत हिस्सा राज्य सरकार वहन करेगी, जबकि बाकी 70 प्रतिशत राशि महाराष्ट्र स्टेट इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (MSIDC) द्वारा ऋण के माध्यम से जुटाई जाएगी. सरकार का मानना है कि इन योजनाओं से पुलिसकर्मियों और उनके परिवारों को सुरक्षित, आधुनिक और बेहतर जीवन सुविधाएं मिल सकेंगी.