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'अपने भाई को लेने आया हूं', भारत दौरे पर आए UAE के राष्ट्रपति, पीएम मोदी ने खुद किया एयरपोर्ट पर स्वागत

PM मोदी ने अपने दोस्त यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान का एयरपोर्ट पर स्वागत कर बड़ा मैसेज दिया. उन्होंने लिखा कि अपने भाई को लेने आया हूं. राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के इस संक्षिप्त दौरे को दूरगामी कूटनीतिक संदेश के तौर पर देखा जा रहा है.

PM Modi Welcomes UAE President/ X

संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान भारत पहुंच गए हैं. हवाई अड्डे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं उनका स्वागत करने पहुंचे. पीएम मोदी ने इस मौके पर कहा कि वह अपने भाई को लेने आए हैं. बतौर राष्ट्रपति यह शेख मोहम्मद की तीसरी भारत यात्रा है, जबकि पिछले दस वर्षों में यह उनकी पांचवीं भारत यात्रा है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए कहा, “मैं अपने भाई, संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति, महामहिम शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान का स्वागत करने के लिए एयरपोर्ट गया. उनकी यह यात्रा भारत और यूएई के बीच मजबूत मित्रता को दर्शाती है. मैं हम दोनों के बीच होने वाली बातचीत को लेकर उत्सुक हूं.”

महज दो घंटे के दौरे पर दिल्ली पहुंचे यूएई के राष्ट्रपति

विदेश मंत्रालय (एमईए) की ओर से साझा जानकारी के अनुसार, शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान मात्र डेढ़ घंटे के संक्षिप्त दौरे पर भारत पहुंचे हैं. वह प्रधानमंत्री मोदी के निमंत्रण पर दिल्ली आए हैं. मंत्रालय ने बताया कि यूएई के राष्ट्रपति शाम चार बजकर 20 मिनट पर दिल्ली पहुंचे, जिसके बाद चार बजकर 45 मिनट पर उनकी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ बैठक हुई. पीएम मोदी से बातचीत के बाद वह छह बजकर पांच मिनट पर भारत से रवाना हो जाएंगे.

यूएई के राष्ट्रपति का यह अल्पकालिक दौरा दोनों देशों के व्यापारिक और कूटनीतिक संबंधों के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है. विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस दौरान व्यापार, निवेश, रक्षा सहयोग, ऊर्जा और वैश्विक मुद्दों से जुड़े कई अहम विषयों पर चर्चा हो सकती है.

शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान का यह भारत दौरा ऐसे समय में हो रहा है, जब वैश्विक राजनीति में उथल-पुथल मची हुई है. एक ओर वेनेजुएला और ग्रीनलैंड को लेकर अमेरिका की चीन और रूस के साथ तनातनी चल रही है, वहीं ईरान में हालात बेहद खराब बने हुए हैं. इसके अलावा यूएई और सऊदी अरब के बीच भी तनाव की खबरें हैं. ऐसे माहौल में भारत और यूएई के शीर्ष नेतृत्व की मुलाकात पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी नजरें टिकी हुई हैं.

100.06 अरब डॉलर के आंकड़े के पार भारत और यूएई के बीच द्विपक्षीय व्यापार

मंत्रालय के मुताबिक, भारत और यूएई के बीच द्विपक्षीय व्यापार वित्त वर्ष 2024–25 में 100.06 अरब डॉलर के आंकड़े को पार कर गया है, जो कि 19.6 प्रतिशत की मजबूत वृद्धि को दर्शाता है. यह उपलब्धि यूएई को भारत के सबसे महत्वपूर्ण व्यापारिक साझेदारों में शामिल करती है.

PM मोदी को मिल चुका है यूएई का सर्वोच्च नागरिक सम्मान

बीते कुछ वर्षों में भारत और यूएई के रिश्ते लगातार और प्रगाढ़ हुए हैं. दोनों देशों ने व्यापार, निवेश, ऊर्जा, रक्षा और रणनीतिक सहयोग सहित कई क्षेत्रों में साझेदारी को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है. इसी मजबूत रिश्ते की मिसाल के तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को वर्ष 2019 में यूएई के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ जायद’ से सम्मानित किया जा चुका है.यूएई के राष्ट्रपति का यह डेढ़ घंटे का दौरा भले ही समय के लिहाज से छोटा हो, लेकिन इसके राजनीतिक, कूटनीतिक और आर्थिक मायने दोनों देशों के लिए काफी बड़े माने जा रहे हैं.

कई क्षेत्रों में बढ़े भारत और यूएई के बीच संबंध

आर्थिक साझेदारी और ऊर्जा सुरक्षा को लेकर भारत और यूएई के रिश्ते लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं. दोनों देश आज एक-दूसरे के शीर्ष व्यापारिक और निवेश साझेदार बन चुके हैं. व्यापक आर्थिक भागीदारी समझौता (CEPA), स्थानीय मुद्रा निपटान (LCS) प्रणाली और द्विपक्षीय निवेश संधि जैसे ठोस कदमों ने आपसी व्यापार को रिकॉर्ड स्तर तक पहुंचा दिया है.

यूएई के राष्ट्रपति की इस यात्रा के दौरान ऊर्जा सुरक्षा पर खास जोर रहने वाला है. इसमें भारत के लिए दीर्घकालिक तेल आपूर्ति सुनिश्चित करने के साथ-साथ अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में नए अवसर और साझेदारी के रास्ते तलाशे जाएंगे. भारत के लिए यूएई सिर्फ ऊर्जा का भरोसेमंद स्रोत ही नहीं है, बल्कि इंफ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टेट जैसे क्षेत्रों में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) का एक बड़ा और अहम माध्यम भी बन चुका है.

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